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शर्मिला टैगोर ने क्यों अपने बेटे सैफ के शादीशुदा जीवन को किया बर्बाद? जानकर होश उड़ जाएंगे।

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दिल है ऐसा किसी ने मेरा तोड़ा बर्बादी आज यह दास्ता है भारतीय हिंदी सिनेमा के उस सुनहरे दौर की उस बेहद खूबसूरत दिलकश और हसीन अभिनेत्री की जिसकी अदाओं ने हिंदी सिनेमा के बड़े-बड़े अभिनेताओं के साथ-साथ कई राजनीतिक नेताओं और क्रिकेट जगत के खिलाड़ियों के होश उड़ा दिए थे यह चांद सा रोशन चेहरा जुल्फों का रंग सुनहरा ये झील स नीली आंखें 60 के दशक की इस ट्रेजेडी क्वीन बाला अभिनेत्री के हुस्न और खूबसूरती का वह आकर्षण था कि लोग इनको देखने के लिए उस दौर में सिनेमा हॉल में कई कई मील दूर से खींचे चले आते थे वादा करो नहीं छोड़ोगी तुम मेरा साथ 60 के दशक में जहां हिंदी सिनेमा की दूसरी कई मशहूर अभिनेत्र भारतीय संस्कृति को फिल्मों में बढ़ावा दे रही थी तो वहीं ऐसे में यह खूबसूरत अभिनेत्री आ गई सबके सामने बिकनी और स्विम सूट में क्यों इस अभिनेत्री के इस अवतार ने पूरे हिंदुस्तान में वो आग लगाई जिसकी थद पहुंच गई भारतीय संसद तक आपको यह सब कहने की हिम्मत कैसे पड़ी इस अभिनेत्री की जिंदगी में ऐसा क्या हुआ था कि इस अभिनेत्री को अपने वाले सभी पोस्टर और होर्डिंग्स को मुंबई की सड़कों से रातों-रात जल्दबाजी में हटवा पड़ा कुछ तो लोग कहेंगे लोगों का 60 के दशक में जहां शादी से पहले पति का चेहरा देखना माना जाता था लज्जा का पल उस वक्त में यह बोर्ड अभिनेत्री सारी मान मर्यादाओं को तोड़ते हुए अपनी शादी से पहले ही रहने लगी थी अपने प्रेमी और पति के साथ लिव इन रिलेशनशिप जैसे रिश्ते में क्या इसलिए आपने मुझे यहां लाने की शराफत दिखाई क्यों इस अभिनेत्री के प्रेम में पागल एक क्रिकेट खिलाड़ी ने मैदान पर इनके स्वागत में लगा दिए लगातार तीन और कैसे आगे चलकर उसी खिलाड़ी ने सात समुंदर पार लंदन में सबके सामने घुटनों के बल पर बैठकर कर दिया

इस अभिनेत्री को शादी के लिए प्रपोज मेरे ही पीछे आखिर पड़े हो तुम क्यों एक मैं जवान नहीं और कैसे उसी खिलाड़ी के प्रेम में अंधी इस महान अभिनेत्री ने ब्राह्मण होते हुए भी कुबूल कर लिया मुस्लिम धर्म और हमेशा के लिए बदल लिया अपना हिंदू नाम लेकिन इतनी गिरी हुई नहीं हो कि शादी के नाम पर किसी के साथ अपने जज्बात का सौदा कर इस महान अदाकारा की जिंदगी में ऐसा क्या हुआ था कि इनको दूसरी मशहूर एक अभिनेत्री ने सबके सामने जड़ दिया था जोर का तमाचा तो दूसरे मशहूर अभ अभिनेत्री ने कर दिया था इस अभिनेत्री को कई फिल्म और अपनी जिंदगी से बाहर क्यों 70 के दशक से चली आ रही इन दोनों अभिनेत्रियों की स्टारडम की लड़ाई आज भी इन दोनों के बीच सुलग रही है ये भी तो हो सकता है कि शायद किसी पागलखाने से भाग कर आई हो और कैसे इस हुस्न की मल्लिका ने अपनी खूबसूरती के बल पर छीन लिया एक दूसरी अभिनेत्री का पति और प्रेमी क्योंकि तुम जितनी अच्छी हो मैं उतनी ही बुरी हूं कैसे इस खूबसूरत अभिनेत्री के बेटे ने परिवार के खिलाफ जाकर कर ली अपने से 12 साल बड़ी एक खूबसूरत अभिनेत्री से शादी और कैसे अपने ही बेटे की इस शादी को तलाक तक पहुंचाया
इस अभिनेत्री ने क्यों इनके बेटे ने दोबारा कर ली अपने से 10 साल छोटी कपूर खानदान की सबसे खूबसूरत लड़की से शादी छ तो है तुझ से राबता कैसे हम जाने हमें क्या और क्या आप यह भी जानते हैं कि इतनी मशहूर और 2700 करोड़ की धन दौलत की मालकिन की जिंदगी में ऐसा क्या हुआ था कि यह अभिनेत्री सब कुछ होते हुए भी अपने घर पर पेन की जगह करने लगी पुताई घर की सफाई करना किसका काम है मेरा कितने रोज से सफाई नहीं रोज तो करता हूं इस टेबल पर इतनी धूल क्यों बता ंगे और भी बहुत कुछ इस शानदार खूबसूरत और हुस्न की मल्लिका की जिंदगी के बारे में वो राज जिनको सुनकर लोग हो जाएंगे हैरान थे जिनके सहारे आज हम बात कर रहे हैं हुस्न सादगी और ग्लैमर से मिलकर बनी एक ऐसी अदाकारा की जो अपने पूरे जीवन काल में अपने अभिनय से ज्यादा अपने विवादों के लिए मशहूर हुई अपनी खूबसूरती दिलकश अदाओं से इस हसीन अभिनेत्री ने हमेशा भारतीय हिंदी सिनेमा पर राज किया और आगे चलकर यह अभिनेत्री कहलाई नवाब पटौदी की महारानी और हिंदी सिनेमा की बिकनी गर्ल यानी शर्मिला टैगोर मेरे सपनों की रानी कब आएगी ।

