Cli

नसरुदीन शाह को लेकर बालमुकुंद आचार्य ने देश की जनता से की बड़ी अपील, मचा घ;मा!सान

Uncategorized

देखिए देश में कुछ इस प्रकार के भांड है जिन भांडों ने देश में देश का खा रहे हैं। मैं आज से बहिष्कार करता हूं। संविधान की पुस्तक में ही लिखा हुआ है एसआईआर का विधि विधान और वो नियम कायदे से काम जिसको आप लोग चैलेंज कर रहे हैं और जो मुक्त संस्थाएं हैं आप किस किस पर आरोप धर रहे हैं? चुनाव आयोग के द्वारा तो आप भी कई बार जीते हैं।

कई जगह जीते हैं। कई जगह आपकी भी सीटें आई है। जब आपकी भी कई जगह सीटें आई है और आप उसमें जीते हैं। वही चुनाव आयोग ने आपके चुनाव कराए। आप कह रहे हो बैलेट से कराओ। बैल से करा लो। आप कह रहे हो मशीन से कराओ, मशीन से करा लो। अरे भाई साहब आप जिस तरीके चाह रहे हो रहा है। हो क्या रहा है कि आपको देवतुल्य जनता ने डिलीट मार दिया है और अब आपको मतदान नहीं मिलने वाले हैं।

आप बार-बार फ्लाइटों से विदेश जावें और वहां से कुछ सीख के आवें और यहां की अराजकता फैलाएं। उससे कतई कोई फर्क नहीं पड़ने वाला। बॉलीवुड के कलाकार हैं नसीरुद्दीन साहब। वो कह रहे हैं कि वो खुद के लिए कह रहे हैं कि हां मैं दिमागी नक्सल हूं और बोले देश में टुकड़े-टुकड़े गैंग अगर कहते हो तो वो भी हूं। बोले कितना भड़काओगे देश के युवाओं को? बीजेपी और बीजेपी के पदाधिकारियों पर और परोक्ष रूप से पीएम पर भी निशाना सा। देखिए देश में कुछ इस प्रकार के भांड है। जिन भांडों ने देश में देश का खारे हैं। मैं आज से बहिष्कार करता हूं।

मेरी तरफ से मैं बहिष्कार करता हूं और देश की देव तुल्य जनता से अपील निवेदन करता हूं इस प्रकार के फिल्म एक्टर्स का बहिष्कार करना चाहिए जो देश विरोधी ताकतों के साथ हैं। देश के खिलाफ बोलते हैं और देश में आराजकता फैलाने के लिए लोगों को उत्तेजित करते हैं। ऐसे लोगों का विरोध करना चाहिए। इनकी फिल्म, इनका कोई विज्ञापन, इनके द्वारा कोई भी सामान बेचने के लिए कहना, इन सबका बहिष्कार करना चाहिए।

जो देश विरोधी बात करते हैं और काम करते हैं। भाई साहब आप इस देश में रहते हो, देश का खाते हो। देश की जनता ने आपको आंखों पर सर पे बैठा रखा है। फिर आप देश के खिलाफ बोलते हो। आप बल्कि युवाओं को मोटिवेट करें। उनको समझाने का काम करें। देश के विकास में सबसे बड़ा योगदान हमारे युवाओं का है। बल्कि आप माहौल खराब करने का काम कर रहे हैं। तो मैं ऐसे लोगों को बहिष्कृत करता हूं। ऐसे लोगों की निंदा करता हूं जो लोग देश में रहकर देश का खाकर देश की देव तुल्य जनता का आशीर्वाद लेकर और फिर वही देश में देश विरोधी बातें करना उनका लिए काम करना मैं इनका इनके खिलाफ निंदा करता हूं और इन लोगों को कभी भी कैसे ऐसे मंच पर नहीं देखना चाहूंगा जहां पर देश इनको सम्मानित करता है और सम्मान देता है।

दूसरी बात राहुल गांधी जी हो या प्रियंका गांधी जी हो या सोनिया गांधी जी हो या रॉबर्ट वाड्रा जी चार ही लोग तो हैं कांग्रेस के इन चार लोग परिवारवाद पार्टियों को आत्म मंथन करने की आवश्यकता है ना कि देश के प्रधानमंत्री के पिताजी को गाली देने की आवश्यकता है।

इन्हें शर्म आनी चाहिए। कौन से कॉलेज स्कूल से पढ़े हैं ये लोग? प्रधानमंत्री जी के पिताजी को जो स्वर्गीय हैं उनको गाली देना उससे क्या आपको वोट मिल जाएगा? प्रधानमंत्री जी की माता जिन्होंने घर-घर में अपना काम करके मेहनत मजदूरी करके अपने पुत्र को तैयार किया और इस देश के प्रधान सेवक के रूप में देश ने चुना उनके काम के दम पर ये देश ने तो मांग की थी कि हमें गुजरात जैसा मॉडल देश को चाहिए।

गुजरात जैसा मुख्यमंत्री प्रधानमंत्री के रूप में चाहिए। यह मांग किसने की थी? ये देवतुल्य जनता ने की थी ना कि किसी कांग्रेस बीजेपी ने की थी। जब देश की जनता उन्हें चुन चुकी है, सर आखों पर बैठा चुकी है और देश का विकास ऐतिहासिक काम हो रहा है। फिर आप इस प्रकार की मिथ्या फैलाना और कभी ज्ञानेश कुमार कभी कोई और कभी कोई और ये मुक्त संस्थाएं हैं। यह चुनाव हमारा भी कराती है। आपका भी कराती है। कई जगह आप लोग जीते हैं। लेकिन आप 99% हार रहे हैं। उसका कारण आप खुद हैं। इस पर मंथन आपको आवश्यकता है ना कि आरोप प्रत्यारोप लगाकर सड़कों पर बैठने की आवश्यकता है। मुद्दों की लड़ाई लड़नी है। सदन में लड़ें। सदन में आप जाते नहीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *