कादर खान ने पर्दे पर लोगों को खूब हंसाया, लेकिन उनका बचपन बेहद गरीबी में गुजरा था। उन्होंने अपने इंटरव्यू में बताया था कि मुंबई की कमाठीपुरा की बस्ती में उनके परिवार के पास कई बार खाने तक के पैसे नहीं होते थे।
माता-पिता के अलग होने के बाद हालात और मुश्किल हो गए।रिपोर्टों के मुताबिक, कादर खान छोटी उम्र में मस्जिद के बाहर भीख मांगने के लिए मजबूर हुए।
कुछ स्रोतों में उनके परिवार के हफ्ते में कई दिन भूखे रहने की बात भी सामने आती है।लेकिन उनकी मां चाहती थीं कि बेटा गरीबी से निकलने के लिए पढ़ाई करे। कादर खान ने मां की बात मानी और पढ़ाई जारी रखी। आगे चलकर उन्होंने सिविल इंजीनियरिंग की शिक्षा हासिल की और कॉलेज में अध्यापन भी किया।
थिएटर के प्रति उनका जुनून धीरे-धीरे उन्हें फिल्मी दुनिया तक ले गया।बाद में वही कादर खान शानदार अभिनेता, लेखक और संवाद लेखक बने और सैकड़ों फिल्मों में अपने अभिनय व लेखन की छाप छोड़ी।
उनका सफर बताता है कि बेहद कठिन परिस्थितियों से निकलकर भी उन्होंने अपनी प्रतिभा और शिक्षा को अपनी ताकत बनाया।