क्या सुनीता अहूजा गोविंदा को ठिकाने लगाने की साजिश रच रही है? आखिर क्या है सुनीता का असली प्लान? कोमल ने सामने आकर कौन सा बड़ा खुलासा कर दिया है? क्या गोविंदा ने 40 साल पुरानी शादी तोड़कर अपनी आधी उम्र की नई हीरोइन से गुपचुप शादी रचा ली है? क्या लाल बागचा राजा के दरबार में खुलेआम हाथ थामना सिर्फ एक पब्लिसिटी स्टंट था? या सुनीता आहूजा को जिंदगी से बेदखल करने की चाल। इस पूरे विवाद की चिंगारी तब भड़की जब मुंबई के सबसे मशहूर लाल बागचा राजा के पंडाल से एक ऐसा वीडियो सामने आया जिसने सोशल मीडिया पर आग लगा दी। गणेशोत्सव के पावन मौके पर जब बप्पा के दर्शन के लिए लाखों की भीड़ उमड़ी थी, तब गोविंदा वहां पहुंचे, लेकिन अपनी पत्नी सुनीता के साथ नहीं। उनके साथ थी उनकी आने वाली फिल्म की हीरोइन कोमल रानी स्वर्णकार। लाल पीली साड़ी में सजी कोमल भीड़ के बीच गोविंदा का हाथ थामे उन्हें सहारा दे रही थी। पंडाल में जब पंडित जी ने दोनों को एक साथ तिलक लगाया, तो देखते ही देखते यह खबर फैल गई कि क्या इन दोनों ने मंदिर में गुपचुप फेरे ले लिए हैं। बदकिस्मती की बात यह थी कि उसी दिन सुनीता आूजा भी लालबागचा राजा के दर्शन करने पहुंची थी। लेकिन वे उस विशाल भीड़ में बिल्कुल तन्हा और अकेली खड़ी थी। पति का सरेआम किसी दूसरी औरत का हाथ पकड़ना और खुद का यूं तन्हा छूट जाना सुनीता के दिल पर खंजर की तरह लगा। अगले ही दिन जब मुंबई एयरपोर्ट पर पैपराजी ने सुनीता को घेरा तो वे अपने पालतू कुत्ते विंटर को गोद में लिए हुए नजर आई। उनके चेहरे का गुस्सा साफ बता रहा था कि घर के भीतर तूफान खड़ा हो चुका है। बिना किसी का नाम लिए सुनीता ने मीडिया के सामने एक तीखा बयान दिया कि इंसानों को आप चाहे कितना भी प्यार और वफादारी दे दो वे आखिर में धोखा ही देते हैं। सिर्फ जानवर ही जिंदगी भर सच्चे रहते हैं। इंसान लोगों को जितना भी प्यार करो ना फायदा नहीं है। धोखा ही देते हैं। इनको प्यार करो देखो हमेशा चिपके रहते हैं। इंसानों से अच्छे तो जानवर होते हैं भाई। इंसानों से अच्छे तो जानवर होते हैं भाई। उनके इस छोटे से बयान ने साफ कर दिया कि गोविंदा और कोमल की नजदीकियों ने उनके सब्र का बांध पूरी तरह तोड़ दिया है। एयरपोर्ट पर तंज कसने के बाद सुनीता का दर्द सीधे पश्चिम बंगाल के दक्षिणेश्वर काली मंदिर तक जा पहुंचा। मां काली के मंदिर से बाहर आकर सुनीता मीडिया के कैमरों के सामने फूट-फूट कर रो पड़ी। उन्होंने नम आंखों से कहा कि जैसे मां काली राक्षसों का वध करती हैं, वैसे ही उनके हंसते खेलते घर में भी कुछ राक्षस घुस आए हैं और वे मां के दर पर उन्हीं राक्षसों के संहार की प्रार्थना करने आई हैं। आप जानते हैं कि मां काली राक्षसों का नाश करते। मेरे भी जीवन में कुछ राक्षस है। मैं उन्हें नाश माता के द्वारा बोलने आई हूं कि उनका भी नाश करें। सुनीता ने देश की औरतों और खासतौर पर जैन जी पीढ़ी से सीधे समर्थन मांगते हुए कहा कि बिना किसी गलती के उनका 40 साल पुराना बसा बसाया घर तोड़ा जा रहा है। जितने भी जेंजी बच्चे हो औरतें हो मुझे सपोर्ट कीजिए। जो मेरे साथ हो रहा है वो अच्छा नहीं हो रहा है। ये घर मेरा टूट रहा है। उन्होंने समाज के सामने सवाल रखा कि अगर किसी और परिवार की बहू बेटी के साथ ऐसा धोखा हो तो क्या लोग चुप बैठेंगे?
