नमस्कार इस चैनल पर ग्लोबल हर्ष पर हम अक्सर कुछ इस प्रकार की खबरों पर भी चर्चा करते हैं जिनको देखने के बाद सुनने के बाद उसकी ज्यादा डिटेल में जाने के बाद हम यह सोचने के लिए मजबूर हो जाते हैं क्या कभी हमारे साथ भी ऐसा हो सकता है हमारे किसी प्रियजन के साथ भी ऐसा हो सकता है और अगर ऐसा हो सकता है तो क्या हम उसको रोक सकते हैं क्या उसका कोई प्रिवेंशन कोई सावधानी संभव है कि ऐसा हमारे साथ साथ या हमारे परिजनों के साथ या हमारे जो प्रियजन है उनके साथ ना हो और कई बार यह घटनाएं कुछ नामचीन लोगों के साथ होती हैं तो निश्चित रूप से कई सवाल खड़े होते हैं। एक युवा अभिनेत्री थी 27 साल की अनन्या राज। जिनको डिटेल में जाने के बाद जब मैंने रिसर्च किया तो अनन्या सेन गुप्ता के नाम से भी जाना जाता था। 15 अगस्त को खबर आई कि इस अभिनेत्री की मौत हो गई है। ओटीटी पर काम किया इसने। अभी आगे आपको बताऊंगा। बहुत सारी डिटेल्स मैंने इनके बारे में निकाली हैं। साउथ की फिल्मों में भी काम किया। कुछ वीडियोस भी इनके आए। बॉलीवुड की कई फिल्मों में इन्होंने काम किया है और कुछ क्रिएटिव वर्क भी अपना ये करती रहती थी। डायरेक्शन वगैरह भी इन्होंने की थी और केवल 27 वर्ष की थी। बहुत खूबसूरत देखने में आकर्षक थी और जो भी काम किया उसके लिए इन्हें भरपूर सराहना भी मिली और मेरा इनमें पर्सनल इंटरेस्ट इसलिए भी जागा कि जब मैंने इनके बारे में रिसर्च की तो पता लगा कि मूल रूप से उत्तर प्रदेश की लखनऊ की रहने वाली थी लेकिन पली बड़ी मुंबई में थी और बहुत युवा थी
और जो खासतौर से इनकी मौत की वजह थी उसने मुझे चौंका दिया। सोते-सोते में ही चली गई। और सबसे महत्वपूर्ण बात कि इनके परिवार ने इस खबर को एक महीने तक लोगों से छिपा करके रखा। जब मैं रिसर्च कर रहा था तो रिसर्च के दौरान यह आया कि 15 जुलाई के दिन अनन्या की मौत हो गई। मैंने कहा कि शायद कुछ गलत सूचना मिल रही है। मैंने Google पर सब सर्च किया कि भाई 15 जुलाई या 15 अगस्त तो मुझे बताया गया कि साहब नहीं 15 जुलाई को ही मौत हुई और उनके परिवार ने एक महीने तक इस खबर को समाज से छिपाए रखा और Instagram पर एक स्टोरी डालकर जो उन्हीं का अनन्या का Instagram अकाउंट था उस पर एक पोस्ट डालकर लोगों को बताया गया कि अनन्या हमारे बीच नहीं रही। मेरे मन में पहला सवाल यही आया जो आपके मन में भी आ रहा होगा कि क्या उसने आत्महत्या की या किसी अन्य संदिग्ध परिस्थितियों में उसकी मौत हुई लेकिन जो परिवार की तरफ से पोस्ट आई है और जो भावनाएं उन्होंने व्यक्त की है उससे लगता तो नहीं कि ऐसा कुछ हुआ है। लेकिन फिर मेरे मन में यह सवाल हुआ कि ऐसा क्या हो सकता है कि इंसान सोते-सोते ही चला जाता है। ठीक-ठाक सोया परिवार वालों के साथ बात कर रहा है। खाता पीता है और उसके बाद सोता है तो और जब सुबह उठाने के लिए जाते हैं तो पता लगा मौत हो चुकी है सोते-सोते। बुजुर्गों में तो बहुत सुना है मैंने। अभी हाल ही में एक हमारे मित्र हैं उनके पिताजी की मौत हुई थी लेकिन वो 87 इयर्स के थे। वो भी सुबह 2:00 बजे के करीब जब वो उन्होंने