राजेश खन्ना जितनी अच्छे एक्टर थे उतना ही उनका स्वभाव गुस्सैल और बेबाक था,उनका आए दिन किसी से झगड़ा हुआ करता था। फिल्म सौतन के डायरेक्टर के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ।
इस फिल्म के डायरेक्टर सावन कुमार टाक कई सालों से राजेश खन्ना संग फिल्म बनाने की ख्वाहिश पाले थे। उनकी यह ख्वाहिश तक पूरी हुई जब काका के दिन अच्छे नहीं चल रहे थे। एक सुबह काका ने खुद सावन कुमार टाक को फोन करके कहा कि मेरी डायरी खाली है, जब चाहे आ जाओ।सावन कुमार टाक काका से मिलने उनके बंगले आशीर्वाद पहुंचे। पीने-पिलाने का सिलसिला देर शाम तक चलता रहा। जब सावन आशीर्वाद से निकले तो सोचा कि राजेश खन्ना जैसा सुलझा इंसान तो कोई हो ही नहीं सकता है, उनके बारे में बेवजह तमाम निगेटिव बातें कही जा रही हैं। लेकिन जब फिल्म की शूटिंग शुरू हुई तो दोनों के बीच और की नौबत आ गई।
दरअसल, सौतन की शूटिंग मॉरिशस में होनी थी। राजेश खन्ना पत्नी डिंपल, फिल्म की एक्ट्रेस टीना मुनीम, प्राण और प्रेम चोपड़ा संग शूटिंग से 2 दिन पहले ही मॉरीशस पहुंच गए। चूंकि शूटिंग में अभी दो दिन का वक्त था, ऐसे में सभी के पास घूमने फिरने के लिए पर्याप्त समय था।
राजेश खन्ना की जीवनी ‘कुछ तो लोग कहेंगे’ में लेखक यासिर उस्मान, सावन कुमार के हवाले से लिखते हैं, ”उस दौर में राजेश खन्ना का एक चमचा हुआ करता था, विजय कौल जो लेखक था। काका ने उसे सिर चढ़ा रखा था। वह भी उनके साथ मॉरीशस गया था..।
उस रात राजेश खन्ना ने विजय के साथ शुरू की और सुबह 4 बजे तक रहे। इसके बाद ड्राइवर से कहा कि उन्हें डिनर करना है और किसी रेस्टोरेंट्स चले। लेकिन ड्राइवर ने बताया कि मॉरिशस में रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक रेस्टोरेंट्स बंद रहते हैं, ऐसे में सुबह 6 बजे से पहले खाना नहीं मिलेगा। इसके बाद काका गए और देने लगे।
बकौल सावन कुमार, ‘ में राजेश खन्ना होटल के रिसेप्शन पर पहुंचे और मुझे भी देते हुए ऊपर अपने कमरे में चले गए। वो चीख-चीखकर कह रहे थे सावन कुमार क्या समझता है अपने आप को? ये घटिया इंतजाम किया है?’
उस वक्त सावन कुमार वहां नहीं थे। थोड़ी देर बाद वे रिसेप्शन पर पहुंचे और वहां से राजेश खन्ना के कमरे में फोन किया। उधर से राजेश खन्ना सावन को भी भद्दी-भद्दी बकने लगे और बुरा-भला कहने लगे।