तस्वीर में दो लोग हैं। एक तो कथावाचक और बागेश्वर धाम के प्रमुख धीरेंद्र शास्त्री हैं और दूसरे उनके छोटे भाई शालिग्राम गर्ग हैं। शालिग्राम गर्ग पर एफआईआर दर्ज हो गई है। आरोप है कि शालिग्राम गर्ग ने और मारपीट की। एफआईआर के बाद धीरेंद्र शास्त्री का बयान भी सामने आया।
उन्होंने कहा कि मेरा मेरे भाई और मेरे परिवार दोनों से ही कोई लेना देना नहीं है। हर बात हमसे ना जोड़ी जाए। आगे उन्होंने कहा कि कानून अपने हिसाब से एक्शन ले। अब सुनिए धीरेंद्र शास्त्री का पूरा बयान। शालिग्राम जी के बारे में हम पहले ही कह चुके 3 साल पूर्व में हमारा कोई उनसे लेना देना नहीं है।
वैसे भी परिवार से हमारा कोई लेना देना नहीं। पूरा विश्व हमारा परिवार है। पूरा समाज हमारा परिवार है। हम समाज के लिए सा राष्ट्र के लिए जीते हैं। सनातन के लिए जीते हैं और छतरपुर जिला और हमारा परिवार बहुत बड़ा है। तो कुछ ना कुछ यहां होता रहता। कानून दंड दें। उन पर कानूनी कारवाई हो और उन पर जो उचित से उचित दंड हो सकता है कठोर से कठोर जो करे उसको भगवान दंड दे और कानून दंड दे यही हमारा कहना है और एक बात और हम कहें हर बात में हमको जोड़ा ना जाए ये हम विशेष प्रार्थना करेंगे हमको हर बात में जोड़ा ना जाए क्योंकि बहुत बड़ा परिवार है गांव छतरपुर जिला सब बड़ा है तो लोग सब जुड़े हैं.
तो कुछ ना कुछ रोज होता ही रहता है अब हमें पूरे विषय तो पता नहीं है इसलिए हम स्पष्ट कहेंगे कि हर बात में हमको जोड़ा ना जाए बागेश्वर धाम के प्रमुख ने अनुरोध ध किया कि आरोपी के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाए। मामला छतरपुर के राजनगर का है। तारीख 14 जुलाई। आज तक से जुड़े लोकेश चौरसिया के रिपोर्ट के मुताबिक मारपीट जमीन के पुराने विवाद से शुरू हुई दोपहर के वक्त। आरोप है कि शालिग्राम ने अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर मोतीलाल कुशवाहा नाम के एक व्यक्ति पर हमला किया। पहले गाली गलौज हुई, फिर लाठी डंडे चले और फिर तीन राउंड फायरिंग भी की गई।
मारपीट में शालिग्राम घर के अलावा सतीश, आशीष और एक अन्य आरोपी का नाम शामिल है। पीड़ित मोतीलाल ने आरोप लगाया कि शालिग्राम ने उनके सिर पर डंडा मारा और भी की। अब सुनिए पीड़ित का पूरा बयान। शालिग्राम ग अंकित मिश्रा उसने वो दो तीन लोग हुआ थे। उसने मेरे साथ मारपीट और करी से मेरे चार तीन चार थे। कितने कहां से निकली आपके? यहां पर लगी है।
यहां पैन में भी लगी। यहां पर उसने डंडा मारा साल में। कितने भाई आए थे? कितने लोग थे उसके साथ? चार पांच लोग थे। क्यों विवाद किस बात का था? कुछ नहीं था। थोड़ी गाय ने गए थे उनके साथ गए थे। मतलब तो बोला उसके साथ क्यों गए हो तुम? हम कोई जमीनी विवाद भी है क्या? जमीन छुड़ा रहा था उस की मतलब गांव की बहुत सारी जमीन छुड़ा ली उसने। सिर में क्या डंडे से चू ये सर में डंडा मारा। यहां पर मतलब पिस्तल से मतलब फेयरिंग की। उसने तीन चार की है। चलाने वाला व्यक्ति कौन है?
साल राम का वो अपने पिस्तल से वही चला रहा है। आपने उसको चलाते हुए देखा था कि सुना है? चलाते ही मैंने अपनी आंखों से देखा है। कितने लोग आए थे वहां? चार पांच लोग थे।
इस मामले पर छतरपुर के पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है और पीड़ित का इलाज चल रहा है। चश्मदीदों के बयान लिए जा रहे हैं।