पर्दे पर देश के लिए जान छिड़कने वाले, क्रांतिकारी और देशभक्ति से ओत-प्रोत किरदार निभाने वाले ‘खिलाड़ी कुमार’ यानी अक्षय कुमार जब असल जिंदगी में अपनी कैनेडियन नागरिकता को लेकर चर्चा में आए, तो देश भर के फैंस हैरान रह गए। आइए जानते हैं कि इस सच के पीछे की पूरी कहानी क्या है और क्यों इससे फैंस का गुस्सा फूट पड़ा था।
जब सामने आया नागरिकता का सचएक वक्त था जब अक्षय कुमार की लगातार फिल्में बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप हो रही थीं। ऐसे में खुद एक्टर ने एक इंटरव्यू में खुलकर यह बात कबूल की थी कि जब उनकी फिल्में नहीं चल रही थीं, तब उनके एक दोस्त ने उन्हें कनाडा में सेटल होने की सलाह दी थी। इसके बाद उन्होंने वहां की नागरिकता के लिए अप्लाई किया और उन्हें कनाडा का पासपोर्ट मिल गया।
फिल्मों में देशभक्ति और असल जिंदगी में सवालअक्षय कुमार ने अपने करियर के एक बड़े हिस्से में ‘एयरलिफ्ट’, ‘रुस्तम’, ‘केसरी’, ‘मिशन मंगल’ और ‘सम्राट पृथ्वीराज’ जैसी कई बेहतरीन देशभक्ति फिल्में कीं। इन फिल्मों में उनके काम को खूब सराहा गया और लोग उन्हें असल जिंदगी में भी एक सच्चे देशभक्त के रूप में देखने लगे। लेकिन जैसे ही
यह बात सार्वजनिक हुई कि उनके पास भारत की नहीं बल्कि कनाडा की नागरिकता है, तो सोशल मीडिया पर एक बड़ी बहस छिड़ गई।लोगों और ट्रोलर्स ने सवाल उठाने शुरू किए कि जो अभिनेता देश की देशभक्ति और सामाजिक मुद्दों पर आधारित फिल्में बनाकर करोड़ों कमा रहा है, आखिर वह खुद भारतीय नागरिक क्यों नहीं है? इस खुलासे के बाद उन्हें ‘कनाडियन कुमार’ जैसे तानों का सामना करना पड़ा और उनके आलोचकों को एक बड़ा मुद्दा मिल गया।
फैंस की नाराजगी और इमेज पर असरदर्शकों का एक बड़ा वर्ग इस बात से आहत हुआ कि पर्दे पर देशप्रेम का संदेश देने वाले कलाकार ने निजी फायदों के लिए विदेशी नागरिकता को चुना। हालांकि, बाद में खुद अक्षय कुमार ने कई मंचों पर यह स्पष्ट किया कि वह अपनी भारतीय पहचान को लेकर कितने गंभीर हैं और उन्होंने इसके बाद भारतीय पासपोर्ट के लिए भी प्रक्रिया शुरू कर दी थी, लेकिन यह विवाद उनके करियर के सबसे चर्चित और तीखे अध्यायों में से एक बन गया।तो क्या पर्दे की देशभक्ति और असल जिंदगी की सच्चाई का यह फर्क वाकई फैंस का दिल तोड़ने के लिए काफी था? इस पर आपकी क्या राय है, हमें कमेंट करके जरूर बताएं!