ना झटको जुल्फ से पानी ये मोती आज हम बात करेंगे गुजरे जमाने की एक ऐसी हीरोइन की जिसकी खूबसूरती का हर कोई दीवाना था। आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे हर जबान पर सबको मालूम है। उसी ने जितेंद्र को हीरो बनाया और उसी के साथ काम करके मनोज कुमार को पहचान मिली थी। तू पास रहे फिर क्या गम है हर सांस खुशी 60 के दशक में उनका ऐसा जलवा था कि लोग उन्हें सबसे खूबसूरत और बेहतरीन हीरोइन की लिस्ट में रखते थे तो हम बात कर रहे हैं राजश्री की मतलब खाने वाला राजश्री नहीं का नाम था राजश्री खिले हैं सखी आज फुलवा मन के खिले हैं सखी आज फुलवा आखिर राजश्री फिल्मों में कैसे आई? क्यों उन्होंने अपने टॉप पर चल रहा करियर अचानक से छोड़ दिया था? ऐसा क्या हुआ था कि राजश्री को रातोंरात भारत छोड़कर भागना पड़ा था। इस तरह तोड़ा [गाना गाने की आवाज़] मेरा दिल क्या मेरा दिल आज ये हीरोइन कहां और किस हाल में है जानेंगे और भी बहुत कुछ। तो चलिए शुरू करते हैं। वेलकम टू फिल्मी विचार। अब मैं तुम्हारे सामने हिंदुस्तान की सबसे खूबसूरत लड़की पेश करता हूं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] राजश्री का जन्म 8 अक्टूबर 1944 को मुंबई में हुआ था। उनके पिता उस दौर के जानेमाने एक्टर, डायरेक्टर और फिल्म मेकर थे। जिनका नाम था बी शांताराम। उन्होंने भारतीय सिनेमा को बहुत कुछ दिया। अपनी कहो [संगीत] कुछ मेरी सुनो क्या दिल का लगाना भूल गए आधा है चंद्रमा रात आधी [संगीत] रह जाए तेरी उनकी मां का नाम था जयश्री जो उस जमाने की एक जानीमानी एक्ट्रेस थी यूं ही हुए बदनाम सावरिया यूं ही हुए मतलब राजश्री के घर में ही एक्टिंग का कारखाना था राजश्री का असली नाम था राज समरी शांताराम और राजश्री का बचपन अपने मां-बाप को एक्टिंग करते हुए देखते हुए ही बीता था। तो उनका मन भी पढ़ाई लिखाई से ज्यादा नाटकों में ही लगता था और उनके
मां-बाप भी यह बात बहुत जल्दी समझ गए थे। तो उन्होंने भी सोचा कि जब बेटी को बड़ा होकर पर्दे पर ठुमके ही लगाने हैं तो फिर पढ़ाई लिखाई में पैसा बर्बाद क्यों करना? बात तो सही है। इसलिए उन्होंने स्कूल से ज्यादा उन्हें डांस एकेडमी भेजना शुरू कर दिया। और राजश्री ने भी बचपन से ही ऐसे लटके झटके दिखाना शुरू किया कि मां-बाप गर्व से कहने लगे कि यह बड़ी होकर फिल्मों में हीरो के सामने जरूर नाचेगी। [संगीत] और जैसे ही वह एक्टिंग करने के लायक हुई तो पिता ने खुद ही उसे बाल कलाकार बनाकर लॉन्च कर दिया। मूवी आई सुबह का तारा जो 1954 में रिलीज़ हुई थी और इसी मूवी से केवल 10 साल की राजश्री ने चाइल्ड आर्टिस्ट बनकर अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत कर दी। खिड़की से निकाली गर्दन और भगभग खोला अंजन भाभी ने जो घूंघट खोला इसके बाद राजश्री ने सीधे बड़े होकर काम किया। 