दोस्तों क्या आप कभी सोच सकते हैं कि हिंदी सिनेमा की सबसे तेहजीबदार एक्ट्रेस नरगिस दत्त किसी दूसरी मशहूर एक्ट्रेस को सरेआम डायन कह सकती है? जी हां, नरगिज़ ने एक इंटरव्यू में रेखा के लिए कहा था कि वह मर्दों को फंसाती है और कुछ लोगों के लिए वह डायन से भी बदतर है। आखिर रेखा ने नरगिस का क्या बिगाड़ा था? क्या इसका कनेक्शन उसके लाडले बेटे संजय दत्त से था? जिनके साथ रेखा की सीक्रेट शादी और उनके नाम का सिंदूर लगाने की अफवाहों ने पूरे देश को हिला दिया था। या फिर इस नफरत के पीछे छुपा था नरगिस का वो पुराना दर्द जब वो खुद राज कपूर के प्यार में इस कदर पागल हो गई थी कि आर के स्टूडियो को बचाने के लिए अपने सोने के कंगन तक बेच दिए थे। लेकिन बदले में सिर्फ धोखा मिला। इस वीडियो को बिना स्किप किए पूरा एंड तक देखना क्योंकि आज डेली डोज
डिमांड पर हम नरगिस की जिंदगी के उन पन्नों को खोलेंगे जो आज तक आपसे छुपाए गए। नरगिस दत्त का जन्म 1929 मेंक में हुआ था। बहुत कम लोग जानते हैं कि नरगिस कभी एक्ट्रेस बनना ही नहीं चाहती थी। वो एक डॉक्टर बनना चाहती थी। लेकिन उनकी मां जदन बाई के दबाव में आकर उन्हें सिर्फ 6 साल की उम्र में बाल कलाकार के रूप में काम करना पड़ा। नरगिस की फैमिली बैकग्राउंड भी काफी पेचीदा थी। उनकी मां जयदिन भाई के तीन बच्चे थे और सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि तीनों बच्चों के पिता अलग-अलग थे। उनके पहले बेटे के पिता गुजराती व्यापारी थे। दूसरे के पिता हारमोनियम वादक थे और नरगिस के पिता मोहनदास उत्तमचंद त्यागी थे। जिन्होंने बाद में इस्लाम अपना लिया था। खैर, मजबूरी में ही सही नरगिस ने फिल्मों का रुख किया और फिल्म तकदीर से रातोंरात स्टार बन गई। नरगिस के फिल्मी करियर का सबसे चर्चित हिस्सा रहा शादीशुदा राज कपूर के साथ उनका 9 साल लंबा अफेयर। नरगिस उनके प्यार में इस कदर अंधी थी कि जब राज कपूर भारी कर्जे में डूबे तो
नरगिस ने अपने सोने के कंगन बेचकर आर के स्टूडियो को बचाया। राज कपूर की फिल्म को सुपरहिट कराने के लिए उन्होंने स्क्रीन पर बिकनी पहनने से भी परहेज नहीं किया। लेकिन जब नरगिस ने शादी की बात की तो राज कपूर मुकर गए। इस धोखे से टूट कर नरगिस अलग हो गई। जिसके गम में राज कपूर खुद को जलती सिगरेट से जलाया करते थे। इसके बाद नरगिस की जिंदगी में आए सुनील दत्त। फिल्म मदर इंडिया की शूटिंग के दौरान सेट पर भयानक आग लग गई। सुनील दत्त ने अपनी जान की परवाह किए बिना आग में छलांग लगा दी और नरगिस को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इस हादसे में सुनील दत्त खुद बुरी तरह जल गए। उनके इसी पागलपन और परवाह ने नरगिस का दिल जीत लिया और 1958 में दोनों ने शादी कर ली। शादी के बाद सब ठीक चल रहा था। लेकिन साल 1980 में नरगिस को पनक्रियाटिक कैंसर हो गया। इलाज के लिए उन्हें अमेरिका ले जाया गया। लेकिन हालत बिगड़ती चली गई। कैंसर के आखिरी स्टेज में नरगिस इतने भयानक दर्द में थी कि वह अक्सर कोमा जैसी हालत में चली जाया करती थी। उनकी यह असहनीय पीड़ा देखकर डॉक्टरों ने सुनील दत्त को एक खौफनाक सलाह दी। डॉक्टर ने कहा कि नरगिस का दर्द अब बर्दाश्त से बाहर है।
बेहतर होगा कि आप इनका लाइफ सपोर्ट सिस्टम वेंटिलेटर हटा दें ताकि उन्हें इस तड़प से मुक्ति मिल सके। लेकिन सुनील दत्त ने साफ मना कर दिया और आखिरी सांस तक लड़ते रहे। नरगिस की आखिरी इच्छा अपने बेटे संजय दत्त की पहली फिल्म रॉकी का प्रीमियर देखना था। लेकिन फिल्म की रिलीज से ठीक कुछ ही दिन पहले थर्ड मई 1981 को उन्होंने दम तोड़ दिया। अब आते हैं उस सबसे बड़े विवाद पर। साल 1984 में जब संजय दत्त और रेखा फिल्म जमीन आसमान के साथ काम कर रहे थे तब मीडिया में यह अफवाह आग की तरह फैल गई कि दोनों ने गुपचुप शादी कर ली है और रेखा अपनी मांग में जो सिंदूर लगाती है वह संजय दत्त के नाम का है। भले ही नरगिस इस दुनिया में नहीं थी, लेकिन जब उनके जीते जी रेखा के अफेयर की खबरें चारों तरफ उड़ती थी,
तो नरगिस रेखा बुरी तरह भड़की हुई थी। उन्होंने एक इंटरव्यू में रेखा को लेकर अपना गुस्सा जाहिर करते हुए कहा था कि रेखा मर्दों को ऐसी शह देती है कि वह उनकी तरफ खींचे चले आते हैं। कुछ लोगों की नजरों में तो वे एक डायन से भी बदतर है। हालांकि संजय दत्त ने बाद में इस शादी की खबरों को खारिज कर दिया लेकिन नरगिस का वो बयान हमेशा के लिए इतिहास बन गया। तो दोस्तों, यह थी नरगिस दत्त की वह अधूरी मोहब्बत, उनका दर्द और रेखा के साथ जुड़ा वह शॉकिंग विवाद। आपको क्या लगता है? क्या रेखा के लिए नरगिस का ऐसा कहना सही था? हमें कमेंट्स में जरूर बताएं। वीडियो पसंद आई हो तो इसे लाइक, शेयर और हमारे चैनल डेली डोज डिमांड को सब्सक्राइब जरूर करें। मिलते हैं अगली वीडियो में। धन्यवाद।