मुंबई पुणे एक्सप्रेसवे एक ऐसा रास्ता जिस पर अक्सर लोग सफर का आनंद लेने निकलते हैं। लेकिन आज हम आपको एक ऐसे सफर की कहानी सुनाएंगे जिसने जांच एजेंसियों के होश उड़ा दिए हैं।
मामला केतन अग्रवाल और सिया गोयल से जुड़ा है। केतन और सिया बाली में अपना प्रीवेडिंग शूट कराने जाने वाले थे। लेकिन सफर के बीच में ही केतन का पासपोर्ट रहस्यमय तरीके से गायब हो गया। अब इस मामले में उस कैब ड्राइवर का एक बड़ा खुलासा सामने आया है जो उस दिन केतन और सिया को एयरपोर्ट छोड़ने जा रहा था।
ड्राइवर वैभव जाधव का दावा है कि पासपोर्ट गुम नहीं हुआ बल्कि गायब किया गया है। आखिर उस दिन एक्सप्रेसवे पर क्या हुआ था? चलिए आपको सिलसिलेवार तरीके से बताते हैं। कैब ड्राइवर वैभव जाधव ने जो बताया वह किसी फिल्म की स्क्रिप्ट जैसा लगता है। ड्राइवर के मुताबिक सुबह 10:00 बजे उसने पुणे से सवारी पिक की। सिया गोयल उस वक्त गाड़ी में बैठने को तैयार नहीं थी।
उन्हें उनके भाई साहिल ने जबरन कैब में बिठाया। इसके बाद गाड़ी रवेट पहुंची। जहां केतन अग्रवाल भी सफर में शामिल हो गए। सब कुछ सामान्य लग रहा था। लेकिन फिर अचानक मुंबई पुणे एक्सप्रेसवे पर सिया गोयल ने एक फूड मॉल के पास गाड़ी रुकवाई। उन्होंने चाय पीने का बहाना बनाया। ड्राइवर वैभव जाधव बताते हैं कि 10 मिनट बाद सिया वापस लौटी। लेकिन गाड़ी में बैठने से पहले उन्होंने ड्राइवर से डिक्की खुलवाई।
ड्राइवर के मुताबिक सिया डिक्की के पास गई और अपने फर्श से कुछ सामान निकाला और डिक्की में रखा या वहां से कुछ निकाला। यह पल इस केस का सबसे बड़ा मोड़ है। इससे 15-20 मिनट के बाद यह लोग फिर एयरपोर्ट के लिए रवाना हुए। अब कहानी का दूसरा हिस्सा सुनिए।
एयरपोर्ट पहुंचने पर सबको उतार कर ड्राइवर आगे बढ़ गया। लेकिन 2 मिनट बाद ही उसे कॉल आया कि एक छोटा बैग कैब में छूट गया है। ड्राइवर वापस लौटा, बैग दिया और फिर आगे बढ़ा। लेकिन 500 मीटर आगे जाते ही फिर फोन आया। इस बार कहा गया कि केतन का पासपोर्ट कैब में गिर गया है। ड्राइवर ने दावा किया कि उसने गाड़ी की तलाशी ली थी। पासपोर्ट नहीं था। यात्रियों ने वीडियो कॉल करके अंदर का हिस्सा चेक करवाया। फिर भी कुछ नहीं मिला।
बाद में जब ड्राइवर एयरपोर्ट वापस लौटा तो साहिल और केतन ने खुद ही गाड़ी तलाशी लेकिन पासपोर्ट कहीं नहीं था। वैभव जाधव ने एक और अहम बात कही। पुणे से रवेट तक के रास्ते में सिया गोयल और उनके भाई साहिल के बीच लगातार बहस हो रही थी। अब जांच अधिकारी इस गु्थी को सुलझाने में जुटे हैं कि क्या वह पासपोर्ट गलती से कहीं खोया या फिर उसे जानबूझकर गायब किया गया था। सिया का उस वक्त डिक्की खुलवाना और पर्स से कुछ निकालना क्या यह महज इत्तेफाक है या कोई बड़ी साजिश इस ड्राइवर के खुलासे ने केस को एक नया मोड़ दे दिया है।