तू आई रुत मस्तानी कब अभिनेत्री शर्मिला टैगोर खूबसूरती और हुस्न का बेजोड़ मेल हैं शर्मिला जितने काबिल अभिनेत्री रही हैं उतनी ही बिंदाज भी थी उन्होंने हिंदी सिनेमा के पर्दे पर अभिनेत्रियों की रूढ़ीवादी छवि को भी अपने ग्लैमर से तोड़ा तो वहीं सादगी की मूरत बनकर दिल धड़काए शर्मीला टैगोर भारतीय हिंदी सिनेमा की एक ऐसी अभिनेत्री हैं जिन्होंने अपने अभिनय से कई पीढ़ियों को प्रभावित किया है खूबस सूरती और हुस्न का बेजोड़ मेल शर्मीला ने फिल्मों के साथ-साथ कई अवार्ड विनिंग किरदार भी निभाए बॉलीवुड में उनकी शुरुआत से लेकर टैगोर परिवार से उनके रिश्ते बॉलीवुड में उनके विवाद साथ ही हीरोइनों से कैट फाइट क्रिकेटर मंसूर अली खान पटौदी से शादी के लिए इस्लाम कबूल करना सैफ अली खान और सोहा अली खान को पालना बेटे का खुद से सालों बड़ी लड़की से शादी कराना और फिर तलाक और अब तैमूर की दादी की कंट्रोवर्सी को कैसे हैंडल किया ।

शर्मीला के शुरुआती जीवन और उनके फिल्मी सफर से रात के हम सफर सबके घर था मेरा लिख लिया ना शर्मिला टैगोर का जन्म 8 दिसंबर 1944 को हैदराबाद में एक हिंदू बंगाली परिवार में हुआ उनके पिता गीतेंद्र नाथ टैगोर तत्कालीन एल्गिन मिल्स के ब्रिटिश इंडिया कंपनी के मालिक थे उनकी पत्नी और शर्मिला की मां ईरा टैगोर एक हाउसवाइफ थी।

शर्मिला की दो बहनें और हैं जिनमें शर्मिला सबसे बड़ी थी शर्मिला ने आसनसोल के सेंट जॉन्स डायोसेस गर्ल्स हायर सेकेंडरी स्कूल और लोरेटो कॉन्वेंट में पढ़ाई की लेकिन इनकी पढ़ाई ज्यादा दिन तक नहीं चल पाई मात्र 13 साल की उम्र में ही इनको स्कूल छोड़ना पड़ा क्योंकि शर्मिला ने छोटी उम्र में ही बंगाली फिल्मों में काम करना शुरू कर दिया था जिसकी वजह से स्कूल में इनकी उपस्थिति और प्रदर्शन में गिरावट आ गई जिससे टीचर्स को लगा कि इनका गलत प्रभाव दूसरे बच्चों पर भी पड़ेगा इसीलिए स्कूल वालों ने शर्म से फिल्म्स और पढ़ाई में से किसी एक को चुनने को कहा तो ऐसे में पिता की सलाह पर शर्मिला ने फिल्मों को चुना शर्मिला ने अपने करियर की शुरुआत महज 13 साल की उम्र में ही सत्यजीत रॉय की फिल्म अपूर संसार से की थी इस फिल्म में उनका किरदार एक अभागी विधवा का था इतनी छोटी सी उम्र में एक विधवा के अभिनय को निभाना अपने आप में किसी के लड़ने के जैसा था लेकिन शर्मीला ने अपनी उम्र से बढ़कर इस किरदार को निभाया इनके जबरदस्त अभिनय को देखकर हर कोई हैरान रह गया इस फिल्म में निभाए अभिनय की वजह से यह बंगाली सिनेमा में मशहूर हो गई सत्यजीत राय सहित उनको कई निर्देशकों ने उन्हें अपनी फिल्मों में अभिनय करने का मौका दिया।