1961 में आई मूवी स्त्री मिलेगी तुझे भी मिलेगी। अरे श्रद्धा वाली नहीं मतलब ओरिजिनल स्त्री राजश्री थी। इस समय पर राजश्री 16 पार कर चुकी थी और उसे कमर मटकाने का लाइसेंस भी मिल गया था। तो इसमें उन्होंने खूब ठुमके लगाए और केवल अपने नृत्य से ही सबका दिल जीत लिया। इंसान की चाहत भरी कल्पना। इसके बाद बॉलीवुड की सबसे लापरवाह मां यानी कि निरूपा रॉय की गृहस्ती आई। मतलब मूवी का नाम था गृहस्ती जो 1963 में आई थी। इस मूवी में सही मायनों में राज श्री ने एक हीरोइन बनकर काम किया। मोरी पायल खुल खुल [संगीत] जाए राम चिढ़ करत मोसे नंदलाल [संगीत] और वो सीधे मनोज कुमार की हीरोइन बनी। जाने तेरी नजरों ने क्या कर दिया। जब तुझे देखूं मेरा ये मूवी बहुत चर्चित रही। मूवी के गाने भी यादगार रहे और मनोज कुमार के साथ उनकी जोड़ी भी खूब जमी। तूने मोहब्बत से मेरा दिल भर दिया। अपना बनाने [संगीत] वाले तेरा जरा देख सनम मेरा जज्बा दिल मुझे आज कहां मतलब इतनी जमी कि दोनों से उनके रिश्तेदार कहने लगे कि घर बसा के देखो। मतलब अगली मूवी का नाम था घर बसा कर देखो।
खुश रहे तेरी नगरी बेटा मां यह दुआ [संगीत] कर चली और इसमें भी दोनों की जोड़ी हिट रही तुमने हंसी ही हंसी में क्यों दिल चुराया जवाब दो इसके बाद विश्वजीत ने राज श्री के लिए शहनाई बजाई मतलब मूवी का नाम था शहनाई हमें साथ देखा है एक बार फिर से जमाने और इस मूवी में विश्वजीत चटर्जी के साथ राज श्री की जोड़ी खूब जमी। मूवी के गाने भी बड़े हिट हुए। तुम्हारा [गाना गाने की आवाज़] कुछ ना बिगड़ेगा मगर दिल। और राज्री की एक्टिंग ने भी सबका दिल जीत लिया। क्या मेरा [गाना गाने की आवाज़] दिल दिल ना था। इसके बाद राज श्री जॉय मुखर्जी की हीरोइन बनी। और जॉय मुखर्जी ने राज्री से कहा जी चाहता [संगीत] है खींच लो तस्वीर आपकी जी चाहता है कि मतलब मूवी का नाम था जीत चाहता है और यह मूवी भी उनकी एक यादगार मूवी बनी 1964 में आई गीत गाया पत्थरों ने। इसी मूवी से जितेंद्र ने बॉलीवुड में कदम रखा था। मतलब जितेंद्र की पहली हीरोइन राजश्री ही बनी थी। गीत गाया पत्थरों ने [संगीत] गीत गाया और इस मूवी को राजश्री के पिता बी शांताराम ने ही बनाया था और राज श्री के साथ काम करके ही जितेंद्र स्टार बने थे गीत [संगीत] गाया पत्थरों ने इस मूवी ने भी सफलता के झंडे गाड़े और राज श्री की खूबसूरती ने भी सबका दिल जीता। इसके बाद आई दो दिल और एक बार फिर से राज श्री विश्वजीत की हीरोइन बनी। कांटों में फंसा [संगीत] आंचल जुल्फों में फंसा ये दिल हाय हो गई मुश्किल तेरा हुस्न रहे मेरा इश्क रहे [संगीत] तो ये सुबह हो ये। इस मूवी में भी दोनों की जोड़ी हिट रही। मूवी के गाने भी यादगार रहे और राजश्री हर तरफ छा रही थी
