यह किस्सा हिंदी फिल्मों के गब्बर सिंह का है गब्बर सिंह यानि कि अमजद खान और अमजद खान के गब्बर सिंह बनने की कहानी कि फिल्म शोले का वह किरदार जिसने पूरे देश में खलबली मचा दी थी ।
जिसके बारे में मां अपने बच्चों से कहती थी कि सो जा सो जा वरना गब्बर आ जाएगा गब्बर सिंह का किरदार निभाकर अमजद खान लोगों के दिलो-दिमाग में हमेशा के लिए और हो गए अपनी ठेठ अंदाज में भीड़ का डकैत बनकर अमजद खान में जो वाहवाही लूटी वह किसी किसी को नसीब होती है ।
है लेकिन जब आप यह जानेंगे कि अमजद खान को गब्बर सिंह जैसे डायलॉग डिलीवरी करने की प्रेरणा कैसे मिली तो आप हैरान रह जाएंगे है या कीजिए फिल्म शोले का वो सीन जिसमें हथेली पर मलते हुए गब्बर सिंह बोलता है अरे ओ सांभा तेरा क्या होगा कालिया या फिर कितने आदमी थे तो पूरा हॉल तालियों के गड़गड़ाहट से गूंज उठता था लेकिन डायलॉग डिलीवरी का अंदाज़ अमजद खान को न तो फिल्म के डायरेक्टर ने बताया था और ना ही स्क्रिप्ट राइटर नहीं बल्कि उन्होंने तो इज्जत खान को अपने मौलिक अंदाज में गब्बर सिंह का किरदार निभाने की पूरी छूट दी थी अ कि कुछ सवाल यह उठता है कि गब्बर सिंह यह ठेठ अंदाज कहां से सीखा।
दरअसल अमजद खान के गांव में एक धोबी था जो रोज सुबह लोगों से इसी अंदाज में बात किया करता था कि अफजल खान उसे धोबी के स्टाइल से खासे प्रभावित थे और सिंह गौर से सुना करते थे जो उन्हें फिल्म शोले में गब्बर सिंह का रोल करने की बड़ी चुनौती मिली तो उन्हें कार्य सूझा उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में चर्चित विलेन की शैली को कॉपी करने की बजाय धोबी वाले ठेठ अंदाज को आजमाने की ठान ली जो शूटिंग के दौरान आमिर खान ने गब्बर सिंह के डायलॉग बोले तो उनके अंदाज पर पूरी यूनिट हैरान रह गई।
फिल्म डायरेक्टर रमेश सिप्पी गिल की तारीफ किए बिना नहीं रह सकी शॉट पोकर हुआ और उसके बाद पूरी फिल्म में अमजद खान सी धोबी के अंदाज़ में चुन-चुनकर डायलॉग बोलते हैं और बाद में दर्शकों की वाहवाही भी जमकर लूट ई ई कि फिल्म शोले हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में एक ऐसी फिल्म मानी जाएगी मानी जाती है और मानी जाती रहेगी जिस मील का पत्थर कहा जाएगा।
यानी कि जब कभी फिल्म इंडस्ट्री की बात होगी हिंदी फिल्म इंडस्ट्री की बात होगी बॉलीवुड की बात होगी तो वह बात फिल्म शोले से पहले का सिनेमा और फिल्म शोले के बाद का शर्मा पर होगी फिल्म शोले जिसकी कहानी जिसके किरदार इसका एक डायलॉग आज भी लोगों के जहन में बसा हुआ है उन्हीं में से एक कालजई