हिंदी फिल्मों में आने से पहले शर्मिला देवी बंगाली फिल्मों में काम कर चुकी थी उनका बंगाली सिनेमा से निकलकर हिंदी में पैर जमाना बाकी था और उनका यह इंतजार साल 19664 में खत्म हुआ जब शक्ति सामंत ने उनको अपनी फिल्म कश्मीर की कली के लिए साइन किया दीवाना हुआ बादल सावन के घटा इसमें उनके साथ उनके हीरो थे शम्मी कपूर फिल्म जबरदस्त हिट रही और शर्मीला की खूबसूरती और दिलकश अदाओ ने हिंदुस्तान की जनता का दिल जीत लिया इ शारों में दिल लेने वाले बता इसके बाद शर्मिला साल 1967 में आई रोमांटिक थ्रिलर एंड इवनिंग इन पेरिस फिल्म में एक बार फिर से अभिनेता शम्मी कपूर के साथ नजर आई और यही वह फिल्म थी जिसकी वजह से शर्मीला को पूरी दुनिया में मशहूर कर दिया गया
दीवाने का नाम तो पूछो प्यार से देख और इस फिल्म में भारतीय हि सिनेमा को पहली बार वो अभिनेत्री मिली थी जिसने अपना खूबसूरत बोल्ड अवतार दिखाया था यह फिल्म उस दौर में आई थी जब शर्मिला के अलावा दूसरी अभिनेत्री हिंदी सिनेमा में एक भारतीय नारी संस्कारी बहू बेटी और भाभी की भूमिकाओं को निभा रही थी और यही वह समय भी था जब सिनेमा में काम करने वाली सभी अभिनेत्रियों को अच्छी लड़की नहीं माना जाता था।

तो ऐसे में रूढ़ी वाती समय में में शर्मीला ने पहली बार हिंदी सिनेमा में बिकनी पहनकर वो बोल्ड रंग रूप की काया को दिखाया जिसको देखकर शर्मीला की कहीं तारीफ हुई तो कहीं इनकी दिन रात आलोचनाएं हुई लेकिन इस फिल्म में बोल्ट अभिनय दिखाकर शर्मीला ने हिंदी सिनेमा की पहली बिकनी गर्ल या बिकनी अभिनेत्री का खिताब हासिल कर लिया था हालांकि यह फिल्म उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी लेकिन फिल्म का रिजल्ट कुछ भी रहा हो पर शर्मीला को इस फिल्म ने पूरे भारत में लोकप्रिय कर दिया था
ले जा ले जा ले जा मेरा दिल ी दुनिया तेरी महफील सब इस फिल्म के बाद शर्मीला की बोल्डनेस की सभी जगह चर्चा हो रही थी तो ऐसे में शर्मिला टैगोर ने एक बार फिर से वो बबाल मचा दिया जिसकी चर्चा और आग भारतीय संसद तक भी पहुंच गई दरअसल शर्मीला ने एक बार फिर से फिल्म फेयर मैगजीन के कवर के लिए पहले से ज्यादा बोल्ड फोटो शूट करा दिया बताया जाता है कि जब शर्मीला टैगोर इस फोटो शूट के लिए स्टूडियो पहुंची थी तो फोटोग्राफर धीरें चावड़ा ने उनसे पूछा कि आज वह अपने फोटोशूट में क्या ड्रेस पहनेंगी तो तभी बिंदास और बेबाक शर्मीला ने अपना पर्स खोला और उसमें से टू पीस फ्लोरल स्विम सूट पर्स से निकाला और कहा कि मैं इसमें फोटो शूट करवाऊंगी एक बार के लिए तो फोटोग्राफर धीरे रेन चावड़ा भी उनके टू पीस बिकनी के अंदाज को देखकर हक्के वक्के रह गए लेकिन शर्मिला टैगोर बड़े आत्मविश्वास के साथ इस फोटोशूट को अंजाम दे रही थी शर्मीला का यह फोटोशूट भारत का पहला रंगीन फोटोशूट था किसी मैगजीन के लिए फिर क्या था जैसे ही फोटो लोगों के सामने आए तो यह फोटो रातों-रात पूरे भारत और दुनिया में चर्चित हो गए क्योंकि पहली बार कोई हिंदी सिनेमा की अभिनेत्री बिकनी में बोल्ड पोस्ट देते हुए देखी गई यह वो दौर था जब घर की बहू और बेटियां घूंघट से अपना मुंह तक बाहर नहीं निकालती थी तो ऐसे में इस अभिनेत्री के इन फोटोस पर विवाद उठना तो लाजमी था लोगों ने शर्मीला को अश्लील अभिनेत्री का तमगा दे दिया।