अगर आपके घर की बेटी को या आपकी बहू को यह सब दिन देखना होता तो आप लोग क्या करते? सुनीता के इस दर्द भरे बयान के बाद हर किसी की नजर उस चेहरे पर टिक गई जिसकी वजह से यह आग लगी थी। यानी कोमल रानी स्वर्णकार। उत्तर प्रदेश के एक छोटे शहर से मुंबई आई कोमल एक स्ट्रगलिंग एक्ट्रेस हैं। जिन्हें गोविंदा ने अपनी कम बजट की फिल्मों रूपा और दुनियादारी में लीड रोल दिया है। पिछले कई महीनों से गोविंदा और कोमल को हर एयरपोर्ट, हर इवेंट और हर डिनर पार्टी में एक साथ देखा जा रहा था। मंदिर से आए सुनीता के बयान को अभी 24 घंटे भी नहीं बीते थे कि कोमल रानी स्वर्णकार ने सोशल मीडिया पर ऐसा जवाबी हमला किया जिसने इस पारिवारिक कलह को सीधे एक आपराधिक मुकदमे में बदल दिया। कोमल ने एक लंबी पोस्ट शेयर करते हुए सुनीता पर सीधे तौर पर गोविंदा की जान लेने की कोशिश का आरोप मढ़ दिया। कोमल ने लिखा कि जो औरत सालों से अपने ही पति को ठिकाने लगाने की कोशिश कर रही हो, उसकी बद्दुआएं या आंसू किसी का कुछ नहीं बिगाड़ सकते। खुद को घर तोड़ने वाली कहे जाने पर कोमल ने कहा कि जो घर अंदर से पहले ही सड़ चुका हो और पूरी तरह टूट चुका हो, उसे बाहर से आया कोई तीसरा इंसान कभी नहीं तोड़ सकता। कोमल ने कौवा कान ले गया की कहावत का इस्तेमाल करते हुए कहा कि जनता इतनी बेवकूफ नहीं है जो किसी के झूठे आंसुओं के पीछे भागने लगे। उन्होंने सुनीता पर आरोप लगाया कि वे जनता की सहानुभूति बटोरने के लिए आंसुओं का ड्रामा कर रही हैं। जबकि असलियत में वे एक भले इंसान को बर्बाद करने पर तुली हैं। कोमल का दावा था कि गोविंदा को सालों से प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्हें काम करने से रोका जा रहा है। घर में कैद करके लाचार बनाया जा रहा है और उन्हें इस हद तक डिप्रेशन में धकेला जा रहा है ताकि वे या तो खुद दुनिया छोड़ने का कदम उठा लें या फिर तड़प-तड़प कर ऊपर चले जाएं। कोमल ने सुनीता को शातिर और मेंटली अस्वस्थ बताते हुए वार्निंग दी कि उनका नाम किसी के निजी एजेंडे में घसीटा ना जाए। एक नई नवेली एक्ट्रेस का ऐसा पलटवार देखकर पूरी इंडस्ट्री सन्न थी। लेकिन असली धमाका तब हुआ जब गोविंदा के अपने परिवार से एक ऐसी आवाज उठी जिसकी किसी ने उम्मीद नहीं की थी। गोविंदा के भांजे कृष्णा अभिषेक की पत्नी और एक्ट्रेस कश्मीरा शाह जिनके रिश्ते सालों से सुनीता के साथ बेहद कड़वे और जगजाहिर झगड़ों से भरे रहे थे। वे अपनी सारी पुरानी रंजिशें भुलाकर अचानक अपनी मामी सुनीता की ढाल बनकर खड़ी हो गई। कश्मीरा ने फिल्म इंडस्ट्री की मर्यादा और कोस्टार्स की सीमाओं पर ऐसे तीखे सवाल दागे जिसने कोमल के