। सारा मोड़ा कजरा छुड़ाया तूने करवा से कैसे लगा वो जितने अच्छे डांसर थी उतनी ही अच्छी एक्टिंग करती थी और बाकी काम उनका मासूम चेहरा और खूबसूरती कर देती थी मतलब जिसकी नजर उनके चेहरे पर पड़ती थी वो उनका दीवाना हो जाता था और डांसर वो इतनी कमाल की थी कि एक बार जो उन्हें डांस करते हुए देखता था तो उन पर से अपनी नजर ही नहीं हटा पाता था। इसके बाद शम्मी कपूर जानवर बनी। मतलब मूवी आई जानवर और राजश्री ने शम्मी कपूर के साथ रोमांस किया। मेरी [गाना गाने की आवाज़] मोहब्बत जवान रहेगी सदा रही। लाल खड़ी मैदान [संगीत] खड़ी क्या खूब लड़ी क्या खूब लड़ी हम दिल से उनके साथ भी राश्री की जोड़ी को लोगों ने खूब पसंद किया हम दिल से गए [संगीत] हम जहां से गए बस आंख मिली और बात बढ़ी इसके बाद आई सगाई यह मूवी भी बहुत अच्छी थी जिसमें राज्री के हीरो विश्वजीत ही थे मूवी के गाने बड़े हिट हुए मेरा प्यार यू ही जवा था ना यह जमीन [संगीत] थी ना आसमान फिर चाहे लव सॉन्ग हो या सैड सॉन्ग और खासकर मूवी का यह गाना हां में [संगीत] मिला तो क्या फूल फिर भी फूल है जिसे सुनकर आज भी दिल भर आता है। इसके बाद राज श्री धर्मेंद्र की हीरोइन बनी। मूवी का नाम था मोहब्बत जिंदगी है और धर्मेंद्र के साथ भी राज श्री ने बेहतरीन काम किया। तुम्हारी मुलाकात से [संगीत] मुझको पता ये चला ना जाने क्यों हमारे दिल को तुमने दिल नहीं समझा मूवी का सब कुछ हिट था फिर चाहे एक्टिंग हो गाने हो नजर [गाना गाने की आवाज़] नजर से मिलाओ तो कोई या फिर राज्री की खूबसूरती हो और अब तो मानो राजश्री हर एक्टर की पहली पसंद बनने लगी आता है जो आने दो महफिल में दिल वालों [संगीत] की आता है जो आने दो और अगली मूवी में वो एक साथ दो-दो हीरो की हीरोइन बनी मूवी आई दिल ने पुकारा जिसमें एक तरफ थे संजय खान जो राजश्री
को पटा रही थी तुझे मान लिया सब मान लिया ओ तुझे मान [संगीत][गाना गाने की आवाज़] लिया सब मान लिया और दूसरी तरफ थे शशि कपूर जो उन्हें पटाने की कोशिश कर रही थी आप [गाना गाने की आवाज़] हमारे होते इस मूवी के गाने भी यादगार बने और संजय खान के साथ भी राज श्री ने अपनी सुंदरता की चमक से सबको मोहित कर दिया। हमको होने लगा है प्यार तुमसे मिल। इसके बाद जितेंद्र गुनाहों का देवता बने और राज श्री ने एक बार फिर से उनके साथ जोड़ी बनाई। इस मूवी में भी उनका काम अच्छा था और लोगों ने उनके डांस की भी खूब तारीफ की। हमको [संगीत] तो पर किया है इसके बाद राजश्री राज कपूर की हीरोइन बनी और राज कपूर अराउंड द वर्ल्ड लेकर आए। हालांकि ये मूवी कुछ खास नहीं चली और ना ही लोगों को राज कपूर का अपनी बेटी की उम्र की लड़की के साथ रोमांस पसंद आया। चले जाना जरा ठहरो [संगीत] किसी का। इसके बाद राज श्री ने जितेंद्र के साथ सुहागरात मनाई। मतलब मूवी आई सुहागरात। जितेंद्र की एक्टिंग भी दिल जीतने वाली थी। मैं किसी की स्त्री हूं, किसी की बहू, किसी घर की लाज। ये बातें सुनने में अच्छी लगती है राजू। मेरे लिए तुम्हारा दिल रोएगा। मैं ऐसे दिल को कुचल कर रख