लोगों को लगने लगा कि शर्मिला भारतीय संस्कृति के नाम पर काला धब्बा लगा रही हैं लिहाजा आलोचनाओं की यह आग राजनीतिक नेताओं के घरों तक जा पहुंची जिसके बाद कुछ सामाजिक नेताओं ने शर्मिला टैगोर के अंग प्रदर्शन को देश की संसद में भी मुद्दा बनाकर उठाया काफी बवाल हुआ और शर्मिला टैगोर को अपने इस काम के लिए माफी मांगने के लिए कहा गया आज मेरी वजह से तुम्हारा कितना अपमान हुआ इससे इससे मैं मर जाती थी तो अच्छा होता लेकिन शर्मीला ने कभी भी इसके लिए किसी से भी कोई माफी नहीं मांगी और अपने कदम आगे की तरफ ही बढ़ाती चली गई अब तो मेरी दुनिया ही अलग है जिसमें ना लोगों का डर है ना लोक लाज की परवाह शर्मिला टैगोर जितनी बिंदास रही उतनी ही हिंदी सिनेमा के काबिल अभिनेत्री भी साबित हुई शर्मीला ने हिंदी सिनेमा के पर्दे पर अभिनेत्रियों की रूढ़ीवादी छवि को भी अपने ग्लैमर से तोड़ा तो वहीं शर्मीला की शानदार अदाकारी और दर्शकों की मांग ने जल्दी ही उन्हें एक महान अभिनेत्री के रूप में भारतीय हिंदी सिनेमा में स्थापित कर दिया था

तेरा मस्ताना प्यार मेरा दीवाना भूल कोई साल 1966 शर्मिला के करियर में मील का पत्थर साबित हुआ इस साल शर्मिला की पांच फिल्में अनुपमा देवर सावन की घटा यह रात फिर ना आएगी रिलीज हुई पांचों फिल्में उनकी बेहतरीन अभिनय के लिए सराही गई शर्मीला ने एक के बाद एक कई सारी हिट फिल्में की और अपना नाम बॉलीवुड की सफल और सादगी की मूरत वाली अभिनेत्रियों में दर्ज करवा लिया शर्मीला टैगोर ने उस दौर में हिंदी सिनेमा के सभी बड़े सुपरस्टार्स एक्टर के साथ काम किया शर्मीला की खूबसूरती और अदाओं का जादू ऐसा था कि सभी बड़े-बड़े अभिनेता शर्मीला को अपनी फिल्म में लेना चाहते थे और शर्मीला ने भी सभी के साथ एक्टिंग करते हुए हिंदी सिनेमा को फिल्मों के जरिए एक नई पहचान दी शर्मीला टैगोर और राजेश खन्ना की जोड़ी को सबसे ज्यादा पसंद किया गया ।

शर्मीला टैगोर राजेश खन्ना की जोड़ी ने कई सफल फिल्में दी जिसमें सबसे उल्लेखनीय रोमांटिक ड्रामा आराधना सफर छोटी बहू अमर प्रेम राजा रानी दाघ अ पोयम ऑफ लव और आविष्कार जैसी फिल्में शामिल हैं इन सभी फिल्मों ने उन्हें उस समय की सफलतम अभिनेत्री के रूप में स्थापित किया आज भी इन दोनों की जोड़ी को भारतीय हिंदी सिनेमा की सबसे महान ऑन स्क्रीन जोड़ी माना जाता है मेरे दिल में आज क्या है तू कहे तो मैं शर्मीला ने फिल्म अभिनेता उत्तम कुमार के साथ भी कई फिल्मों में काम किया जिसमें नायक द्विभाषी नाटक अमानुष आनंद आश्रम और दूरिया जैसी फिल्में शामिल है सारा प्यार तुम्हारा मैंने बांध लिया है इसके बाद शर्मीला की उनके करियर की सबसे बेहतरीन फिल्म मौसम आई जिसमें यह संजीव कुमार के साथ काम कर रही थी गुलजार की इस संगीत रोमांस से भरपूर फिल्म के लिए शर्मीला को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी मिला था दिल ढूंढता है हो दिल ढूंढता है फिर वही इसके बाद शर्मीला ने धर्मेंद्र के साथ देवर अनुपमा मेरे हमदम मेरे दोस्त सत्य काम यकीन चुपके चुपके एक महल हो सपनों का में शानदार और जबरदस्त दस्त काम किया चलो सजन जहां तक भ च इसके बाद ये नजर आए इस सदी के महानायक अमिताभ बच्चन के साथ जिनके साथ शर्मीला ने चुपके चुपके फरार और बेशर्म जैसी फिल्मों में अभिनय किया मैं प्यासी तुम सावन फिर यह नजर आए अभिनेता शशि कपूर के साथ आ गले लग जा और पाप और पुण्य जैसी बेह न फिल्मों में तेरा मुझसे है पहले का नाता कोई यूं ही नहीं शर्मीला टैगोर को आज भी हिंदी फिल्मों में वक्त अनुपमा देवर आमने सामने मेरे हमदम मेरे दोस्त मौसम सत्य काम चुपके चुपके जैसी हिंदी फिल्मों के साथ बंगाली फिल्मों के लिए भी याद किया जाता है कोई भड़के तो दोस्तों यह तो रहा शर्मिला टैगोर का फिल्मी सफर अब बात करते हैं शर्मिला टैगोर के निजी जीवन और विवादों की जिसकी वजह से शर्मीला आज तक चर्चाओं में रहती हैं यह तो हम सभी जानते हैं कि शर्मीला नवाब पटौदी की बेगम थी ।