देखा कि पिताजी कुछ हरकत नहीं कर रहे हैं तो उन्हें उठाने के लिए गए तो पता लगा कि वह तो स्वर्ग सिधार चुके हैं। ऐसा बहुत स्वाभाविक रूप से सुना। लेकिन एक फिल्म एक्ट्रेस, एक कलाकार, युवा, केवल 27 साल की प्रतिभाशाली, अच्छे खासे खाते-पीते परिवार की बिना किसी कंट्रोवर्सी के, बिना कोई ऐसा हेल्थ इशू के कैसे चली गई? परिवार वालों ने जो नोट लिखा उसमें शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को लेकर कुछ बात लिखी। उनका कहना है कि वह शारीरिक और मानसिक दिक्कत में थी। लेकिन इस चीज को खोला नहीं गया। ना यह बताया गया कि अगर शारीरिक रूप से उन्हें दिक्कत थी तो किस प्रकार की दिक्कत थी।
अनन्या का जन्म 22 अक्टूबर 1998 को लखनऊ में हुआ। हालांकि कुछ लोग जो तथ्य बता रहे हैं जो जानकारियां मिल रही है दो तरह की इनकी डेट ऑफ बर्थ मिली है। एक 10 अगस्त 1998 एक 22 अक्टूबर। कोई भी हो इससे कुछ सवाल नहीं होता है। लेकिन इनका जो पालन पोषण हुआ सपनों की नगरी मुंबई में हुआ और आप जानते हैं कि मुंबई में बॉलीवुड फिल्मों का माहौल रहता है। इनकी दिलचस्पी एक्टिंग में हुई और उसके बाद इन्होंने नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा एनएसडी मुंबई से बाकायदा ट्रेनिंग भी ली। जहां से थिएटर की बारीकियों को इन्होंने सीखा। फिर इन्होंने स्टेज पर काम शुरू करना शुरू किया और धीरे-धीरे थिएटर से ही उन्हें सफर शुरू हुआ उनका कैमरे के सामने आने का। उन्हें मॉडलिंग के कुछ असाइनमेंट मिले। इसके अलावा जो एक्टिंग का काम था उनका जो सिनेमाई उनकी यात्रा थी 2016 में सौरभ वर्मा द्वारा निर्देशित सस्पेंस थ्रिलर फिल्म 7 आवर्स टू गो यानी कि 7 घंटे के पहले 7 घंटे अभी हैं। इसके साथ उन्होंने बॉलीवुड में अपना कदम रखा। हालांकि ये फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं हुई। लेकिन इससे उनके लिए बॉलीवुड में दरवाजे खुल गए। 2017 में द फाइनल एग्जिट नाम की एक सुपर नेचुरल हॉरर फिल्म थी और इसमें उनके काम को सराया गया और दो प्रकार इसी प्रकार की दो फिल्में आ जाने के बाद उन्हें विक्रम भट्ट ने 2019 में अपनी चर्चित हॉरर फिल्म घोस्ट में काम करने का मौका दिया और अभिनेत्री के रूप में वह स्थापित हो गई। इसके अलावा उन्होंने ध्रुव लाथर द्वारा निर्देशित और तुषार कपूर जो एकता कपूर के भाई हैं बालाजी टेली फिल्म्स वाले उनकी बनाई हुई फिल्म आई थी मारीच उसमें भी एक छोटा सा कैमियो उनको मिला। हिंदी फिल्मों में उन्हें सफलता मिलने लगी तो 2022 में उन्होंने तेलुगु सस्पेंस थ्रिलर फिल्म थगदे ले इससे अपनी करियर की शुरुआत की साउथ में श्रीनिवास राजू द्वारा निर्देशित इस फिल्म में उन्होंने नवीन चंद्रा दिव्या पिल्लई पी रविशंकर जैसे दिग्गज कलाकारों के साथ काम किया। इस फिल्म में उनके द्वारा निभाया गया लीजी का किरदार बहुत सराया गया और इस फिल्म की सफलता ने उन्हें दक्षिण भारत में एक लोकप्रिय चेहरा बना दिया। इसके अलावा वह मद्रासी गैंग नामक एक तीन भाषाओं में जो फिल्म बनी थी उसमें भी थी। इसमें उन्होंने एक स्लम में मलिन बस्ती में