सिया और चेतन ने केतन के लिए कॉन्ट्रैक्ट की सुपारी दी थी। लेकिन क्या कारण रहा कि पूरा का पूरा प्लान फेल हो गया। केतन में एक नया खुलासा हुआ है। सूत्रों के मुताबिक केतन की की साजिश सीधे किले पर ले जाकर धक्का मारने की नहीं थी बल्कि उससे पहले उसे देकर मारने या फिर हमेशा हमेशा के लिए अपंग बनाने की पूरी प्लानिंग की जा चुकी थी।
पुणे के केतन अग्रवाल केस की तहकीकात जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। और अब जांच में यह सामने आया है कि सिया ने अपने बॉयफ्रेंड चेतन के साथ मिलकर मंगेतर केतन को धीमा जहर देकर मारने की प्लानिंग की थी।
जी हां, सूत्रों के मुताबिक केतन की हत्या की साजिश सीधे किले पर ले जाकर धक्का मारने की नहीं रची गई थी। बल्कि उससे पहले उसे स्लो पोइजन देकर मारने या फिर हमेशा हमेशा के लिए अपंग बनाने की पूरी प्लानिंग की जा चुकी थी। लेकिन नहीं मिल पाने के कारण उन्होंने मर्डर का दूसरा तरीका अपनाया। सूत्रों से पता चला है कि सिया और चेतन सीधे केतन को किले से धक्का देकर नहीं मारना चाहते थे। अपंग बनाने का प्लान था उनका। वे केतन को खाने या पीने की चीज में धीमा जहर देना चाहते थे।
जिससे कि वो हमेशा हमेशा के लिए शारीरिक रूप से अक्षम या फिर अपंग हो जाए। डिसेबल्ड हो जाए और धीरे-धीरे करके उसकी हो जाए। ना मिलने पर उन्होंने तरीका बदल लिया। आरोपियों को अपनी योजना के मुताबिक या कोई ऐसा केमिकल आसानी से बाजार से उपलब्ध नहीं हो पाया। ना मिल पाने की लाचारी के कारण उन्होंने का दूसरा तरीका अपनाया। और दूसरा तरीका क्या था? किले से धक्का देने का प्लान।
धीमा जहर देकर मारने की साजिश तो नाकाम हो गई। सूत्रों का कहना है कि सिया और चेतन ने कहा कि केतन की हत्या के लिए पहले सुपारी किलर से संपर्क किया गया था। दोनों ने इसके लिए जिस व्यक्ति से बात की थी शुरुआत में उसने हत्या करने के लिए हामी भर दी लेकिन बाद में वह डर के मारे पीछे हट गया। अब यही व्यक्ति सिया और चेतन के खिलाफ इस मामले का सबसे अहम गवाह बन गया है। जानकारी के मुताबिक सुपारी को लेकर एक होटल में बैठक हुई थी। पुलिस ने उस होटल के सीसीटीवी फुटेज भी जब्त कर लिए हैं। दावा किया जा रहा है कि इसी होटल में सिया और चेतन ने कथित कॉन्ट्रैक्ट किलर से मुलाकात की थी। पूछताछ से बचने के लिए सिया चेतन ने ट्रेनिंग भी ली थी कि पूछताछ में किस तरीके से चकमा दिया जाएगा। इसको लेकर ट्रेनिंग भी ली गई थी।
बाकायदा ट्रेन किया खुद को। मामले की जांच में एक चौंकाने वाला खुलासा यह हुआ है कि आरोपी सिया और चेतन ने पुलिस के तीखे सवालों से बचने के लिए 2 घंटे का एक जैपनीज वीडियो देखा था और इस वीडियो के जरिए दोनों ने पूछताछ के दौरान शांत रहने जांच एजेंसियों को गुमराह करने की ट्रेनिंग ली थी।
