यूं तो रेखा की आंखों की मस्ती के मस्ताने हजारों हैं मगर हिंदी फिल्मों की सांवली सलोनी यह एक्ट्रेस फिल्म इंडस्ट्री में अपनी खूबसूरती और अदाओं के लिए मशहूर है बॉलीवुड की सबसे खूबसूरत और टैलेंटेड एक्ट्रेसेस में से एक रेखा को आखिर कौन नहीं जानता इनकी दिल छू लेने वाली अदाओं और जादू भरी आवाज ने उनके एक्टिंग और नजाकत के साथ मिलकर दशकों तक बॉलीवुड पर राज किया जमिनी गणेशन और पुष्पावती संतान के रूप में 10 अक्टूबर 194 को जन्मी रेखा का असली नाम भानु रेखा गणेशन है और इनका जन्म चेन्नई में हुआ था.
रेखा आज इंडस्ट्री का बड़ा नाम है लेकिन उनकी पर्सनल लाइफ आज भी एक मिस्ट्री बनी हुई है माना जाता है कि जितनी शोहरत रेखा को अपने फिल्मी करियर से मिली उतना ही दर्द पर्सनल लाइफ में मिला हमेशा से ही विवादों से घिरी रही है रेखा आज उस मुकाम पर है जहां पहुंचने के सपने लोग देखते हैं लेकिन यह शोहरत पाने के लिए रेखा को भी कड़ी मशक्कत करनी पड़ी रेखा ने बुलंदियों को छूने के लिए जो संघर्ष किया वह अपने आप में एक मिसाल है रेखा ने अपने करियर की शुरुआत 13 साल की उम्र से की थी उन्होंने तमिल फिल्मों में काम किया और फिर बॉलीवुड में आ गई यहां यश चोपड़ा और बाकी डायरेक्टर्स के साथ उन्होंने कई फिल्मों में काम किया और अपनी जब जबरदस्त एक्टिंग से खूब नाम कमाया
जहां एक तरफ रेखा हिंदी सिनेमा का जानामाना चेहरा बन रही थी तो वहीं असल जिंदगी में उन्हें पराई औरत का दर्जा दे दिया गया था 70 और 80 के दशक की बेहतरीन एक्ट्रेस में शुमार रेखा अपनी फिल्मी करियर की शुरुआत बतौर चाइल्ड आर्टिस्ट फिल्म रंगुला रत्नम से कर चुकी थी .
लेकिन 1970 में फिल्म सावन भादों से उन्हें बॉलीवुड में एक एक्ट्रेस के रूप में ऑफिशियल तौर पर पहचान मिली और उसके बाद उन्होंने अपने गुड लुक्स और ब्यूटी के साथ-साथ सिनेमा जगत में अपनी एक्टिंग का भी लोहा मनवाया रेखा की पर्सनल लाइफ में तमाम शख्स आए यहां तक कि साथ काम करने वाले बेहद कम उम्र के लोगों के साथ भी उनके अफेयर के किस्से तक गड़े गए हालांकि प्यार के मामले को लेकर रेखा हमेशा बदकिस्मत ही रही रेखा की जिंदगी में दो मुकाम ऐसे आए जिसने उन्हें बदल कर रख दिया पहला अमिताभ बच्चन से रेखा की मुलाकात और दूसरा 1990 में मुकेश अग्रवाल से उनकी शादी अमिताभ के साथ रेखा की अफेयर की अफवाहें खूब उड़ी वहीं रेखा के पति मुकेश अग्रवाल ने शादी के एक साल बाद ही कर ली थी.
जिसके बाद मुकेश के परिवार और फिल्म इंडस्ट्री के लोगों ने रेखा को खूब कोसा था इसमें सुभाष खई और अनुपम खेर जैसे बड़े लोगों का नाम भी शामिल था मुकेश के बाद रेखा ने विनोद मेहरा से शादी की थी लेकिन इस शादी को कभी मंजूरी ही नहीं मिली कहा जाता है कि जब दोनों कोलकाता से शादी करने के बाद मुंबई लौटे तो नई नवेली दुल्हन रेखा का स्वागत चप्पल से किया गया था रेखा की सास कमला इस शादी को लेकर बेहद नाराज थी जैसे ही रेखा आशीर्वाद लेने के लिए झुकी तुरंत उनकी सास ने उन्हें ढकेल दिया और उन्होंने रेखा को के लिए अपनी चप्पल भी निकाल ली और इसके बाद उन्होंने उन्हें घर में ही नहीं घुसने दिया.
वहीं अमिताभ बच्चन के साथ रेखा की प्रेम कहानी तो आज भी एक पहेली ही है कहा जाता है कि 1981 में बनी फिल्म सिलसिला रेखा और जया भा के प्रेम के बीच बटे अमिताभ की रियल लाइफ की सच्चाई पर बेस्ड थी फिल्म बहुत सफल नहीं रही बल्कि यह फिल्म रेखा अमिताभ की जोड़ी वाली आखिरी फिल्म साबित हुई रेखा का कई फिल्म एक्टस के साथ नाम जोड़ा गया.
जिसके चलते वह विवादों में भी रही अमिताभ के अलावा उनका नाम नवीन निश्चल विश्वजीत जितेंद्र शत्रुघन सिन्हा विनोद मेहरा संजय दत और अक्षय कुमार जैसे एक्टर्स के साथ जुड़ा लेकिन उनकी जिंदगी में प्यार ने घर नहीं किया इस बात का असर इंडस्ट्री में उनकी इमेज पर भी काफी हुआ था रेखा के माथे का सिंदूर आज भी राज बना हुआ है इस पर बीते कई सालों से विवाद और सवाल बरकरार हैं लोग जानना चाहते हैं कि आखिर वह किसके नाम का सिंदूर लगाती हैं रेखा ने ऋषि कपूर और नीतू सिंह की शादी में सिंदूर लगा रखा था और मंगलसूत्र भी पहना था ।
उस समय जब इसका कारण पूछा गया उनसे तो उन्होंने कहा था कि वह शूटिंग से सीधे शादी में ही आ गई थी ले लेकिन आज भी उन्हें कई बार सिंदूर लगाए देखा जाता है इसके पीछे का कारण क्या है कोई नहीं जानता हमेशा मुस्कुराती दिखने वाली रेखा के दर्द पर लोगों ने ज्यादा बात नहीं की है रेखा ने कई यादगार फिल्मों में काम किया रेखा ने सजा अलाप मुकद्दर का सिकंदर मेहंदी रंग लाएगी रास्ते प्यार के आशा ज्योति सौतन की बेटी बहुरानी इंसाफ की देवी और मदर जैसी मेन स्ट्रीम फिल्मों में काम किया।
वहीं साल 2005 में आई फिल्म परिणीता में रेखा पर फिल्म आए गए गाने कैसी पहेली जिंदगानी को सुनकर कहा जा सकता है कि यह गाना जैसे सच में रेखा की जिंदगी पर ही बेस्ड हो रेखा को अपने फिल्मी सफर में 1981 और 1989 में बेस्ट एक्ट्रेस के फिल्म फेयर अवार्ड और 1997 में एक बार फिर बेस्ट सपोर्टिंग