फूड अधिकारी की और से नोटिस मिलते ही शाहरुख का बयान हुआ वायरल, जी हा इस वक्त जिस जुबा केसरी को लेकर इतना हंगामा चल रहा है उसे लेकर पहले ही शाहरुख ने एक बयान दिया था जो इस वक्त वायरल हो रहा है।
शाहरुख पहले भी कह चुके हैं कि अगर किसी तरह का कोई प्रोडक्ट लोगों के लिए स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह है तो सरकार को वह तुरंत कर देना चाहिए. कुछ साल पहले एक इंटरव्यू के दौरान जब शाहरुख से यह पूछा गया था कि सरकार ने सेलिब्रिटीज को ऐसे किसी प्रोडक्ट का विज्ञापन नहीं करने की सलाह दी है जो स्वास्थ्य के लिए सही नहीं है और बच्चों को प्रभावित करता है. ऐसे में इसके जवाब में शाहरुख ने कहा था कि अगर सरकार किसी उत्पाद को नुकसानदेह मानती है तो उसे बाजार में बेचने की अनुमति ही नहीं देनी चाहिए.
उन्होंने कहा था कि अगर खराब है तो उसका उत्पादन बंद करो, अगर सॉफ्ट खराब है तो उसे बनने मत दो. सरकार ऐसे उत्पादों को इसलिए नहीं रोकती क्योंकि उनसे उसे रेवेन्यू मिलता है. ऐसे में एक्टर की कमाई रोकने की बात क्यों होती है? शाहरुख ने साफतौर पर कहा था कि वह एक्टर हैं और उनका मकसद काम कर उससे कमाई करना है. चीज को गलत माना जाता है तो उसे बनाने और बेचने पर ही रोक लगनी चाहिए. लेकिन बता दें कि यह बयान शाहरुख ने सॉफ्ट के विज्ञापन पर मचे विवाद के बाद दि
बता दे की नोटिस में अधिकारी ने उन सभी टीवी चैनलों, डिजिटल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की जानकारी मांगी है, जहां यह एड टेलीकास्ट या पब्लिश हुआ. साथ ही इसके एयरटाइम की समयावधि भी बताने को कहा गया है. इसके अलावा, नोटिस में एक्टर्स से यह साफ करने को कहा गया है कि उनके और ब्रांड ऑनर के बीच किस तरह का कमर्शियल या लीगल एग्रीमेंट हुआ है. तीनों एक्टर्स को नोटिस मिलने की तारीख से 15 दिनों के अंदर अपना लिखित जवाब और जरूरी दस्तावेज जमा करने का निर्देश दिया गया है.