एक्टर नसीरुद्दीन शाह आए दिन अपने विवादित बयानों से चर्चा में गिरे रहते हैं वह कभी बॉलीवुड तो कभी राजनीतिक क्षेत्र में नेताओं पर अपनी राय प्रकट करके चर्चा में आ जाते हैं अभी ताजा-ताजा उन्होंने सीपी पर अपना बयान दिया था। उतना ही नहीं नीट पेपर लिख को लेकर उन्होंने मोदी सरकार पर भी प्रहार किया था उन्होंने मोदी सरकार को गूंगी बहरी बताया था साथ ही में कहा था कि वह मोदी को सीरियसली नहीं लेते।
एक ताजा इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि जो खुद अनपढ़ हैं, वो पढ़ाई की अहमियत नहीं जानते। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ‘झूठा’ और उनकी सरकार को ‘बहरी, गूंगी और अंधी’ कहते हुए नसीरुद्दीन शाह ने कहा कि वह मोदी को गंभीरता से नहीं लेते।
76 साल के एक्टर ने दिल्ली के जंतर-मंतर से लेकर मुंबई, बिहार, पंजाब, मिजोरम से होते हुए तिरुवनंतपुरम तक, छात्रों के विरोध प्रदर्शन को सपोर्ट किया। 20 जुलाई को दिल्ली पुलिस की कार्रवाई की निंदा की और दो टूक कहा है जो पुलिस दिन-दहाड़े , को रोक नहीं सकती, वो छात्रों पर रैपिड एक्शन फोर्स से कार्रवाई करती है।
नसीरुद्दीन शाह ने ‘द प्रिंट’ के लिए करण थापर से बातचीत की है। उन्होंने यह तब कहा है कि जब एक दिन पहले ही उन्होंने अपने इंस्टाग्राम पर प्रदर्शनकारी छात्रों के सपोर्ट में एक वीडियो पोस्ट भी शेयर किया था। जब इंटरव्यू में नसीर साहब से पूछा गया कि प्रधानमंत्री ने जिस तरह से छात्राें के आंदोलन के इस मुद्दे को संभाला है, उसे आप कैसे देखते हैं? तो दिग्गज एक्टर ने कहा, ‘मुझे बिल्कुल भी हैरानी नहीं है।’
नसीरुद्दीन शाह प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधते हुए आगे कहते हैं, ‘उन्होंने कभी किसी बात पर ईमानदारी से बात की है? क्या उन्होंने अपनी किसी गलती की जिम्मेदारी ली है? क्या उन्होंने कभी माना है कि शायद वे गलत थे? नहीं। वे तो दिव्य हैं और उनकी इस तथाकथित दिव्यता का असर उनके सभी समर्थकों पर पड़ा है। मुझे यह सब सुनकर, या देखकर हैरानी होती है कि उन्होंने कैसा जादू किया है।
वे वैज्ञानिकों के एक समूह से ‘गटर गैस’ के बारे में बात करते हैं और वे तालियां बजाते हैं। वे कहते हैं कि भगवान गणेश का सिर प्लास्टिक का नतीजा था। , और इस पर डॉक्टर तालियां बजाते हैं। हमारे साथ क्या हो रहा है? क्या कोई ऐसा नहीं है जो इस आदमी से सवाल पूछे? झूठ पर झूठ, झूठ पर झूठ।’