आपको भी अच्छा लग रहा होगा ना अपना एटीज वाला अवतार। आप भी अपनी फोटो सोशल मीडिया पर शेयर कर रहे होंगे। लेकिन कहीं आप कोई गलती तो नहीं कर रहे हैं। हर कोई 80ज के विंटेज और रेट्रो लुक को रिकक्रिएट कर रहा है। हाल ही में कई लोग एआई टूल्स का इस्तेमाल करके खुद को 80ज के दशक के किसी स्टाइलिश रॉकस्टार या विंटेज बॉलीवुड स्टार या उस दौर के ट्रडी साड़ी लुक में ढाल रहा है। इस बारे में बहुत कम लोग जानते हैं कि एक बार जब आप कोई फोटो इंटरनेट के एआई जनरेटर पर अपलोड करते हैं तो उस पर आपका कोई अधिकार नहीं रह जाता। सिस्टम आपकी फोटो से आपकी लोकेशन और आपका पर्सनल डाटा चुरा सकता है। इससे आपकी फोटो का गलत यूज होने का खतरा बढ़ जाता है। एआई से बनी यह तस्वीरें और रेट्रोपोलरइड्स इंटरनेट पर बहुत वायरल हैं। हर कोई शौक से इस ट्रेंड का हिस्सा बन रहा है। लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि अपनी असली तस्वीरें आप अनजान एआई प्लेटफॉर्म्स को दे रहे हैं।
आपके इस शौक के पीछे कई बड़े डिजिटल खतरे हैं जिन्हें जानना आज के समय में बहुत जरूरी है। तो चलिए जान ही लेते हैं जब आप यह एटीज वाला फोटो बनाते हैं और अपलोड करते हैं तो उस दौरान आप क्या गलती कर रहे हैं। एटीज वाला लुक पाने के लिए आप अपनी जिस असली फोटो को एआई को दे रहे हैं, उसका इस्तेमाल करके एआई आपकी ही शक्ल वाला एकदम असली लगने वाला फर्जी वीडियो या फोटो जिसे डीप फेक भी कहा जाता है वो बना रहा है। इससे आपकी पहचान चोरी हो रही है जो काफी खतरनाक हो सकता है। अब इसी को समझने और जांचने के लिए हमने एक तरकीब अपनाई। हमने खुद चैट जीपीटी से पूछ डाला कि क्या एटीज वाला लुक बनाना सेफ है? कहीं डाटा चुराने का खतरा तो नहीं? तो जवाब क्या आया? जवाब आया चैट जीपीटी ने हमें बताया हां एटीज वाला लुक बनाने के लिए अपनी फोटो चैट जीपीटी में देना सामान्य तौर पर सुरक्षित है। लेकिन इसे डाटा बिल्कुल कहीं स्टोर नहीं होगा। ऐसा कहना सही नहीं होगा।
आपकी अपलोड की गई फोटो ओपन एi के सिस्टम पर प्रोसेस या स्टोर हो सकती है। यह खुद चैट जीपीटी बता रहा है। कंज्यूमर चैट जीपीटी में अपनी सामग्री जिसमें इमेजेस भी शामिल है। आपकी सेटिंग के अनुसार मॉडल सुधारने के लिए इस्तेमाल हो सकती है। ओपन एआई के मुताबिक आपका डाटा बेचा नहीं जाता और एक्सेस सीमित परिस्थितियों में अधिकृत लोगों सेवा प्रदाताओं तक हो सकता है। यह चैट जीपीटी हमें आंसर दे रहा है। अगर आप ज्यादा प्राइवेसी चाहती हैं तो टेंपरेरी चैट इस्तेमाल करना बेहतर है। ऐसे चैट्स हिस्ट्री में नहीं रहते और ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल नहीं होते। सबसे जरूरी चैट जीपीटी