दावों की हवा निकाल दी। कश्मीरा ने बेहद गुस्से में लिखा कि अपने 30 साल के करियर और 50 से ज्यादा फिल्मों के अनुभव में उनके किसी भी मेल कोस्टार को यह तक नहीं पता चला कि उनके घर या बेडरूम में क्या चल रहा है। कश्मीरा ने पूछा कि काम करते-करते ऐसा कौन सा रिश्ता बन जाता है कि कल की आई एक अनजान लड़की किसी सीनियर एक्टर के वैवाहिक जीवन पर इस कदर दावा करने लगे। सुनीता पर लगे साजिश के इल्जाम पर भड़कते [संगीत] हुए कश्मीरा ने कहा कि जब कोई औरत अपने पति और बच्चों के हक के लिए लड़ती है तो समाज उसे लड़ाकू और बदतमीज़ कहता है। लेकिन पहली बार अपने परिवार को बचाने वाली एक पत्नी को खुलेआम कातिल कहा जा रहा है। कश्मीरा के इस दखल ने साफ कर दिया कि गोविंदा के घर की यह दरार कोई अचानक आई आंधी नहीं है। बल्कि इसके बीज चार दशक पहले ही बो दिए गए थे। मार्च 1987 में जब गोविंदा ने सुनीता से शादी की थी, तब अपने करियर और फीमेल फैन फॉलोइंग के डर से उन्होंने इस शादी को पूरे 1 साल तक दुनिया से छिपा कर रखा था। बेटी टीना के पहले जन्मदिन पर जाकर कहीं दुनिया को पता चला था कि गोविंदा शादीशुदा हैं। इतना ही नहीं अपने शुरुआती दिनों में गोविंदा नीलम कोठारी के प्यार में इस कदर दीवाने थे कि उन्होंने सुनीता से अपनी सगाई तक तोड़ दी थी और नीलम से यह सच छिपाया था कि वे शादी कर चुके हैं। इसके बाद 90 के दशक में फिल्म हद कर दी आपने के सेट पर रानी मुखर्जी के साथ उनके अफेयर की खबरों ने ऐसा बवंडर खड़ा किया था कि सुनीता बच्चों को लेकर घर छोड़कर चली गई थी। उस दौर में सुनीता ने सिर्फ परिवार की साख और बच्चों के भविष्य की खातिर सब कुछ सहकर समझौता कर लिया था। लेकिन मन में दबा वही दर्द आज नासूर बनकर फूट पड़ा है।
जब इस पूरे विवाद पर गोविंदा से मीडिया ने सवाल पूछे तो उनके बयानों ने मामले को सुलझाने के बजाय और उलझा दिया। एएनआई को दिए इंटरव्यू में गोविंदा ने लालबागचा राजा के दर्शन का बचाव करते हुए एक अजीबोगरीब तर्क दिया। उन्होंने कहा कि वे सिर्फ अपनी फिल्म रूपा की सफलता के लिए आशीर्वाद लेने गए थे और अतीत में वे करिश्मा कपूर और रवीना टंडन के साथ भी मंदिरों में माथा टेकने जाते रहे हैं जिससे उनकी फिल्में ब्लॉकबस्टर होती थीं। गोविंदा का यह तर्क सुनकर पूरी इंडस्ट्री हैरान रह गई। क्योंकि करिश्मा और रवीना अपने दौर की टॉप सुपरस्टार्स थी। जबकि कोमल एक अनजान स्ट्रगलर हैं। जिनकी फिल्म का ना कोई बड़ा बजट है और ना कोई वजूद। इसके आगे गोविंदा ने यह कहकर सबको चौंका दिया कि किसी को उनकी निजी जिंदगी में ताक झांक करने का हक नहीं है। भले ही कोई अफेयर हो। अफेयर हो तो भी किसी का यह विषय नहीं है। अपने ही मुंह से अफेयर की बात कहकर गोविंदा ने खुद अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मार ली। गोविंदा की इस हालत के पीछे उनका वह हीरो सिंड्रोम है जो पिछले दो दशकों से उन पर हावी है। 