अनिल कपूर इन दिनों जियो हॉटस्टार पर आने वाले शो ‘इंडियाज़ 1%’ को होस्ट कर रहे हैं. यह शो काफी दिलचस्प है, लेकिन अब इसी शो को लेकर एक बड़ा विवाद सामने आया है. शो में हिस्सा लेने पहुंची एक कंटेस्टेंट ने आरोप लगाया है कि सेट पर उनके साथ बेहद खराब व्यवहार किया गया और उनकी बेइज्जती की गई. यह कंटेस्टेंट कोई और नहीं, बल्कि फिल्म इंडस्ट्री में स्टंटवुमन के तौर पर काम करने वाली गीता टंडन हैं.
गीता टंडन ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट शेयर करते हुए बताया कि उन्हें ‘इंडियाज़ 1%’ शो की तरफ से कई बार फोन आया था और अपने बेटे के साथ शो में हिस्सा लेने के लिए बुलाया गया था. शुरुआत में उन्होंने शो में जाने से मना कर दिया था, लेकिन बाद में उन्होंने यह सोचकर हामी भर दी कि भले ही इसके लिए कोई पैसे नहीं मिल रहे हैं, लेकिन शो में आने से उन्हें पहचान और पब्लिसिटी जरूर मिलेगी.
इसी उम्मीद के साथ गीता अपने बेटे को लेकर शो के सेट पर पहुंच गईं. गीता ने बताया कि उस समय उनका बेटा गोवा में था. शूटिंग की तारीख आने पर उन्होंने उसे मुंबई बुलाया और तय समय पर खुद भी सेट पर पहुंच गईं. लेकिन इसके बाद उनके लिए अगले 9 घंटे किसी टॉर्चर से कम नहीं थे.
गीता के मुताबिक, सबसे पहले तो उन्हें बैठने के लिए कोई अच्छी जगह तक नहीं दी गई. उन्हें एक टेंट में बैठा दिया गया. किसी ने उन्हें पानी तक पूछना जरूरी नहीं समझा. चलिए, पानी नहीं पूछा तो कोई बात नहीं, लेकिन कम से कम यह तो बता देते कि शूटिंग कब शुरू होगी.
गीता ने बताया कि वह और उनका बेटा लगातार इंतजार करते रहे. न कोई पानी देने आया, न शूटिंग के लिए बुलाया गया और न ही किसी ने यह बताने की कोशिश की कि आखिर हो क्या रहा है और उनका नंबर कब आएगा.
काफी समय बीतने के बाद जब उन्होंने प्रोडक्शन टीम से पूछने की कोशिश की, तो हर बार सिर्फ यही जवाब मिला कि हम आपको बताते हैं. लेकिन कोई भी वापस आकर कुछ बताने नहीं आया.
गीता ने कहा कि हमें वहां मेहमान बनाकर बुलाया गया था. हमें कोई पैसे भी नहीं मिलने वाले थे. मैंने इस शो के लिए अपना खुद का काम तक छोड़ दिया था. उस दिन मेरा एक शूट था, जिसे मैंने इस शो में आने के लिए कैंसिल कर दिया था.
जब इंतजार की हद हो गई, तो गीता ने प्रोडक्शन मैनेजर से सीधे बात की और पूछा कि आखिर शूटिंग का समय क्या है और कितनी देर में शूट शुरू होगा? लेकिन उन्हें जो जवाब मिला, वह हैरान करने वाला था. प्रोडक्शन मैनेजर ने कहा कि अगर आपको जाना है तो आप जा सकती हैं.
इतने घंटे इंतजार कराने के बाद इस तरह का जवाब मिलने से गीता काफी नाराज हो गईं. उन्होंने बताया कि वहां से निकलने से पहले उनसे कुछ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर भी करवाए जाने लगे. जबकि जब वे सेट पर पहुंची थीं, तब उनसे किसी भी तरह के कागजात पर साइन नहीं करवाए गए थे.
आखिरकार 9 घंटे तक इंतजार करने के बाद रात 9 बजे गीता अपने बेटे के साथ बिना शूटिंग किए ही सेट से वापस लौट गईं.
गीता ने बताया कि उस दिन फराह खान की शूटिंग चल रही थी और अनिल कपूर भी वहां मौजूद थे. हो सकता है कि उन्हें अपनी शूटिंग के पैसे मिले हों, लेकिन हमें तो कोई भुगतान भी नहीं किया गया. हमने अपना काम छोड़कर वहां आने का फैसला किया था, फिर भी हमारे साथ ऐसा व्यवहार किया गया.
गीता टंडन ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि क्या सिर्फ इसलिए कि हम बड़े सेलिब्रिटी नहीं हैं, हमारी कोई इज्जत नहीं है? क्या हमारे समय की कोई कीमत नहीं है? क्या हमारे साथ इस तरह बेइज्जती से पेश आया जाएगा?
उन्होंने आगे कहा कि हम भी फिल्म इंडस्ट्री में सालों से काम कर रहे हैं. हमें भी पता है कि प्रोफेशनल तरीके से काम कैसे किया जाता है. लेकिन उस दिन आपके व्यवहार में प्रोफेशनलिज्म कहीं नजर नहीं आया.
इस तरह फिल्म इंडस्ट्री की स्टंट आर्टिस्ट गीता टंडन ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां किया है. उनकी इस पोस्ट को काफी समर्थन मिल रहा है. कई जाने-माने कलाकारों ने भी गीता का साथ देते हुए कहा है कि उन्होंने बिल्कुल सही आवाज उठाई है.
दरअसल, फिल्म इंडस्ट्री में कई बार छोटे कलाकारों और तकनीकी टीम से जुड़े लोगों के साथ इस तरह का व्यवहार होने की बातें सामने आती रहती हैं. लेकिन ज्यादातर लोग चुप रहना ही बेहतर समझते हैं. उन्हें डर रहता है कि अगर उन्होंने प्रोडक्शन के खिलाफ आवाज उठाई तो भविष्य में काम मिलना मुश्किल हो जाएगा. या फिर इंडस्ट्री में उनकी छवि ऐसी बना दी जाएगी कि वे हर बात पर विवाद खड़ा करते हैं.
लेकिन इस बार गीता टंडन ने चुप रहने के बजाय अपनी आवाज उठाने का फैसला किया और इंडस्ट्री में कलाकारों के सम्मान और उनके समय की कीमत को लेकर एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया.