कुछ समय पहले एक्टर प्रतीक स्मिता पाटिल ने अनाउंस किया था कि उन्होंने अपनी मदर का सरनेम अपने नाम के साथ जोड़ लिया है और पिता राज बब्बर का सरनेम हटा दिया है और उसके साथ ही उन्होंने अपने पिता और उनके परिवार से सारे रिश्ते तोड़ दिए।
अब प्रतीक से परिवार के इस अलगाव के बारे में बात की है उनके सौतेले भाई आर्य बब्बर ने। आर्य बब्बर जो राज बब्बर की पहली शादी से उन्हें हुए। उन आर्य बब्बर ने प्रतीक के इस नेचर के बारे में बात की और बताया कि कैसे प्रतीक हमेशा परिवार से कभी जुड़ता रहा है तो कभी टूटता रहा है। जब उसे जरूरत पड़ी तो मेरे पापा उसके पापा बन गए। लेकिन जब जरूरत निकल गई तो वह भी निकल गया। आर्य बब्बर ने कहा कि बड़े दुख की बात है। स्मिता मां को हम मां कहकर बुलाते थे। आज उन्हीं का बेटा उनके पति को अपना बाप मानने से इंकार कर रहा है। यह बहुत ही पेनफुल है।
जबकि पिता के इस रिश्ते की वजह से हमने बचपन में लोगों के बहुत ताने सुने हैं और हमारी तरफ लोगों ने उंगलियां उठाई है। लेकिन जैसे तैसे हमने उस ट्रॉमा को अपनी जिंदगी से दूर किया। जहां तक बात है प्रतीक की हमारे परिवार से दूरियां बनाने की तो प्रतीक हमेशा ऐसा करता रहा है। जब पॉकेट मनी चाहिए तब मेरे पापा उसके पापा हो गए।
जब डिफिकल्ट टाइम है तो राज बब्बर पिता बन गए। जब स्मिता पाटिल के लिए मेरे पिता ने जो घर खरीदा उस घर में प्रतीक रहना चाहता है और उस घर को लेना चाहता है तो फिर राज बब्बर फिर से उसके पिता बन गए। जब आपकी फिल्में फ्लॉप हो रही है, आपके करियर में आपको प्रॉब्लम आ रही है तब आपको पैसों की जरूरत है। तब आप राज बब्बर को अपना पापा बना लेते हो। यानी कि राज बब्बर से बेटा होने के बेनिफिट्स तो सब उसे चाहिए।
लेकिन जब राजब्बर को पिता मानने की बात आई तो उसने राज बब्बर को पिता का दर्जा देने से ही मना कर दिया। यानी कि पिता से सिर्फ लिया ही लिया है लेकिन बदले में तुम रिस्पेक्ट भी नहीं दे सक रहे हो। हालांकि आर्य बब्बर ने कहा कि प्रतीक से उनकी बात नहीं होती है। लेकिन अगर आगे चलकर परिवार के बीच कुछ चीजें ठीक हुई भी तो वह चीजें वैसी नहीं होगी जो पहले हुआ करती थी। लेकिन प्रतीक मेरा भाई है तो मैं उसे बेनिफिट ऑफ डाउट जरूर दूंगा।
बट यह भी सोचने को आता है कि वह अब 40 साल का है और 40 साल के आदमी में क्या इतना सोचने का दिमाग नहीं है कि कौन अपने हैं? कौन पराए हैं? आर्य बब्बर ने कहा कि प्रतीक का जब पहला डिवोर्स हुआ उस वक्त पिता की काफी सपोर्ट रही प्रतीक बब्बर के लिए। लेकिन जैसे ही वह डिवोर्स फाइनललाइज हो गया प्रतीक आजाद हो गया।
उसने हमारे परिवार से ही कन्नी काट ली। आपको बता दें कि राज बब्बर नादिरा बब्बर से मैरिड थे और नादिरा से उनको दो बच्चे थे। आर्य बब्बर और जूही बब्बर और नादिरा से शादी रहते हुए उन्हें स्मिता पाटिल जो एक्ट्रेस थी उनसे प्यार हो गया। स्मिता के साथ राज बब्बर मूव इन हुए और स्मिता के साथ उन्होंने बच्चा भी पैदा किया जिसका नाम प्रतीक रखा गया। हालांकि प्रेगनेंसी रिलेटेड इशूज़ की वजह से स्मिता पाटिल की डेथ हो