दूंगी। [हंसी] इस मूवी के गाने भी अच्छे थे और खासकर मूवी का यह गाना गंगा मैया में जब चमके पानी [संगीत] रहे जिसे आज भी सच्ची भारतीय नारी गाती है। मेरे सजना तेरी जिंदगानी [गाना गाने की आवाज़] रहे। इसके बाद सम्मी कपूर ब्रह्मचारी बने और राजश्री ने एक बार फिर से उनकी हीरोइन बनकर महफिल लूटी। कोई प्यार हमें भी करता है। हम पर भी कोई मरता है। ब्रह्मचारी शम्मी कपूर की सबसे बेहतरीन मूवीज में से एक रही जिसका सब कुछ हिट था और खासकर मूवी के गाने मतलब इस मूवी का हर गाना यादगार बना। दिल के झरोखे में तुझको बिठाकर यादों को तेरी मैं दुल्हन बनाकर फिर चाहे मुमताज पर फिल्माया गया यह गाना हो आजकल तेरे मेरे प्यार की करते हर जबान पर सबको मालूम है जिसे आज भी साड़ी पहनने वाली महिलाएं सर्च करके सुनती हैं। आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे हर जबान पर सबको मालूम है और सब या फिर जूनियर महमूद पर फिल्माया गया ये गाना हो हमें काले हैं तो क्या हुआ दिल वाले हैं हम काले हैं तो क्या हुआ दिल जिसकी पॉपुलरिटी बताने की जरूरत नहीं है हम तेरे तेरे तेरे चाहने वाले हैं [संगीत] हम काले हैं तो क्या हुआ या फिर शमी कपूर का यह गाना हो चक्के में चक्का चक्के पे गाड़ी गाड़ी में निकली अपनी सवार और राज श्री के साथ श्मी की जोड़ी ने भी सबका दिल जीत लिया रखूंगा मैं दिल के पास मत हो मेरी जा उदास 1973 में राजश्री फिर से शशि कपूर की हीरोइन बनी मतलब कपूर परिवार जैसे उन्हें छोड़ ही नहीं रहा था। इस मूवी में शशि कपूर की दो हीरोइन थी। एक तरफ थी मौसमी चटर्जी और दूसरी तरफ थी राज श्री। यह मूवी भी अच्छी थी और राज श्री के काम को भी लोगों ने खूब पसंद किया। हाय काजल [संगीत][गाना गाने की आवाज़] भरी मदहोश ये प्यारी आंखें। लेकिन इस मूवी के बाद अचानक से राजश्री ने एक्टिंग छोड़ दी और वह कहीं गायब हो गई। लेकिन आखिर उनके साथ ऐसा क्या हुआ था? तो अब हम बात करेंगे राज्री की पर्सनल लाइफ की
। खाई थी कसम एक रात सनम तूने भी किसी तो हुआ यह था कि जब राजश्री राज कपूर के साथ अराउंड द वर्ल्ड घूम रही थी मतलब उनके साथ मूवी में काम कर रही थी तभी उनकी मुलाकात एक अमेरिकी छात्र से हुई थी जिसका नाम था ग्रेक चैपमन दोनों की मुलाकात हुई और फिर जान पहचान बढ़ गई धीरे-धीरे दोनों की दोस्ती प्यार में बदल गई और दोनों एक दूसरे के साथ जीने मरने की कसमें खाने लगे प्यार तुमसे [संगीत] हुई अम्मा हुई अम्मा लेकिन उस समय ग्रेक सिर्फ एक छात्र था और राज्री भी फिल्मों में काम कर रही थी तो दोनों ने पहले अपने-अपने काम पर फोकस करना ही सही समझा। धीरे-धीरे ग्रेग ने अपना बिजनेस सेट कर लिया और राजश्री ने भी अपना अच्छा खासा नाम बना लिया था। एक दिन ग्रेक चैपमैन ने राजश्री को शादी के लिए प्रपोज कर दिया और राजश्री तो मानो जैसे इसी समय का इंतजार कर रही थी। तुमने तो