पाकिस्तान के F16 लड़ाकू विमान को मार गिराने के बाद सुर्खियों में आए अभिनंदन वर्धमान ने वायु सेना और नेशनल क्रश मेजर ऋषभ सिंह सांभ्याल ने सेना छोड़ दी है। दोनों ही लोकप्रिय अधिकारियों का एक साथ भारतीय सेना से समय पूर्व रिटायरमेंट लेना चर्चा का विषय बन गया है।
लोग यह जानना चाहते हैं कि दोनों ने यह फैसला आखिर क्यों लिया। पाकिस्तान के F16 लड़ाकू विमान को मार गिराने वाले पूर्व ग्रुप कैप्टन और वीर चक्र विजेता अभिनंदन वर्धमान ने वायुसेना से रिटायरमेंट ले लिया है। वह एक प्राइवेट एयरलाइंस एफएलवाई 91 से जुड़ गए हैं। अब वह लड़ाकू विमान नहीं बल्कि यात्री विमान उड़ाएंगे। न्यूज़ [नाक से की जाने वाली आवाज़] एजेंसी पीटीआई के मुताबिक करीब दो दशक एयरफोर्स में सेवा देने के बाद यह अभिनंदन के करियर की नई पारी है। उन्होंने अगस्त 2026 से गोवा स्थित एयरलाइन के साथ पायलट के तौर पर काम शुरू कर दिया है।
इस एयरलाइन के बेड़े में अभी छह विमान हैं। अभिनंदन 27 फरवरी 2019 को पाकिस्तानी फाइटर जेट F16 गिराने के बाद उनका MAG2-21 मिसाइल की चपेट में आ गया था। उन्हें इजेक्ट होकर पीओके में उतरना पड़ा। पाकिस्तान ने करीब 60 घंटे हिरासत में रखने के बाद 1 मार्च 2019 को उन्हें भारत को सौंप दिया था। राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के पूर्व एडीसी मेजर ऋषभ सिंह सामियाल ने भारतीय सेना से प्रीमेच्योर रिटायरमेंट ले लिया है। सोशल मीडिया पर नेशनल क्रश के नाम से लोकप्रिय मेजर साियाल ने चार पैरा स्पेशल फोर्स में रहते हुए
प्रतिष्ठित बलिदान बैज भी हासिल किया है। साल 2021 के गणतंत्र दिवस परेड में मेजर ऋषभ सिंह सामियाल ने जाट रेजीमेंट की टुकड़ी का नेतृत्व किया था। उस परेड में उनकी टुकड़ी को सर्वश्रेष्ठ मार्चिंग कंटिंजेंट का सम्मान मिला था। सेना छोड़ने के बाद मेजर ऋषभ सिंह सांब्याल ने एक वीडियो जारी कर अपने फैसले की वजह बताई। उन्होंने कहा कि सेना की वर्दी पहनना उनका बचपन से सपना था और उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि एक दिन इसे समय से पहले उतारना पड़ेगा। हालांकि जीवन में कुछ ऐसी व्यक्तिगत और पारिवारिक परिस्थितियां आई जिनकी वजह से उन्हें यह फैसला लेना पड़ा। यह फैसला पूरी तरह निजी कारणों से लिया गया है। भविष्य में भी वह किसी ना किसी रूप में देश की सेवा करते रहेंगे।