रहने वाली लड़की का चरित्र प्ले किया था। और इसके अलावा उन्होंने कई और भी छोटे-मोटे काम किए। जी5 का कोई शो आया था पोइजन और उल्लू नाम का एक ऐप है। उसकी एक वेब सीरीज आई थी द डेविल इनसाइड। उसमें भी उन्होंने प्रमुख भूमिकाएं निभाई। उन्होंने एनिग्मा और सिल्वर गांधी जैसे समीक्षों समीक्षकों द्वारा प्रशंसित लघु लघु फिल्मों में भी काम किया। शॉर्ट स्टोरीज में भी आई। संगीत वीडियो म्यूजिक वीडियो में किए उन्होंने टी- सीरीज जी म्यूजिक टाइम्स म्यूजिक के लिए। इसके अलावा उन्होंने गालिब नामक एक म्यूजिक वीडियो बनाया था जिसमें उन्होंने डायरेक्शन भी की थी और यह बड़ा चर्चित हुआ था। तो इस तरीके से उनका काम होता रहा। लेकिन 15 जुलाई को जब वो सोई 14 जुलाई की रात को तो 15 जुलाई की सुबह वो उठ नहीं सकी और इस तरीके से उनका निधन हो गया और जो उनका Instagram अकाउंट है@ अनन्या राज डॉट ऑफिशियल इस पर 15 या 16 अगस्त को उनके परिजनों ने पोस्ट लिखी और परिवार जो उनका था उन्होंने बयान में लिखा कि अंतिम समय के संघर्षों को उन्होंने बड़े मार्मिक ढंग से बयान किया कि बड़े दुख के साथ उन्हें यह घोषणा करनी पड़ रही है कि 15 जुलाई की अल सुबह अनन्या का निधन हो गया। वह नींद में ही शांति से चल बसी और परिवार ने स्पष्ट किया कि पिछले एक साल से अधिक समय से वह शारीरिक और मानसिक परेशानी से असुविधा से गुजर रही थी और उनसे उभने के लिए उसने योद्धा की तरह संघर्ष किया।
उन्होंने बयान में अपने लिखा कि बच्चा तुम्हारी कमी खलेगी। परिवार जो बेटी के लिए इस तरह का शब्द इस्तेमाल करता है। भावुक पोस्ट थी और परिवार के इस पोस्ट के बाद लोगों को पता लगा कि यह क्या हुआ है? देखिए मेरे मन में सवाल हुआ कि सोते हुए कैसे चले जा सकता है? देखिए हो सकता है कि कोई गंभीर बीमारी उन्हें रही हो। मे बी पॉसिबल है। कुछ ऐसी परिस्थितियां भी हो जाती है कि कई बार आपको बीमारियों को पता ही नहीं चलता। और कई बार आपके दिल से संबंधित, आपके हृदय से संबंधित कुछ चीजें भी ऐसी होती हैं जो आपको निश्चित रूप से परेशानी में डाल देती है। मैंने तो बहुत सारी इस पर रिसर्च की तो पता लगा कि इस प्रकार की जो अवस्था होती है सडन डेथ या इनस्लीप इसको लेकर के बहुत सारी चीजें हैं। कुछ लोगों का कहना है कि जो अनुवांशिकी होता है यानी कि जेनेटिक आपके परिवार में भी इस प्रकार की कोई बैकग्राउंड किसी की हो तो ऐसा संभव है कि पहले कोई हृदय रोग से पीड़ित रहा हो आपके परिवार में आपके फादर दादा माता नाना तो उसका असर भी आपके बॉडी में आ सकता है और इसके अलावा यह एक जानलेवा स्थिति है जिसे कहते हैं कार्डियक अरेस्ट को और इसे सडन एरिदमेकी डेंट सिंड्रोम यानी कि एसएडी डीएस कहा जाता है। सडन एरिदमिक डेथ सिंड्रोम। यहां पर हृदय की जो इलेक्ट्रिक प्रणाली है, इलेक्ट्रिक सिस्टम है, वो अचानक खराब हो जाता है। हृदय की धड़कन अत्यधिक तेज, धीमी या अनियमित हो जाती है और यदि इसका तुरंत निदान या इलाज नहीं किया जाता है तो कुछ ही मिनटों में कार्डियक अरेस्ट बन सकता है। हार्ट अटैक आ सकता है और फिर आप समझ लीजिए कि आप