ने इसे बोल्ड करते हुए लिखा सबसे जरूरी एटीज फोटो बनाने के लिए ऐसी तस्वीरें ना दें जिनमें आधार, पैन, पासपोर्ट, बैंक जानकारी, घर का पता या कोई दूसरी संवेदनशील जानकारी दिखाई दे। चैट जीपीटी ने यह भी बताया कि अगर आपने अपनी सामान्य पोट्रे फोटो से एटीज लुक बनाया है तो डाटा चोरी होने जैसा कोई विशेष खतरा सिर्फ इसलिए नहीं बढ़ जाता कि फोटो को एटीज स्टाइल में बदला गया। दरअसल चैट जीपीटी के इस जवाब को थोड़ा और हमने समझने की कोशिश की और फिर हमने पूछा क्या टेक कंपनियां कई बार हमारी तस्वीर का इस्तेमाल विज्ञापनों या अपने सिस्टम को और स्मार्ट बनाने में कर सकती हैं? वो भी हमारी परमिशन लिए बिना। तो उस पर भी चैट जीपीटी का जवाब आया। चैट जीपीटी ने लिखा हां ऐसा जोखिम कुछ टेक कंपनियों एप्स में हो सकता है लेकिन बिना परमिशन आपकी फोटो उठाकर विज्ञापन में लगा देना
और आपकी फोटो को सर्विस मॉडल इंप्रूवमेंट के लिए इस्तेमाल करना दो अलग बातें हैं। चैट जीपीटी ने लिखा अगर हम चैट जीपीटी ओपन एआई की बात करें तो मौजूदा नीतियों के मुताबिक आपकी अपलोड की हुई इमेजेस भी यूजर कंटेंट मानी जाती है और आपकी सेटिंग्स के मुताबिक मॉडल इंप्रूवमेंट के लिए इस्तेमाल हो सकती है। इतना ही नहीं चैट जीपीटी ने हमें यह भी सलाह दे दी कि हमें करना क्या चाहिए। चैट जीपीटी ने बताया आप सेटिंग्स, डेटा कंट्रोल्स, इंप्रूव द मॉडल फॉर एवरीवन ऑफ करके नई कन्वर्सेशंस को मॉडल ट्रेनिंग इंप्रूवमेंट से बाहर कर सकती हैं। चैट जीपीटी ने बताया कि ओपन एआई कहता है कि वो आपकी फोटो या चैट एडवरटाइर्स को नहीं देता और डाटा बेचता नहीं है। एडवरटाइर्स को आपकी चैट, इमेज, मेमोरीज या पर्सनल डिटेल्स का एक्सेस नहीं मिलता। आपके इमेज को किसी विज्ञापन में आपकी पहचान के साथ इस्तेमाल करना एक अलग मामला होगा। ओपन एआई की सामान्य कंज्यूमर पॉलिसी में ऐसा नहीं कहा गया है। ऐसा चैट जीपीटी बता रहा है। उसने बताया कि आपकी अपलोडेड फोटो को एडवर्टाइजर्स को आपकी पहचान प्रचार के लिए दिया जाता है। इसलिए एटीज वाली फोटो के लिए चैट जीपीटी की सलाह भी आई। चैट जीपीटी ने एक सलाह दी।
उसने लिखा अगर फोटो सिर्फ सामान्य पोट्रे है तो बहुत ज्यादा घबराने की जरूरत नहीं है। लेकिन अगर आप मैक्सिमम प्राइवेसी चाहते हैं तो आपको अपनी उसी चैट जीपीटी की सेटिंग ऑन करनी है। उसमें डेटा कंट्रोल में जाना है। इंप्रूव द मॉडल फॉर एवरीवन करना है। उसे ऑफ कर देना है। और सेंसिटिव फोटोस के लिए टेंपरेरी चैट इस्तेमाल करना बेहतर है। दरअसल चैट जीपीटी का कहना है कि टेंपरेरी चैट्स ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल नहीं होते और सामान्यतः 30 दिनों