62 साल की उम्र में भी वे खुद को 90 के दशक का वही जवान रोमांटिक हीरो मानते हैं और आज के दौर के हिसाब से कैरेक्टर रोल करने को अपनी तौहीन समझते हैं। इसी वहम ने उनके करियर और घर दोनों को दांव पर लगा दिया है। अब जब यशवर्धन के डेब्यू का ऐलान हुआ है तो उस फिल्म हीरो की हॉररिन में सुनीता खुद अपने बेटे की ऑन स्क्रीन मां का रोल निभा रही हैं। जिससे साफ दिखता है कि परिवार दो अलग-अलग खेमों में बंट चुका है। लेकिन इस पूरे फसाद की सबसे बड़ी और कड़वी सच्चाई वो ₹200 करोड़ की दौलत है जिसके इर्द-गिर्द यह सारा खेल रचा जा रहा है। दिसंबर 2024 में सुनीता ने फॅमिली कोर्ट में तलाक की अर्ज़ दाखिल की थी, और फरवरी 2025 में उनके मैनेजर ने भी अनबन की पुष्टि की थी। लेकिन अगस्त 2026 में अचानक सुनीता ने अपनी तलाक की अर्ज़ कोर्ट से वापस ले ली। इस फैसले के पीछे की असली वजह तब सामने आई,
जब राखी सावंत और सुनीता आहूजा के बीच हुई एक फोन कॉल की ऑडियो रिकॉर्डिंग लीक हो गई। उस लीक ऑडियो में राखी ने सुनीता से कहा कि उन्हें तलाक की जल्दबाजी बिल्कुल नहीं करनी चाहिए बल्कि पहले गोविंदा की पूरी 200 करोड़ की प्रॉपर्टी अपने और बच्चों के नाम करवा लेनी चाहिए। वरना वो नई लड़की आकर सब कुछ हड़प लेगी। मुंबई के जूहू और मढ़ आइलैंड के आलीशान बंगलों, प्लॉट्स और इन्वेस्टमेंट्स को मिलाकर गोविंदा के पास करीब 140 से 200 करोड़ का साम्राज्य है। भारतीय कानून के मुताबिक 40 साल पुरानी शादी टूटने पर आधी से ज्यादा संपत्ति और भारीभरकम गुजारा भत्ता सुनीता के हिस्से में जा सकता है। यही वो सबसे बड़ा कानूनी पेच है जिसने इस बेमेल रिश्ते को जबरन बांध रखा है।
अगर गोविंदा तलाक की पहल करते हैं, तो उन्हें अपनी जीवन भर की कमाई का बहुत बड़ा हिस्सा गवाना पड़ेगा। जो ढलती उम्र में उनके लिए तबाही जैसा होगा। और सुनीता ने अपनी अर्ज़ इसलिए वापस ले ली क्योंकि उन्हें समझ आ गया कि कानूनी तलाक होते ही गोविंदा की दूसरी शादी का रास्ता साफ हो जाएगा। आज दोनों एक ऐसे मोड़ पर खड़े हैं जहां प्यार और भरोसा पूरी तरह खत्म हो चुका है। लेकिन 200 करोड़ की जायदाद ने दोनों को एक दूसरे का कैदी बनाकर रख दिया है। गोविंदा, सुनीता और कोमल का यह विवाद अब सिर्फ बॉलीवुड का गॉसिप नहीं बल्कि एक ढलते हुए सुपरस्टार के अहंकार, टूटे हुए विश्वास और पारिवारिक बिखराव की एक दर्दनाक मिसाल बन चुका है।