तमिलनाडु की राजनीति में इन दिनों सिर्फ सरकार और सत्ता की चर्चा नहीं है बल्कि मुख्यमंत्री थालापति विजय की निजी जिंदगी भी सुर्खियों में बनी हुई है। विजय और उनकी पत्नी संगीता स्वर्णा लिंघम के बीच चल रहा वैवाहिक विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया क्योंकि मामले की सुनवाई अब अगस्त तक टाल दी गई है। फैमिली कोर्ट में हुई हालिया सुनवाई के बाद अगली तारीख 7 अगस्त तय की गई। इसी बीच राजनीतिक गलियारों में और मीडिया में ऐसी चर्चाएं तेज हुई कि दोनों पक्ष अपने मतभेदों को बातचीत के जरिए सुलझाने की कोशिश कर रहे हैं।
सूत्रों की मानें तो परिवार के वरिष्ठ सदस्य इस पूरी प्रक्रिया में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे हैं। खासतौर पर विजय की मां शोभा चंद्रशेखर [संगीत] का नाम सामने आया जिनके बारे में कहा जा रहा है कि वह दोनों पक्षों के बीच संवाद कायम रखने की कोशिश में जुटी हैं। हालांकि इन दावों पर अब तक किसी भी पक्ष की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई। पिछले कुछ सालों में विजय के कई अहम सार्वजनिक कार्यक्रमों में संगीता की गैर
मौजूदगी ने रिश्तों में दूरी की अटकलों को जन्म दिया। वहीं बच्चों के साथ उनके लंबे समय तक विदेश में रहना भी चर्चा का विषय बना रहा। राजनीतिक विश्लेषज्ञों का मानना है कि विजय अब केवल एक फिल्मी सितारे नहीं बल्कि राज्य के मुख्यमंत्री हैं। ऐसे में उनकी निजी जिंदगी से जुड़ी हर खबर राजनीतिक महत्व भी हासिल करती है। अब सब की निगाहें अगस्त में होने वाली अगली सुनवाई पर टिकी है। सवाल यह है कि क्या यह मामला अदालत के
जरिए आगे बढ़ेगा या फिर बातचीत के रास्ते रिश्तों को एक और मौका दिया जाएगा? फिलहाल जवाब किसी के पास नहीं है। लेकिन तमिलनाडु की राजनीति में और विजय [संगीत] के समर्थक इस घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए हैं कि क्या यह रिश्ता तलाक तक पहुंचेगा या बच सकेगा। [संगीत] निष्पक्ष मतलब न्यूज़ 24