में सिस्टम से डिलीट हो जाते हैं। एक खास बात और यह बता रहा है चैट जीपीटी वो यह कि किसी भी रैंडम एआई फोटो एडिटर ऐप में फोटो डालने से पहले उसकी प्राइवेसी पॉलिसी पढ़ लीजिए। असली जोखिम अक्सर यही होता है कि ऐप फोटो को कितने समय तक रखता है। थर्ड पार्टीज के साथ शेयर करता है या फेशियल रिकॉग्निशन एआई ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल करता है। एआई फोटो एडिटर में अपनी फोटो डालने से पहले कुछ प्राइवेसी चेकिंग्स के बारे में चैट जीपीटी खुद भी बता रहा है।
वो कह रहा है कि योर फोटोज मे बी यूज्ड टू इंप्रूव और ट्रेन एआई ऐसी लाइन अगर आपको दिखे तो देखते ही उसे ऑफ कर दीजिए या ऑप्ट आउट करने का विकल्प है या नहीं वह चेक कीजिए। फिर फोटो कितने समय तक रखेंगे वह भी चेक करिए जिसमें यह मैसेज भी आ सकता है। वी रिटेन योर कंटेंट फॉर नंबर ऑफ डेज और नंबर ऑफ मंथ्स जैसी जानकारी दिखे। बेहतर है प्रोसेसिंग के बाद फोटो डिलीट करने का अगर विकल्प हो तो वह कर दीजिए। थर्ड पार्टीज से शेयरिंग प्राइवेसी पॉलिसी में देखें कि फोटो एडवरटाइजिंग पार्टनर्स एफिलिएट्स या थर्ड पार्टी एआई प्रोवाइडर्स के साथ शेयर तो नहीं होती। फेस बायोमेट्रिक डाटा वाली बात अगर पॉलिसी में फेशियल रिकॉग्निशन बायोमेट्रिक इंफॉर्मेशन फेस एंबेडिंग्स आदि लिखा है तो नॉर्मली फोटो एडिटिंग के लिए चैट जीपीटी खुद ऐसे ऐप से बचने की सलाह दे रहा है। चैट जीपीटी ने यह भी कहा है कि डिलीट अकाउंट हमेशा तुरंत फोटो डिलीट कर दीजिए ज्यादा बेहतर होगा। अकाउंट कंटेंट डिलीशन के बाद आप बैकअप्स में फोटो कितने समय तक रख सकते हैं वह भी देखिए। सबसे बड़ा जो रेड फ्लैग यानी वार्निंग चैट जीपीटी दे रहा है वो यह है कि अगर कोई ऐप कहे अपलोड योर फेस टू क्रिएट योर एआई अवतार लेकिन प्राइवेसी पॉलिसी में यह साफ ना बताएं कि फोटो का क्या होगा तो फोटो अपलोड ना करें और आधार पैन पासपोर्ट घर का पता ऑफिस आईडी या कोई निजी दस्तावेज दिखने वाली फोटो एआई एडिटर में बिल्कुल ना डालें। तो अब आप इतना समझ लीजिए कि आप जिस तरीके से अपने फोटो को रिकक्रिएट कर रहे हैं यानी एटीज का रेट्रो लुक देने की कोशिश कर रहे हैं वह आपके लिए खतरनाक हो सकता है। जो जानकारियां हमने आपको दी क्या वो जानकारी आपको पहले से थी? क्या आपने भी अपना एटीज वाला लुक क्रिएट किया है? क्या आपको लगता है कि यह वाकई नुकसानदेह हो सकता है? और आपका डाटा इधर-उधर आपकी परमिशन के बिना जा सकता है? तो प्लीज कमेंट बॉक्स में लिखकर जरूर बताइएगा। इसी प्रकार की वीडियोस देखने के लिए हमें सब्सक्राइब करना ना भूलें और एस्ट्रोलॉजी से जुड़ी लेटेस्ट जानकारी के लिए डाउनलोड करें माय ज्योतिष ऐप।