मैंने आप लोगों को पहले ही बोला था यह भाजप वाले गुंडे भिजवाकर खुश करेंगे यहां पर। पैनिकिक नहीं करना है। सारे लोग शांति से बैठ जाइए। हमें कहीं पर भी प्रभु नहीं हो रहा है। शांति से मैं आप लोगों को इतने दिनों से यही बता रहा हूं। ये जो बेरोजगार गुंडे हैं ना आएंगे ये चड्डी वाले गुंडे आएंगे लेकिन हमें हमारा प्रोटेस्ट खराब नहीं होने देना है।
हमें ऐसे ही शांति से बैठे रहना है। पिछले एक महीने से हम बैठे हुए हैं और हम ऐसे ही शांति से ये प्रोटेस्ट करते रहेंगे। कोई भी पीछे जाएगा नहीं। कोई भी प्रवोक होगा नहीं। हमारा प्रोटेस्ट पीसफुल है।
वि अरे आने दो आने दो अरे आने दो यार क्या चल रहा है आप लोगों का क्या चल रहा है हम वहां से आ रहे थे हम सही झगड़े हुए थे तो बीच में 30 गेट्स लगा के बैठे हुए हैं तो बीच में 30 लगाए हुए हैं तो बीच में मैंने देखा उन्होंने वो ग्रीन वो ऑरेंज कलर का वो पहना हुआ है और वो बोतल फेंक रहे हैं और बच्चे कितने दूर बोल रहे हैं वो रुक नहीं रहे हैं। वो कौन है वो सुन रहे वो फेंक रहे हैं और बच्चे बाद में जो वोट फेंक रहे हैं वो वो वो वो वो वो वो वो वो वो वहीं पर पुलिस उनको कुछ नहीं बोल रही है। बाकी बच्चों को बोल रही है।
सर ये ये हमारे बच्चों में से मैं आई विद्स्स हूं। हमारे बच्चों में से किसी की कोई गलती नहीं है। वहां पे आरएसएस के लोग बैठे हैं। मैंने अपनी आंखों से देखा है वही लोगों में बोतलें फेंक रहे हैं। पुलिस वालों में बोतलें फेंक रहे हैं। हमारे बच्चों में से कोई भी नहीं है वहा पर जो किस चीज की चार्ली कर रहे हैं वो लाठी चार्ज कर रहे हैं। मैंने खुद देखा अपनी आंसू से। अभी भी आवाज ये सारे लोग यहीं दो मिनट रुकिए।
आप यहीं बैठिए सारे लोग। बिलकुल बाहर बाहर एसबी बिल्डिंग के पास एसबीआई बिल्डिंग के पास अपना नाम बता दो भाई भाई आइडेंटिटी नहीं बता रही है ना आप क्यों कर रहे हो सारे लोग प्लीज नीचे बैठ जाइए शायरी नहीं करना है अभी हमें अभी-अभी पता चला है आरएसएस के कुछ गुंडे आए जो बच्चों के ऊपर कुछ घोंसले फेंक रहे हैं और पुलिस उन्हें पूरा प्रोटेक्शन दे रही है उन आरएसएस के गुंडों को। तो ये पुलिस और बीजेपी के गुंडों का तालमेल चल रहा है।
कैसे इस प्रोटेस्ट को डिस्टर्ब किया जाए? दिल्ली पुलिस को शर्म आनी चाहिए। 20 तारीख को आपने बच्चों का खून बहाया। उससे भी आपका मन नहीं भरा है। आज फिर से आप बच्चों को मरवाना चाहते हो क्या? दिल्ली पुलिस के कमिश्नर को शर्म आनी चाहिए। सारे लोग यहीं पर नीचे बैठ जाइए प्लीज।