बॉलीवुड इंडस्ट्री की मच अवेटेड फिल्म रामायण का ट्रेलर रिलीज कर दिया गया है। रामायण के ट्रेलर को लेकर इंतजार लंबा करना पड़ा ऑडियंस को क्योंकि इंटरनेशनल लेवल पर फिल्म की काफी चर्चा हो रही है। रिसेंटली इस फिल्म का इवेंट भी हुआ लेकिन ट्रेलर नहीं आया। ट्रेलर को रोकने के पीछे की वजह थी एक शुभ मुहूर्त में ट्रेलर को रिलीज किया जाए। जहां हम देखते हैं कि ट्रेलर्स दोपहर शाम को रिलीज़ हो जाते हैं। वहीं इस फिल्म के ट्रेलर रिलीज़ ने ही बॉलीवुड के जीने का तरीका बदल दिया है।
फिल्म का ट्रेलर सुबह के 4:00 बजे ब्रह्म मुहूर्त में रिलीज़ किया गया। जो बॉलीवुड फेमस है सुबह के 4:00 बजे तक पार्टीज करने के लिए वो बॉलीवुड आज सुबह 4:00 बजे जगह रामायण का ट्रेलर देखने के लिए। तो रामायण शब्द ने ही लोगों के जीने का तरीका अभी से बदलना शुरू कर दिया है। जिस तरह से ट्रेलर रिलीज ने ही इतना बड़ा असर छोड़ा है तो क्या यह फिल्म लोगों पर उतना असर छोड़ेगी? क्या रामायण को नए तरीके से कहने की जरूरत है? तो आपको बता दें कि जरूरत तो है। खुद रामानंद सागर ने कहा था कि नए तरीके से रामायण को कहा जाना चाहिए। आज की जनरेशन के लिए नई रामायण बनानी जरूरी है। हां, कहानी सेम होनी चाहिए। मेन मकसद यही है रामायण के पीछे पब्लिक का भी इमोशन जुड़ा हुआ है। वो यही चाहती [गला साफ़ करने की आवाज़]
है कि कहानी चेंज नहीं हो। अब बात करते हैं ट्रेलर की। इस ट्रेलर से पहले फिल्म का टीजर आया था और टीजर में रणबीर कपूर का बहुत मजाक उड़ा था कि मर्यादा पुरुषोत्तम राम के चेहरे पर तो एक सरल सी हंसी रहती थी। रणबीर कपूर के चेहरे पर गुस्सा। गुस्सा तो हमारे श्री राम के चेहरे पर कभी हमने देखा ही नहीं। और वीएफएक्स की भी चर्चा हुई कि कैसे एक तूफान वाले सीन में रणबीर कपूर के बाल तक मूव नहीं कर रहे हैं। उन सारी चीजों पर मेकर्स ने खासा ध्यान दिया है। ट्रेलर के अंदर रणबीर कपूर की जो पहली ग्लिं्स दिखाई जाती है जिसमें उनके आंखों पर पट्टी है वहीं पर दिखाया जाता है कि वो मुस्कुरा रहे हैं। तो जो वो सरल सी मुस्कुराहट है वो नजर आती है। तूफान में बाल भी उड़ रहे हैं।
वीएफएक्स भी ठीक है। रणबीर कपूर और साईं पल्लवी साथ में जच भी रहे हैं माता सीता और श्री राम के रोल में। लेकिन तब तक जब तक आप यश को रावण के रूप में नहीं देखते हैं। ट्रेलर की शुरुआत ही यश से होती है रावण की एंट्री और यश ने रावण के किरदार में जान फूंक दी है। यह कुछ सीन्स से ही पता चल रहा है। तो सोचिए फिल्म में क्या किया होगा। हां ट्रेलर में एक चीज बहुत अटपटी लगी वो यह कि लारा दत्ता जो माता कैकाई का किरदार निभा रही है वो एक सीन में उल्टे पल्लू की साड़ी पहने नजर आ रही है। मेकर्स से शायद यह छूट गया है। जहां उस वक्त मुकुट और अलग तरह के कपड़े पहने जाते थे। वहीं लारा दत्ता को उल्टे पल्लू की साड़ी में दिखाना मेकर्स की एक बहुत बड़ी मिस्टेक है। शीबा चड्डा एक सीन में नजर आती है। मंत्रा के रोल में और शरपंका के रोल में रकुलप्रीत सिंह खूब जमती है। लक्ष्मण के रोल में रवि दुबे नजर आ रहे हैं। लेकिन सबको इंतजार है हमारे हनुमान जी का यानी कि सनी देओल का जिनकी एक झलक तक नहीं दिखाई गई। आखिर इस रामायण के नए ट्रेलर में हनुमान जी के दर्शन क्यों नहीं दिए मेकर्स ने? उसके पीछे रीजन है। और रीजन है फिल्म इंडस्ट्री का सबसे बड़ा सुपरस्टार आमिर खान।
आमिर खान ने रामायण का गेम बिगाड़ कर रख दिया है। बंटवारा का ट्रेलर रिलीज़ करके। रिसेंटली बंटवारा का ट्रेलर रिलीज़ किया गया। इस फिल्म के अंदर सनी देओल लीड भूमिका निभा रहे हैं और फिल्म में सनी देओल एक मुस्लिम आदमी का किरदार निभा रहे हैं। अब एक तरफ बंटवारा में मुस्लिम आदमी का किरदार करते सनी देओल और दूसरी तरफ रामायण में हमारे हनुमान जी का किरदार निभाते हुए सनी देओल दोनों चीजें कंट्राडिक्ट हो के कंट्रोवर्सी खड़ी हो सकती थी। यही वजह है कि मेकर्स ने हनुमान जी की एंट्री दिखाई ही नहीं इस ट्रेलर में और हनुमान जी की एंट्री को जानबूझकर रोका गया है। पहले लगा था कि शायद पार्ट टू में दिखाई जाएगी हनुमान जी की एंट्री। लेकिन जब रावण को ही पहले पार्ट में दिखाया जा रहा है तो फिर हनुमान जी को तो दिखाना जरूरी था। बट मेकर्स ने हनुमान जी को क्यों नहीं दिखाया? इसके पीछे रीजन नहीं दिया है। लगता है कि रीजन यही है कि इस वक्त बंटवारा से सनी देओल की जो इमेज एक बनेगी उसका कोई भी असर मेकर्स अपनी रामायण पर नहीं चाहते हैं। इसी वजह से उन्होंने जानबूझकर उन्होंने हनुमान जी के किरदार को नहीं दिखाया है। क्या आपने रामायण का ट्रेलर देखा?