मौत के मुंह में जा सकते हैं। इसके अलावा ओएसए ऑब्स्ट्रक्टिव स्लीप एपनिया यह भी एक प्रॉब्लम है जिसके बारे में ऐसा हो सकता है कि नींद के दौरान सांस लेने में जब इंसान को दिक्कत होती है, सांस बार-बार रुकती है तो इसका सीधा असर आपका जो हृदय प्रणाली है उस पर पड़ता है और सांस रुकती है तो ब्लड में ऑक्सीजन की कमी आ जाती है और ऑक्सीजन का स्तर गिरता है तो दिमाग जो है वह घबराकर शरीर में एड्रिनाइलीन का स्राव करता है। एक जो केमिकल है वह निकलता है जिससे व्यक्ति जाग जाए और सांस ले सके और यह चक्र रात में दर्जनों बार दोहराया जाता है जिससे हाई ब्लड प्रेशर या हृदय गति रुकने में अचानक वृद्धि हो सकती है। कई बार होता है कि आप झटके से उठ जाते हैं। आपको लग रहा है कि आपको पानी पीना है, आपको बाथरूम जाना है। यह भी इसी का संकेत हो सकता है कि आपका शरीर आपको अलर्ट कर रहा है। इसके अलावा अनन्या के परिवार ने जो लिखा कि एक साल से मानसिक और शारीरिक असुविधा में थी तो इसे आप कह सकते हैं कि साइकोसोमेटिक विकार जो होते हैं साइकोसोमेटिक डिसऑर्डर्स जिन्हें कह सकते हैं ये उसकी तरफ इशारा करते हैं। और जो मेडिकल साइंस है वो यह बता चुका है कि लंबे समय तक मानसिक तनाव, डिप्रेशन, आघात, गंभीर चिंता इस प्रकार के अगर आप काम करते हैं जैसे कि क्रॉनिक स्ट्रेस बहुत ज्यादा आप स्ट्रेस में हैं
तो शरीर फाइट या फ्लाइट मोड में फंस जाता है कि इनसे लड़ा जाए या उड़ा जाए। और इस तरीके से कॉर्टिसोल का जो स्तर है लगातार हाई होने लगता है और निरंतर हार्मोनल असंतुलन हृदय प्रणाली को गंभीर रूप से कमजोर करता है। ये मैं नहीं कह रहा हूं। मैंने मेडिकल साइंस से जो चीजें निकाली उसके आधार पर मैं कह रहा हूं यह भी वजह हो सकती है और इसके अलावा कोई अगर व्यक्ति लंबे समय से हृदय रोग से पीड़ित है तो उसका भी हार्ट फेलियर होने की संभावनाएं होती हैं। लेकिन इस समय में दोस्तों मेरे मन में सबसे बड़ा सवाल आया कि ये सब चीजें तो डरावने वाली हैं। जैसे वह आजकल अमिताभ बच्चन साहब का एक ऐड आता है ना पॉलिसी बाजार का कि सावधान आपने जो है पॉलिसी बाजार का कोई प्लान लिया है कि नहीं जो ₹500 महीना से स्टार्ट होता है आप तो निकल लेंगे लेकिन आपके परिवार का क्या होगा? ये एक डराने वाली चीज होती है कि आपको डरा करके बीमा लेने के लिए मजबूर किया जा रहा है। आजकल क्रिकेट मैच में आपने अक्सर वो ऐड देखा होगा। कई बार आप इसे कह सकते हैं कि डराने वाली चीज है। कई बार इस प्रकार की चीजें जैसे मैंने अभी आपको बताई इनमें से आपको लगने लगेगा कि यार मेरे साथ भी ऐसा हो रहा था। घबराने की बिल्कुल आवश्यकता नहीं है। देखिए खुश रहें, हंसते रहें और परिवार के साथ रहें। यह बहुत आवश्यक है। आपने एक किस्सा सुना होगा कि अमेरिका में एक गांव था। वहां पर लोग खाते पीते थे, दारू पीते थे, मस्ती करते थे, तली भुनी चीजें खाते थे, कोई फिजिकल वर्क भी नहीं करते थे। लेकिन किसी को हार्ट अटैक नहीं होता था। क्यों? उसकी वजह क्या थी? उसकी वजह यह थी कि वह सब एक सामूहिक परिवार में रहते थे और सामूहिक परिवार