पुलिस का दावा है कि दोनों की वेब हिस्ट्री ने इन वीडियो के लिए और जब हिस्ट्री खंगाली गई थी तो इन वीडियोस को बरामद किया गया है वेब हिस्ट्री से। सिया चेतन ने खाटूश्याम मंदिर में ही शादी कर ली थी। एक और बड़ा खुलासा हो रहा है कि शादी तो इन्होंने पहले ही कर ली थी और इसके अलावा एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने जानकारी यह दी है कि पुणे पुलिस की टीम ने सिया और चेतन की कथित शादी की खबरों की पुष्टि के लिए राजस्थान के खाटू श्याम मंदिर का दौरा भी किया था। पुलिस ने मंदिर पहुंचकर वहां की सीसीटीवी फुटेज मांगी लेकिन कोई सीसीटीवी फुटेज नहीं मिला। पुलिस ने कथित शादी की आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं की है और दोनों की कथित शादी की मिली हुई तस्वीरों को लेकर कहा कि इनकी सत्यता की जांच चल रही है।
फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की हर एंगल से बारीकी से जांच कर रही है। सिया और चेतन की गुप्त शादी हुई थी। पुणे ग्रामीण पुलिस की डिजिटल जांच में खुलासा हुआ है कि सिया और चेतन ने 4 महीने पहले ही परिवारों से छिपाकर गुपचुप तरीके से शादी कर ली थी। शादी के डॉक्यूमेंट्स का दबाव भी लगातार बना हुआ था। नवंबर में उदयपुर में केतन और सिया की डेस्टिनेशन वेडिंग होने वाली थी। केतन का परिवार होटल बुकिंग के लिए सिया का पहचान पत्र, आधार कार्ड और विवरण मांग रहा था। भंडाफोड़ होने का लगातार डर बना हुआ था। सिया को डर था कि अगर उसने डॉक्यूमेंट्स दिए तो उसकी पहली गुप्त शादी का सच सबके सामने आ जाएगा। और इसी घबराहट में उन्होंने केतन को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया।
तीन बार मारने की कोशिश की गई थी केतन को। पहला प्रयास जो किया गया पहला एफर्ट 14 जून को किया गया था। सिया ने केतन को 14 जून को ही मारने की कोशिश की थी। लेकिन ऐन वक्त पर उसकी हिम्मत जवाब दी गई। इसके बाद उसने चेतन को मैसेज किया कि मुझ में अकेले यह करने की हिम्मत नहीं है।
तुम भी आओ। हम दोनों मिलकर करेंगे। दूसरा प्रयास धीमे जहर देने की योजना थी। जहर की तलाश की गई जो नाकाम रही। तीसरा प्रयास 18 जून जो लास्ट कर दिया गया। और पुलिस जांच के मुताबिक 18 जून को वे केतन को लोहागढ़ किले पर ले गए। वहां पहले से तय किए गए कोडवर्ड जैसे पानी पीने बैठने का इशारा मिलते ही केतन को चट्टान से नीचे धकेल दिया गया। वेब सीरीज और दूसरे केस से प्रेरणा भी ली गई।
इंटरनेट सर्च हिस्ट्री से खुलासा हुआ है कि पुलिस ने दोनों के फोन खंगाले तो पता चला कि उन्होंने क्राइम पर आधारित कई वेब सीरीज, पडकास्ट और वीडियोस देखे थे। लगातार देखते रहते थे। हाई प्रोफाइल मर्डर केस की रिचार्ज। सिया के फोन की ब्राउजिंग हिस्ट्री से यह भी पता चला है कि उसने मेघालय के चर्चित राजा रघुवंशी मर्डर केस के बारे में पढ़ा था। जिसमें पत्नी पर हनीमून के दौरान पति की हत्या का आरोप था और वह सच कर रही थी कि उस केस में आरोपी को हाईकोर्ट से जमानत कैसे मिली। फिर आरोपियों की न्यायिक हिरासत बढ़ा दी गई। आरोपी अभी भी न्यायिक हिरासत में है और अब उनकी न्यायिक हिरासत बढ़ा दी गई है।
आपको बता दें कि अदालत ने आरोपी सिया गोयल और चेतन चौधरी की न्यायिक हिरासत 14 दिनों के लिए 29 जुलाई तक और बढ़ा दी है। इससे पहले दी गई 14 दिनों की न्यायिक हिरासत की समय सीमा आज समाप्त हो रही थी। जिसके बाद न्यायालय ने हिरासत को आगे बढ़ाने का आदेश जारी किया। फिलहाल दोनों आरोपी यरवड़ा केंद्रीय जेल में न्यायिक हिरासत में बंद