सोशल मीडिया पर अपने मिलडी मोमेंट्स को लेकर छाई रहने वाली इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मिलनी एक बार फिर सुर्खियों में है। लेकिन इस बार वजह कोई राजनीतिक बयान नहीं बल्कि है। जी हां, दुनिया के सबसे ताकतवर नेताओं की बैठक चल रही थी और वहां अचानक चर्चा होने लगी सिगरेट छोड़ने पर।
मेलनी ने आखिरकार पीना छोड़ दिया है। लेकिन कहानी इतनी सिंपल नहीं है। इसके पीछे का जो किस्सा है वो बहुत दिलचस्प है। अब आप यह सोच रहे होंगे कि इसमें इतनी बड़ी बात क्या है? तो थोड़ा पीछे चलते हैं। दरअसल कुछ महीने पहले तक खुद मेलनी कहती थी कि सिगरेट छोड़ना उनके लिए नामुमकिन है। याद करिए पिछले साल मिस्र की गाजा पीस समिट को जब मेलनी वहां पहुंची तो तुर्की के राष्ट्रपति एदगन ने उनसे बड़े प्यार से कहा था।
मेलनी जी आप अच्छी लग रही हैं। लेकिन मैं चाहता हूं कि आप छोड़ दें। एदगन की यह बात सुनकर पास में खड़े ब्रिटेन के पीएम की स्टारमर और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रो जोर से हंस पड़े। मैक्रो ने तो सीधे यह कह दिया कि यह इंपॉसिबल है। मेलनी नहीं छोड़ सकती। तब मेलनी ने भी हंसते हुए जो जवाब दिया था उसने सबको चौंका दिया था। मेलनी ने कहा था मुझे पता है मुझे पता है लेकिन मैं किसी को मारना नहीं चाहती।
यानी मेलनी का मजाकिया अंदाज में यह कहना था कि अगर उन्होंने छोड़ी तो उन्हें इतना गुस्सा आएगा कि वो शायद किसी की जान भी ले लें। लेकिन यह सवाल कि आखिर अब ऐसा क्या हुआ कि इस इंपॉसिबल को मेलनी ने पॉसिबल कर दिया। क्या वाकई उन्होंने किसी की सलाह पर छोड़ी है?
इस राज से पर्दा उठा। हाल ही में हुई G7 समिट में। हुआ यह कि सारे ग्लोबल लीडर्स अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का इंतजार कर रहे थे और आपस में यहां पर गप्पे चल रही थी। मेलोनी ने बातोंबातों में बताया कि वह खुद को एक्टिव रखने के लिए दिन में तीन बार कॉफी पी रही हैं। फिर इस पर यूरोपियन कमीशन की अध्यक्ष उर्सुला वांडेरलेन ने मजे लेते हुए पूछा आज सुबह जागने के लिए इतनी कॉफी?
तभी जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज भी बीच में कूद पड़े और चुटकी लेते हुए बोले और साथ में एक सिगरेट भी। बस फिर क्या? यहीं पर मेलोनी ने गर्व से सिर उठाया और कहा, नहीं मैंने छोड़ दी है। यह सुनते ही वहां मौजूद जापान की प्रधानमंत्री सनय ताकाईचीजो खुद करती हैं और मेलोनी की अच्छी दोस्त हैं वो हैरान रह गई। उन्होंने कहा आपने छोड़ दी। बहुत बढ़िया। उर्सुला ने भी मेलोनी की पीठ थपथपाई लेकिन वर्ल्ड लीडर्स भी टांग खिंचाई का कोई मौका नहीं छोड़ी। जर्मन चांसलर मर्ज ने फिर मजे लिए और हंसते हुए पूछा। अच्छा कब छोड़ी? कल रात को क्या? फिर क्या?
फिर मेलोनी ने भी मुस्कुराते हुए करारा जवाब दिया। उन्होंने कहा, नहीं पूरे 1 महीने पहले मैंने 1 मई से एक भी नहीं छुई है। तो मेलोनी ने अपनी मर्जी और जबरदस्त विल पावर से को गुड बाय कह दिया है। जो मेलनी कहती थी कि सिगरेट छोड़ने पर वो किसी की जान ले सकती हैं।
आज वह बिना निकोटीन के भी ग्लोबल लीडर्स के बीच कूल रहकर मुस्कुरा रही हैं। वैसे मेलनी का यह फैसला और उनकी यह विल पावर आपको कैसी लगी? क्या आपको भी लगता है कि