लेकिन यह उस वक्त खानदान की बेगम कैसे बनी और उसके लिए उन्होंने क्या कीमत चुकाई क्यों शर्मीला पर हिंदी सिनेमा की दूसरे अभिनेत्री के पति और प्रेमी को भी छीनने का इल्जाम लगा था शर्मिला जब जिंदी सिनेमा की फिल्मों में काम कर रही थी इनकी जिंदगी में आए भारतीय क्रिकेटर और भोपाल के नवाब मंसूर अली खान पटौदी शर्मीला से मिलने से पहले नवाब मंसूर पहले से ही हिंदी सिनेमा की दूसरी अभिनेत्री के साथ रिश्ते में थे मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो नवाब मंसूर अली खान पटौदी अभिनेत्री सिमी ग्रेवाल के साथ प्यार के रिश्ते में थे दोनों का अफेयर चरम पर था एक तरफ नवाब मंसूर का क्रिकेट करियर अपने उफान पर था तो दूसरी तरफ वे सिमी ग्रेवाल के साथ एक मजबूत रिश्ते की ओर बढ़ रहे थे दोनों के अफेयर के चर्चे सिर्फ बॉलीवुड में ही नहीं क्रिकेट जगत में भी हो रहे थे सिमी और मंसूर अक्सर पब्लिक इवेंट्स में तो कभी साथ में घूमते तो कभी साथ में पार्टी करते हुए मिल जाते थे रिपोर्ट्स की माने तो नवाब मंसूर सिम्मी को लेकर सीरियस थे और शादी भी करना चाहते थे यहां तक कि वह अपने परिवार से सिम्मी को मिलाने की तैयारी कर रहे थे ।

लेकिन इनकी कहानी ने तब नया मोड़ ले लिया जब मंसूर अली खान की मुलाकात शर्मीला टैगोर से हुई शर्मिला टैगोर और मंसूर अली खान एक पार्टी के दौरान एक दूसरे से मिले थे खबरों के अनुसार दोनों की मुलाकात इनके दोस्तों ने कराई थी नवाब साहब एक अफेयर में होते हुए भी शर्मिला की खूबसूरती और दिलकश अदाओं के सामने अपना दिल हार बैठे शर्मीला को भी नवाब साहब भा गए पहली ही नजर में दो दोनों ने एक दूसरे को पसंद कर लिया था शर्मीला के जीवन में आने के बाद नवाब पटौदी ने सिमी ग्रेवाल के साथ धोखा किया और अपना रिश्ता खत्म करने का फैसला किया और एक दिन वे उनके घर पहुंच गए जहां बिना समय गवाए उन्होंने सिम्मी से कहा कि अब वो इस रिश्ते को और आगे नहीं ले जा पाएंगे क्योंकि उन्हें कोई और मिल गया है मंसूर की बातें सुनकर सिमी ने कुछ भी नहीं कहा

लेकिन उनके इस तरह से दूर जाने के फैसले ने सिमी को अंदर से पूरी तरह से तोड़ दिया था धोखा है लेकिन सिमी को यह उम्मीद थी कि एक दिन नवाब साहब शर्मीला को छोड़कर उनके पास वापस चले आएंगे लेकिन किस्मत की मारी सिमी यह नहीं जानती थी कि नवाब पटौदी अब कभी वापस नहीं आएंगे लेकिन फिर भी वह उनके इंतजार की उम्मीद लगा बैठी पागल हो जाऊंगी एक दिन में पागल हो जाऊंगी पागल हो जाऊंगी आखरी मुलाकात पर सिमी नवाब को के बाहर तक छोड़ने आई जब सिमी घर से बाहर आई तो देखा कि वहां शर्मिला टैगोर पहले से ही खड़ी थी दोनों ने एक दूसरे को देखा।

