और जो वो घुसा हुआ है मेडी निकल जा उसके बाद कुछ शरारती बच्चों ने भद्दी भद्दी गालियां बोली किसी भी सभ्य समाज को शोभा ना दे ऐसे शब्दों का प्रयोग किया गया मुझे तो गालियां दी गई मेरी स्वर्गीय माता को भी गालियां दी गई ना जाने कितना भद्दा स्वरूप था कि हमारी बेटियां इस प्रकार की भाषा कैसे बोल सकती है। दिल्ली के जंतरमंतर पर छात्रों के प्रोटेस्ट के दौरान नोएडा की लड़की रुचिका सिंह ने पीएम नरेंद्र मोदी को भद्दी गालियां दी थी। इसका वीडियो इंटरनेट पर सामने आने के बाद सुप्रीम कोर्ट की वकील स्मृति सिंह चंदेल ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस जब रुचिका के सेक्टर 18 स्थित फ्लैट पर पहुंची तो वह वहां नहीं मिली। इस बीच शुक्रवार रात एक वीडियो जारी कर रुचिका सिंह ने हाथ जोड़कर देशवासियों से माफी मांगी है। उसने दावा किया है कि वह मात्र 15 साल की है।
जुलाई को मैं सीपी गई थी अपने फ्रेंड्स के साथ। फिर वहां पर प्रोटेस्ट हो रहा था। मैंने वहां पर कोप दी। वहां पर ग्रुप्स बने हुए थे बहुत सारे। वो लोग बहुत चीजें बोल रहे थे। बहुत गालियां दे रहे थे प्रधानमंत्री जी को। उन लोगों के इन्फ्लुएंस में आके कि तुम लोग भी बोलो, तुम लोग भी बोलो। कोई सब बोलो, सब बोलो। करके मैंने और बहुत चीजें बोली। मैं भी मात्र 15 साल की हूं। मैंने जो करा माफी के लायक नहीं था। मैंने बहुत गंदी चीजें बोली है। बट यह मेरी पहली और आखिरी गलती होगी। इसके बाद मैं ऐसा कुछ नहीं करूंगी और ना ही वो चीज मैंने कभी पोस्ट की थी। मैं पूरे देश से माफी मांगती हूं। मेरे मैं इतनी शर्मिंदा हूं। मैं अपनी नजरें भी नहीं उठा पा रही हूं। मैं सबसे माफी मांग रही हूं।
मुझे प्लीज माफ कर दीजिए प्लीज। आपको बता दें कि इससे पहले रुचिका की मां ने नोएडा के थाने में पुलिस के पास लिखित माफीनामा लगाया था। उन्होंने अपनी बेटी को माफ किए जाने की अपील की थी। बताया जा रहा है कि रुचिका मूल रूप से हरियाणा के फरीदाबाद की रहने वाली है। उसने इसी साल जनवरी में नोएडा में फ्लैट खरीदा है। वो एक ब्यूटी पार्लर में काम करती है। हालांकि सोशल मीडिया पर रुचिका को उसके लुक्स को लेकर भी काफी ट्रोल किया जा रहा है। लोगों का मानना है कि जिस मेकअप लुक में वह प्रोटेस्ट में नजर आ रही थी, अब इस माफीनामे वाली वीडियो में उनका लुक बिल्कुल बदला हुआ है। इसके अलावा आपको बता दें कि इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी एक वीडियो जारी कर उनको गाली देने वाले बच्चों को माफ करने की बात कही थी। उन्होंने कहा कि यह गुमराह बच्चे हैं।
इनको राह दिखाना हमारा ही काम है। पीएम मोदी का वीडियो आने के कुछ घंटे बाद ही रुचिका सिंह ने माफी मांग ली है। जंतरमंतर पर जो कुछ भी हुआ देश और दुनिया ने देखा है। कुछ शरारती बच्चों ने भद्दी भद्दी गालियां बोली। किसी भी सभ्य समाज को शोभा ना दे। ऐसे शब्दों का प्रयोग किया गया। मुझे तो गालियां दी गई। मेरी स्वर्गीय माता को भी गालियां दी गई। ना जाने कितना भंदा स्वरूप था। लेकिन मैं आज बात करना चाहता हूं कि बचपन में गलतियां होती है और बचपन में गलतियों से सुधरने का अवसर भी होता है और यही तो बचपना है
और इसलिए मैं समाज के अंदर जो आक्रोश है उसको भली-भांति समझ सकता हूं। एक कल्चरल शौक है कि हमारी बेटियां इस प्रकार की भाषा कैसे बोल सकती हैं। लेकिन समय है इन बच्चों को गले लगा के राह दिखाने का। यह गुमराह बच्चे हैं। उनको राह दिखाना हमारा काम है। उनको सजा देना, अदालतों के चक्कर कटवाना, समाज में उनको प्रताड़ित करना। इससे हम परिस्थितियां नहीं बदल पाएंगे। मैं उन्हें माफ करना चाहता हूं। इस देश में अभिव्यक्ति की आजादी सबको है। लेकिन उसी के नाम पर इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना बिल्कुल गलत है। रुचिका सिंह ने जो किया उससे आगे भी कई लोगों को सबक मिलेगा और यह युवा जनरेशन जिनके हाथों पे अब इस देश का भविष्य है वो इस तरीके की भाषा का इस्तेमाल करने से बचेंगे। फिलहाल आपका क्या कहना है? कमेंट सेक्शन में हमें लिखकर जरूर बताएं। वीडियो को लाइक करें, शेयर करें और चैनल को सब्सक्राइब करना बिल्कुल ना भूलें।