सीजेपी आंदोलन खत्म होने के बाद अलग-अलग तरह की राजनीतिक प्रतिक्रिया आ रही है। इसको लेकर अलग टिप्पणियां हो रही है। इस पर ज्यादा बातचीत के लिए एनसीपी शरद पवार गुड से रोहित पवार जी हमारे साथ हैं। रोहित जी महाराष्ट्र के एक मंत्री हैं।
उन्होंने सीजीपी के इस आंदोलन को लेकर जो मुंबई पुलिस ने कार्रवाई की है। उस पर उन्होंने कुछ पोस्ट करते हुए लिखा है कि क्या यह आंदोलन नीट के लिए था या गजवा-ए-ह हिंद के लिए? मंत्री नितेश राणे की मैं बात कर रही हूं। क्या हो गया है कि नितेश राणे का कभी-कभी मानसिक संतुलन यह कौन से साइड हिल जाता है वह हम नहीं बता सकते।
एक तो बहुत खराब वक्तव्य उन्होंने वहां पे किया है। लेकिन नितेश राणे का एक बहुत अलग स्टाइल होता है। वो खुद के दिमाग से काम नहीं करते। उनको फोन आता है ऊपर से और ऊपर से फोन आने के बाद वह वहां पे वक्तव्य करते हैं। ये वो सिर्फ फ्रंट मैन है। उनको किसने बताया यह स्टेटमेंट देने का वह भी हमको ढूंढना पड़ेगा। लेकिन इस तरीके से अगर आप बच्चों के आंदोलन को गलत तरीके से वहां पे कमेंट करते हो तो यह बहुत गलत बात है। उसी के साथ अगर आप देखो तो कल से बहुत सारे भाजपा के नेता प्रधानमंत्री मोदी साहब के बाजू से बात कर रहे हैं।
धर्मेंद्र प्रधान के बाजू से बोल रहे हैं। और धीरे-धीरे यह जो आंदोलन युवाओं ने वहां पे खड़ा किया था। सब विद्यार्थियों ने खड़ा किया था। उसको बदनाम करने की कोशिश यह भाजपा के नेते वहां पे कर रहे हैं। तो महाराष्ट्र में शुरुआत नीतीश राणे ने की ऐसे हमको लगता है। अभी एक तो उन्होंने जहां पे भी कमेंट किया होगा उसके नीचे अगर आपकी न्यूज़ होगी या उन्होंने ट्वीट किया होगा तो उसके नीचे के कमेंट आप पढ़ लेना तो वहां से आपको पता चल जाएगी लोगों की जन भावना क्या है। इसके साथ-साथ भाजपा से सांसद है कंगना रानौत। उन्होंने लिखा है कि आज की जो यंग जनरेशन की महिलाएं हैं उनकी जो सोच है वेस्टर्नाइज सोच है वो गटर जनरेशन है। इनकी ये तो हाउसवाइफ तक नहीं बन सकती। क्या कहेंगे? अभी महिलाओं को मैं विनती करूंगा कि महाराष्ट्र में जब भी वो आएंगे हम तो उनकी ऐसी आरती आप निकालना कि वापस वो शायद पार्लियामेंट में जा नहीं पाएंगे।
वो मुंह लेके या मूवी भी वहां पे कर नहीं पाएंगे। और मुझे लगता है कि यह जो कमेंट उन्होंने किए है बहुत गलत कमेंट किए। खुद महिला है और भावी पीढ़ी जो है जो युवा पीढ़ी है महिलाओं की उनके बारे में यह कमेंट करना एक तो यह शोभता नहीं। उसी के साथ उनको भी भाजपा के सेंट्रल टीम ने कुछ बोला होगा।
उसके माध्यम से वह वहां पे बोल रही देखो यहां पे बच्चों की साइड यह नेता नहीं ले रहे वो गलत बात है। यहां पे सिर्फ उनके नेता का बड़प्पन दिखाने की कोशिश ये जो मंत्री कर रहे हैं वो देख के इनके बारे में बहुत वो बोलते हैं ना मतलब क्यों आती है इन लोगों के ऐसे कहना पड़ेगा। एक आखिरी सवाल है पुलिस ने जो रिपोर्ट सौंपी है उसमें कई सारे ऐसे अकाउंट्स हैं जो पाकिस्तान से लिंक पाए गए हैं। उसको लेकर नितीश राणे ने टिप्पणी की थी। तो इस पर आप क्या कहेंगे? नहीं देखो आप इन्वेस्टिगेशन वहां पे करो। कोई भी अगर एकाद अकाउंट बाहर का होगा तो वो उन्होंने क्यों कमेंट किया वैसे हुआ कि वहां पे जाके इन्वेस्टिगेशन आप वहां पे करो। देखो यहां पे करोड़ों लोग रास्ते पे आए थे। वो तो क्या किसी ने एआईपी जनरेट तो नहीं किया था।
लोग वहां पे जो खड़े थे आप आपने देखा हमने देखा उन्होंने देखा। और यह जो प्रेशर बिल्ड अप हुआ ये युवाओं की एकजुट के कारण जात धर्म के आगे जाके ये हिंदुस्तानी करके सब साथ में आए थे। अभी इसमें अगर एक दो 100 अकाउंट इधर-उधर के होंगे और उसमें अगर आप करोड़ों भारतीय युवाओं को बदनाम करोगे तो यह गलत बात है।