लेकिन कुछ नहीं कहा और इस तरह से शर्मिला टैगोर ने सिमी ग्रेवाल का पति और प्रेमी एक ही झटके में उनसे छीन लिया जिसके लिए सिमी ने शर्मीला को कभी माफ नहीं किया माफ कर देना इस तरह सिमी नवाब साहब के जीवन से निकल गई और शर्मीला की एंट्री हो गई पर शर्मीला ने नवाब साहब को हां करने में चार साल लगा दिए मंसूर अली खान ने उन्हें इंप्रेस करने के लिए तमाम तरह के पापड़ बेले तब जाकर शर्मीला की जुबान से अपनी मोहब्बत के लिए हामी भरवा पाए अब चाहे मारो उठे बाबा यारा मैंने जोहा कर ली मंसूर अली खान की भी उन दिनों जबरदस्त फैन फॉलोइंग थी लड़कियां उनकी तस्वीरें बैग में रखकर चलती थी लेकिन युवा कप्तान पटौदी का शर्मीला को बनाना थोड़ा टेढ़ी खीर था।

मंसूर अली खान और शर्मीला को लेकर एक दिलचस्प किस्सा ऐसा है कि मंसूर क्रिकेट के मैदान में शर्मीला का स्वागत जड़क किया करते थे यंग विलेट फ्लाइट्स न टू पटा पटा कम्स आउट एंड लिफ्ट्स हिम एंड इट्स सिक्स यह भी कहा जाता है कि शर्मीला जहां बैठती थी वहीं मंसूर सिक्स लगा देते थे बताया जाता है कि जब मंसूर अली खान पटौदी ने शर्मीला को शादी के लिए प्रपोज कि किया तब एक्ट्रेस ने उनके सामने एक शर्त रख दी थी शर्त यह थी कि यदि नवाब साहब शादी करना चाहते हैं तो उन्हें लगातार तीन बॉल पर तीन मारने होंगे कहते हैं कि क्रिकेटर नवाब पटौदी ने शर्मीला की यह शर्त मानते हुए एक मैच में तीन गेंदों पर तीन मार दिए और इस तरह से उन्होंने शर्मीला से शादी की शर्त जीत ली थी कहते हैं कि इसके बाद नवाब पटौदी ने सात समुंदर पार लंदन जाकर अपने घुटनों पर पर बैठकर शर्मीला को प्रपोज किया था तब जाकर शर्मीला ने शादी के लिए हां कही आई डोंट माइंड लेकिन शर्मीला और नवाब दोनों ही खुले विचारों के थे जिस वक्त में शादी से पहले पति का चेहरा देखना भी लज्जा का पल माना जाता था।

उस दौर में इन दोनों ने इन सभी चलन को दरकिनार करते हुए जमाने की परवाह किए बिना दोनों लिविन में साथ रहने लगे उस दौर में यह कदम किसी क्रांति से कम नहीं था दोनों शादी तो करना चाहते थे पर राहें अी आसान ना थी नवाब मंसूर की अम्मी चाहती थी कि बहू मुसलमान हो नवाब मंसूर क्रिकेटर होने के अलावा नवाब खान के चश्मों चिराग थे एक ओर शर्मीला तो दूसरी ओर मंसूर शादी के लिए तैयार थे लेकिन इनका अलग धर्म इनके परिवार वालों को खटक रहा था नवाब खानदान की बहू बनाने के लिए मंसूर की मां साजिदा सुल्तान ने शर्मिला टैगोर के सामने शर्त रखी कि अगर वे इस्लाम धर्म कबूल कर लेती हैं तो उन्हें वह अपनी बहू बनाएंगी ब्राह्मण परिवार में जन्मी शर्मीला ने वो फैसला लिया जो लेना आसान नहीं था शर्मीला ने इस शादी के लिए अपना धर्म बदल लिया और शर्मिला से बन गई आयशा सुल्तान और तब जाकर उनका निकाह नवाब पटौदी से हो पाया इसमें तत्कालीन राष्ट्रपति डॉक जाकिर हुसैन और इंदिरा गांधी भी शामिल हुई थी विवाह के लिए शर्मीला ने इस्लाम धर्म कबूल कर लिया था।

और वह आयशा सुल्तान बन गई हालांकि इस नाम का इस्तेमाल उन्होंने कभी नहीं किया शादी के बाद शर्मीला ने तीन संतानों को जन्म दिया सैफ अली खान सोहा अली खान और सबा अली खान इनके तीनों बच्चे भी भारतीय हिंदी सिनेमा की फिल्मों और नाटकों का हिस्सा हैं चंदा है तू मेरा सूरज है तू री अब शर्मिला टोर अन्य विवादों पर 70 के दशक में अगर किसी हिट जोड़ी की बात की जाती है तो वह है राजेश खन्ना और शर्मीला टैगोर इन दोनों की जोड़ी ऑन स्क्रीन पर इतनी अच्छी लगती थी कि लोग उन्हें रियल लाइफ कपल समझने लगे थे यह दोनों जब फिल्मी पर्दे पर आते तो बस लोगों की सांसें थम जाती थी और इसी सबके बीच दोनों के प्रेम के किस्से भी फिजाओं में तैरने लगे शर्मिला टैगोर भी इन कहानियों पर हमेशा खामोश रही जब उनके जवाब में नवाब पटौदी आए तो उन्होंने इस किस्से को ही खत्म करने की ठानी क्या आप जानते हैं कि एक समय ऐसा भी आया था जब शर्मिला असल में राजेश खन्ना के साथ काम करने से बचने लगी थी।