कहा था तुम्हारी छुट्टियां 6 महीने के बाद आ रही है। फिर इतने दिन क्यों लगा दिया? मैंने 6 महीने कहा था ना। लेकिन मैं तो 3 महीने में ही आ गया। उसने तुरंत हां कर दिया और परिवार के सामने भी अड़ गई। परिवार ने बहुत समझाया कि अभी तुम्हारा करियर पीक पर है। अच्छा काम मिल रहा है। यह सब कुछ बर्बाद मत करो। नहीं तो बना बनाया स्टारडम मिट जाएगा। लेकिन राज्री ने ठान लिया था कि करियर से ज्यादा जरूरी मन को पसंद आने वाला इंसान है। तो उन्होंने 28 नवंबर 1967 को अमेरिकी बिजनेसमैन ग्रेक चैपमैन से शादी कर ली। मत छोड़ मुझे। यह शादी बहुत धूमधाम से हुई। कहा जाता है कि भारत में पूरे रीति-रिवाजों के साथ यह शादी संपन्न हुई और पूरे 5 दिन तक उनकी शादी का समारोह चलता रहा जिसमें लगभग 15,000 लोग आए थे और यह उस दौर में अपने आप में एक बड़ी बात थी। बी शांताराम ने अपनी बेटी की शादी में कोई कसर नहीं छोड़ी।
शादी के कार्ड पर राजश्री के पति ग्रेक चैपमैन का नाम गौतम लिखा गया था और बड़े हर्षोल्लास के साथ उनकी शादी संपन्न हुई। गुल मदन अरे बच्चों को तो सोने दो बन्ने बेटा सो [नाक से की जाने वाली आवाज़] गए देखा हालांकि इसके बाद भी राजश्री कुछ मूवीज में काम करती रही और उन्होंने एक्टिंग नहीं छोड़ी सबको लगा कि राजश्री शादी के बाद भी काम करेंगी और उनका करियर बहुत लंबा होगा। उनकी अगली मूवी जितेंद्र के साथ शुरू हुई जिसका नाम था नैन मिले चैन कहां। लेकिन फिर अचानक से कुछ ऐसा हुआ कि राजश्री ने यह मूवी बीच में ही छोड़ दी और वह अपने पति के यहां अमेरिका चली गई। उनकी मूवी बीच में ही अटक गई और फिर कभी बन ही नहीं पाई। राज्री अचानक से बिना किसी को बताए भारत छोड़कर भाग गई थी। जिससे उनकी चल रही मूवीज अटक गई थी और कई फिल्म मेकर्स को भारी नुकसान उठाना पड़ा था। लेकिन राज्री ने इसकी परवाह नहीं की। ना तो उन्होंने कभी इस पर कोई बात की और ना ही कभी अपने अचानक भारत छोड़ने का कारण बताया। जिन लोगों को प्यार नहीं मिलता वो अपनी जान दे देते हैं। तो क्या यही सोचकर तुमने शादी कर ली है? अमेरिका जाकर राजश्री ने अपने पति के बिजनेस में हाथ बटाया और एक बिजनेस वूमेन बनकर अपनी पहचान बनाने लगी। राज्री ने अमेरिका में कुछ हॉलीवुड मूवीज में असिस्टेंट डायरेक्टर बनकर भी काम किया। हालांकि वह इसमें कुछ ज्यादा सफल नहीं रही और वापस से अपने बिजनेस पर लौट गई। राज्री और ग्रेक की एक बेटी भी हुई जिसका नाम चंद्रिका चैपमैन रखा गया। अब राज्री अपने परिवार के साथ अमेरिका में ही रहती हैं और कभी कभार ही भारत आती हैं। ये रात है मिलके रोने की रोने की। राजश्री अब लगभग 81 साल की हो गई हैं और अपने परिवार के साथ अपनी जिंदगी जी रही हैं। आपको राजश्री याद है और आप उन्हें किस मूवी या गाने के लिए जानते हैं हमें कमेंट में जरूर बताएं। रखूंगा मैं दिल के पास। किस्मत हो मेरी जान उदास।