में रहने से आपके दिमाग में पॉजिटिव वाइब्स निकलती हैं और शरीर आपका पॉजिटिव रहता है तो आप नेगेटिविटी में नहीं रहते हैं। तो इसकी सबसे बड़ी जो पॉजिटिव साइन है वो यही है कि हमेशा खुश रहें और भरपूर नींद लेना बहुत आवश्यक है। कम से कम 7 आठ घंटे। अगर रात में नींद पूरी नहीं हो रही है तो दिन में खाना खाने के बाद एक घंटा आप आराम से लेट सकते हैं। लेकिन 7 आठ घंटे 24 घंटे में सोना बहुत आवश्यक है। मैं यह नहीं कह रहा हूं कि कोई मेडिसिन लें कुछ भी लें। लेकिन जो आपका शरीर है आपको इंडिकेशन देता है कि आपको असल में करना क्या है। अनन्या राज अब इस दुनिया में नहीं है। उसे वापस नहीं लाया जा सकता। पिछले साल हमने एक वीडियो बनाया था। शेफाली जरीवाला बहुत खूबसूरत अभिनेत्री थी। उसका अचानक किसी तरीके से हार्ट फेल हो गया था और मौत हो गई थी। लेकिन उस समय यह आया था कि वो गोरी दिखने के लिए, सुंदर दिखने के लिए बहुत सारी मेडिसिंस लेती थी। उनके साइड इफेक्ट्स हो सकते थे।
लेकिन अनन्या के बारे में तो ऐसा कुछ भी नहीं पता लगा है कि क्या वो इस प्रकार की कोई दवाइयां लेती थी। लेकिन फिर भी सजग रहने की आवश्यकता है। समय-समय पर अगर चाहे तो हृदय का चेकअप भी कराया जा सकता है। साल छ महीने में आप ईसीजी करा सकते हैं या टीएमपी जो ट्रेड मिल टेस्ट हो सकता है उसे भी करा लें अगर एक बार साल में और किसी कार्डियक जो कार्डियोलॉजी एक्सपर्ट हैं उनके टच में रहे तो बहुत आवश्यक है यह रहना और खासतौर से आप अगर 35 40 साल की उम्र क्रॉस कर गए हैं तो बहुत आवश्यक है। लेकिन आप यह सवाल करेंगे कि अनन्या तो 27 साल की थी तो भाई भगवान के सामने किसी की चलती नहीं है। किसी के साथ कुछ भी हो सकता है। लेकिन सिर्फ आपको अपने जीवन को कोशिश यह करनी है कि उसे नियंत्रित रखें। अनुशासित रखें। सुबह शाम 2020 मिनट की वॉक करें। पैदल चलें। हर समय गाड़ी में ना बैठे रह। हर समय यह नहीं कि छोटी सी दूरी पर जाना है तो गाड़ी ले ली, स्कूटी ले ली। अपने शरीर का आप ख्याल रखेंगे तभी आप स्वस्थ रह सकेंगे। अनन्या ने भी कुछ ऐसी लापरवाही की होगी या हो सकता है कि उसको कोई ऐसी बीमारी रही हो जो उसके परिवार को भी ज्ञात ना हो। तो अनन्या को हम श्रद्धांजलि देते हुए यह एक कोशिश करेंगे कि इस वीडियो को हम अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करें और उन्हें बताएं कि भाई खुश रहो। खुश रहना सबसे ज्यादा आवश्यक है और आप ज्यादा काम को लेकर तनाव में जब आ जाते हैं तभी चीजें बिगड़नी शुरू होती है। आज की वीडियो में इतना ही। यह वीडियो अच्छा लगे लाइक करें, शेयर करें और अभी तक हमारे इस विविधता भरे चैनल को आपने सब्सक्राइब नहीं किया है तो आज अवश्य कर लें। नमस्कार। हाय दिस इज पूजा बेदी एंड आई लाइक टू से दैट आई एम डीपली ग्रेटफुल टू हर्ष फॉर ह वंडरफुल वंडरफुल एनकरेज रिपोर्टिंग एंड द फैक्ट दैट ही ऑलवेज स्टैंड्स अप फॉर व्हाट ही थिंक्स इज राइट। थैंक यू हर्ष फॉर ऑल द सपोर्ट एंड ऑल द लव एंड रॉक ऑन एवरीवन वास वाचिंग दिस डोंट हेजिटेट टू प्रेस द लाइक शेयर सब्सक्राइब बटन ऑन ह चैनल