इसका कारण क्या था यह लोग कयास ही लगाते रह गए पर आगे जाकर शर्मीला ने हाल ही में ऑडिबल ऑडियो बुक की कन्वर्सेशन राजेश खन्ना एक तन्हा सितारा में बताया कि हमारी जोड़ी पर्दे पर सुपरहिट थी और लोग हमें साथ देखना चाहते ते थे लेकिन एक चीज जो मुझ पर हमेशा असर डालती थी वो थी राजेश खन्ना की लेट लतीफी 9:00 बजे की शिफ्ट पर वह हमेशा 12:00 बजे आते थे और मुझे यह बिल्कुल पसंद नहीं था इसलिए हमारी सक्सेसफुल जोड़ी होने के बाद भी मैंने यह सोचा कि अन्य एक्टर्स के साथ काम करना सही है पर यह बात उस दौर के मीडिया वाले अच्छी तरह से जानते थे कि शर्मीला ने राजेश से दूरी सिर्फ और सिर्फ पटौदी से बढ़ती नजदीकियों के कारण बनाई एक चेहरे पे कई चेहरे लगाने इतना ही नहीं शर्मीला की अपनी समकालीन कई अभिनेत्रियों से अनबन की खबरें भी अक्सर आती रहती थी ।

उनका एक विवाद माला सिन्हा के साथ भी हुआ दरअसल फिल्म हमसाया में माला सिन्हा और शर्मीला टैगोर दोनों ही अहम रोल में थी दोनों उस वक्त इंडस्ट्री की पॉपुलर एक्ट्रेस थी उनके बीच में कंपटीशन देखने को मिलता था खबरें थी कि दोनों के बीच में फिल्म दाग की शूटिंग के दौरान ही टेंशन शुरू हो गया था और हमसाया की शूटिंग के दौरान यह लड़ाई ज्यादा बढ़ गई थी ऐसी खबरें थी कि एक सीन शूट के दौरान माला सिन्हा ने शर्मीला को जोरदार थप्पड़ मार दिया था जिस वजह से जॉय मुखर्जी को फिल्म सीक्वेंस करना पड़ा था हालांकि इसकी पुष्टि ना तो माला ने की ना ही शर्मीला ने पर उनके बीच की ये घटना उन दिनों काफी खबरों में रही इसके बाद शर्मीला टैगोर की एक और कैट फाइट काफी चर्चाओं में रही 70 के दशक से चली आ रही यह लड़ाई आज भी इन दोनों अभिनेत्रियों के बीच सुलग रही है और वह दूसरी अभिनेत्री है मशहूर टॉप एक्ट्रेस मुमताज छुप गए सारे न जाने कोई क्या बात हो गई 70 और 80 के दौर में दोनों ही अभिनेत्रियों ने अपनी एक्टिंग और खूबसूरती का जादू चारों तरफ फैला रखा था लेकिन बहुत कम लोग यह जानते होंगे कि उस दौर में इन दोनों के बीच काफी वक्त तक कैट फाइट चली थी।

दरअसल मुमताज और शर्मीला टैगोर के बीच विवाद की वजह दोनों का स्टारडम माना जाता है क्योंकि जब मुमताज ने अपनी पहचान बनाई थी तो शर्मीला टैगोर कई सुपरहिट फिल्में दे चुकी थी ऐसे में कहा जाता था कि मुमताज एक्ट्रेस शर्मीला को अपना कंपीटीटर मानने लगी हैं सुनना पड़ेगा मुझे उससे नफरत है और दोनों अभिनेत्री आए दिन एक दूसरे के बारे में मीडिया में कुछ ना कुछ गलत बयान देती रहती थी दोनों अभिनेत्री की लड़ाई इस कदर बढ़ी कि आए दिन यह दोनों अभिनेत्री एक दूसरे को फिल्मों से निकलवाने की कोशिश करती और कामयाब भी हो जाती सालों बाद मुमताज इस मामले पर खुलकर बात कर रही थी और उनका कहना था कि वह दोनों कभी दोस्त नहीं हो सकती क्योंकि शर्मीला उनको कभी अपनी बराबरी का नहीं मान पाए और आज 54 साल गुजर जाने के बाद भी इन दोनों अभिनेत्रियों की लड़ाई आज भी बरकरार है ये भी तो हो सकता है कि शायद किसी पागल खाने से भाग कर आई हो ऐसा ही एक दिलचस्प किस्सा जुड़ा है।

