क्या देश के लोगों को एक बार फिर बैंक के बाहर खड़ा होना पड़ेगा? क्या एक बार फिर कतारें लगेंगी? और एक बार फिर लोगों को कैश के लिए परेशान होना पड़ेगा? ये तमाम सवाल इसलिए उठ रहे हैं क्योंकि देश में इन दिनों एक चर्चा चल रही है। यह खबर जिसकी बहुत ज्यादा चर्चा है। चर्चा यह है कि आरबीआई कुछ नए नोट लाने पर विचार कर रहा है। 500 के नोट पर सबसे पहले यह प्रयोग किया जाएगा। क्या है यह प्रयोग और आखिर किस तरह से आपके कैश पर आपकी करेंसी पर सरकार की नजर है और क्या सरकार आपकी जेब में रखा हुआ कैश आपके घर में रखा हुआ कैश एक बार फिर वापस ले सकती है
दोस्तों आपको याद होगा 2016 में नोटबंदी का फैसला हुआ था तब 500 और 1000 के नोट लीगल टेंडर नहीं रह गए थे| लोगों को बैंक के बाहर कई दिनों तक कतार लगानी पड़ी थी और फिर 2000 का नोट आया था। लेकिन फिर 2000 का वो नोट भी नहीं चल पाया। अब मार्केट में जो सबसे बड़ा नोट चल रहा है वह 500 का है और उसी को लेकर सरकार एक पायलट प्रोजेक्ट लाने की तैयारी कर रही है। हालांकि अभी यह डिस्कशन टेबल पर ही है। दरअसल सरकार की तैयारी यह है कि वह पॉलीमर के नोट लाने की तैयारी कर रही है। यानी कि प्लास्टिक के नोट मार्केट में चलाने की तैयारी है। यह कोई नई बात नहीं है। 1988 से दुनिया में प्लास्टिक के नोट चल रहे हैं। सबसे पहले ऑस्ट्रेलिया में प्लास्टिक नोट की शुरुआत हुई थी।
अब हमारे देश में प्लास्टिक करेंसी की बात क्यों हो रही है? दरअसल आरबीआई ये चाहता है कि नकली नोटों पर पूरी तरीके से लगाम लगाई जाए। और दूसरा जो सबसे बड़ा कारण है वो यह कि जो नोट होती है जो कागज की नोट है वो बहुत जल्दी गंदी हो जाती है, फट जाती है, खराब हो जाती है। लेकिन प्लास्टिक नोट आने से ऐसा बिल्कुल नहीं रहेगा। दूसरी तरफ कागज के नोट छापने में जो खर्च है वह बहुत ज्यादा बढ़ गया है। इसलिए आरबीआई में यह चर्चा चल रही है कि प्लास्टिक के नोट लाने की तैयारी की जाए।
10 साल पहले भी ऐसी चर्चा हुई थी, लेकिन तब यह फैसला लागू नहीं हो पाया था। अब यह कहा जा रहा है कि बहुत जल्द आरबीआई इसको लेकर फैसला ले सकता है। अभी इस पर विचार चल रहा है। आरबीआई गवर्नर की तरफ से कहा गया कि हम इस पर विचार कर रहे हैं। इसको देख रहे हैं कि क्या हम प्लास्टिक के नोट को चलन में ला सकते हैं। 10 और 20 के प्लास्टिक नोट लाने में समय लगेगा। अभी पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर इसकी शुरुआत 500 के नोट से हो सकती है। अब ये खबर सामने आने के बाद लोगों के मन में यह सवाल है कि क्या जो अभी करेंसी चल रही है वह बंद हो जाएगी?
आरबीआई ने इस पर साफ किया है कि अभी जो करेंसी चल रही है उसका इससे कोई लेना देना नहीं है। देश के एटीएम में पर्याप्त पैसा है। कैश की कोई कमी नहीं है। हां, हम इस पर विचार जरूर कर रहे हैं कि प्लास्टिक का नोट लाया जाए ताकि इन दिक्कतों से हम निपट सके। जो नकली नोट की समस्या है, जो ज्यादा खर्च की समस्या है, इससे निपटा जा सके। लेकिन यह फैसला तुरंत लागू होने जा रहा है। ऐसा कुछ नहीं है। और इस फैसले के लागू होने से कैश की कहीं कोई किल्लत नहीं रहेगी। हो सकता है दोस्तों कि इस पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत 500 के नोट से हो। सरकार धीरे-धीरे प्लास्टिक के नोट्स मार्केट में लाए और कागज के नोट को रिप्लेस कर दे। लेकिन अभी यह तमाम बातें सिर्फ जैसा कि मैंने आपसे कहा कि डिस्कशन टेबल पर हैं। अभी इस पर कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है। लेकिन हो सकता है कि बहुत जल्द आपके हाथों में भी प्लास्टिक की करेंसी हो। आप इस पर क्या सोचते हैं? अपनी राय कमेंट बॉक्स में हमें जरूर बताइएगा। उल्टा चश्मा यूसी को सब्सक्राइब कीजिएगा। नमस्कार।