शर्मीला टैगोर की शादी को लेकर दरअसल जब शर्मीला टैगोर और नवाब पटौदी एक साथ रिश्ते में थे और नवाब पटौदी शर्मीला को अपनी मां से मिलाना चाहते थे और उसके लिए नवाब पटौदी की मां शर्मीला से मिलने मुंबई आने वाली थी लेकिन उसी समय शर्मीला का फिल्म फेयर मैगजीन के बोल्ड बिगनी शूट हुआ था और शर्मीला की पूरे मुंबई शहर में जगह-जगह वही बिकनी वाली पोस्ट होल्डिंग्स पर लग गए थे और जब शर्मीला को यह पता चला कि उनकी सास उनसे मिलने मुंबई आ रही है तो उनके तो होश ही उड़ गए क्योंकि नवाब पटौदी की मां अगर शर्मीला को इस तरह से देखती तो यह रिश्ता वहीं खत्म हो जाता लिहाजा शर्मीला टैगोर नवाब पटौदी और फिल्मफेयर मैगजीन की मदद से एक ही रात में शर्मिला के सभी पोस्टर्स और होर्डिंग्स को मुंबई की सड़कों से गायब कर दिया गया था और इस तरह से शादी हुई थी शर्मीला टैगोर और नवाब पटौदी की समय गुजरा और अब शर्मीला के बच्चे बड़े हुए इनके बेटे सैफ अली खान अपनी उम्र से 12 साल बड़ी फिल्म अभिनेत्री अमृता सिंह से परिवार वालों की मर्जी के खिलाफ जाकर उन्होंने शादी कर ली थी मा गए हो नूर आ गया हालांकि शर्मिला टैगोर जो खुद धर्म बदलकर सालों शादी से पहले लिवन रिलेशनशिप में रहने के बाद भी कभी भी अपनी बहू अमृता सिंह को स्वीकार नहीं कर पाई ।

रिपोर्ट्स के मुताबिक शर्मीला और अमृता के बीच आए दिन घर में झगड़े होने लगे और नतीजतन एक समय वो भी आया जब सैफ अली खान ने अपनी मां की खातिर अमृता सिंह को तलाक दे दिया जब सैफ और अमृता का रिश्ता टूटने की कगार पर था तब भी शर्मिला ने ऐसा कोई प्रयास नहीं किया कि उन के बेटे बहू का घर ना टूटे सैफ अली खान और अमृता सिंह की सु शादी से बेटी सारा अली खान और बेटा इब्राहिम अली खान का जन्म हुआ तलाक के बाद यह दोनों बच्चे अपनी मां के साथ ही रहते हैं हालांकि तलाक के बाद सैफ अली खान ने दूसरी शादी कर ली लेकिन अमृता सिंह ने कभी भी दोबारा शादी नहीं की सैफ की दूसरी पत्नी करीना कपूर हैं जो सैफ से लगभग 10 साल छोटी हैं और करीना कपूर अपने पति की ही पहली शादी में शामिल हुई थी उस वक्त करीना एक छोटी बच्ची हुआ करती थी करीना और शर्मिला के बीच काफी मधुर संबंध हैं बेटे के बाद इनकी बेटी सुहा अली खान ने भी फिल्म अभिनेता कुणाल खेमू से शादी की है और रिश्ते से कुणाल खेमू सैफ अली खान के जीजा लगते हैं शर्मिला अपने दौर की बेहतरीन संजीदा और धाकड़ अभिनय करने वाली अभिनेत्री रही हैं उनकी कहानी सुनकर माना जा सकता है कि उनका जीवन किसी राजकुमारी की तरह बीता है जिसमें में सब कुछ अच्छा रहा करियर पति बच्चे पैसा नाम दौलत शोहरत और तमाम पुरस्कार सब कुछ उनको दामन में भर-भर कर मिला आज वो 2700 करोड़ की मालकिन है

लेकिन हम आपको यहां बता दें कि शर्मीला का पटौदी पैलेस भी है जिसकी वोह महारानी है जो कि उनको पति की तरफ से विरासत में मिला था और यही पटौदी पैलेस काफी बड़े क्षेत्रफल में फैला है जिसकी देखभाल और रंगाई और पेंट में काफी कीमत अदा करनी पड़ती है और शर्मीला आज उसी शानदार पैलेस के लिए बेहद कंजूसी करते हुए नजर आती हैं वो इस पैलेस में पेंट की जगह पुताई कराती हैं हालांकि फिजूल खर्ची ना हो वो इसीलिए ऐसा कराती हैं अब शर्मिला टैगोर 80 साल की हो चली हैं और आज भी वह बड़ी जिंदा दिल्ली के साथ अपने जीवन को जी रही हैं आज भी शर्मीला ही पूरे परिवार को एक माला में बांध करर चल रही हैं हाल ही में कुछ दिनों पहले उन्होंने अपने करियर की तीसरी पारी की शुरुआत की है शर्मिला टव ने 13 साल के अंतराल के बाद फिल्म गुलमोहर के साथ वापसी की आने वाले समय में शर्मीला हमें कुछ और फिल्मों में नजर आएंगी शर्मिला छोटे पर्दे के कुछ टीवी शोज में गुफ्तगू करते हुए भी नजर आती हैं।

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