Cli

पिता की अंतिम विदाई में क्यों शामिल नहीं हुए मोजतबा खामनेई?

Uncategorized

क्या ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामिनी दुनिया से छुप रहे हैं या फिर उनके गायब होने के पीछे कोई एक ऐसी कहानी है जो ईरान की सरकार अब छुपाना चाहती है। दर्शकों पिछले कुछ दिनों से पूरी दुनिया की नजरें तेहरान पर टिकी है। अयोला अली खामिनी की मौत के बाद पूरे ईरान में एक हफ्ते का मातम चल रहा है। संडे को टेहरान के इमाम कॉमिनी ग्रैंड मुसाला में एक बहुत बड़ी फ्यूनरल प्रेयर हुई जहां हजारों लोग रो रहे थे, छाती पीट रहे थे। वहां बड़े-बड़े नेता थे। प्रेसिडेंट मसूद फिजिशियन थे। पार्लियामेंट स्पीकर कलिबा थे और सबसे बढ़कर खामिनी के तीन बेटे मुस्तफा, मिसेसम और मसूद वहां मौजूद थे। अपने पिता और परिवार के बाकी चार लोगों के जिस्म के सामने खड़े होकर वो रो रहे थे।

लेकिन एक चीज जो सबसे ज्यादा चौकाने वाली थी वो यह कि इस पूरी प्रेयर में इस पूरे क्राउड में एक शख्स कहीं नजर नहीं आए। और वो शख्स कोई आम आदमी नहीं वो हैं मोजतबा खामिनी। वहीं मोजतबा खामिनी जो अपने पिता की मौत के बाद अब ईरान के नए सुप्रीम लीडर बन चुके हैं और कोई माने या ना माने उन्होंने अपने दम पर अमेरिका को शायद इस जंग में भी हरा दिया। लेकिन अब सवाल यह उठता है कि जब पूरा देश उनके पिता के जनाजे में रो रहा है। जब उनका अपना परिवार वहां खड़ा है तो ईरान का सबसे बड़ा नेता उनका अपना बेटा सामने क्यों नहीं आ रहा? क्या यह कोई पॉलिटिकल स्ट्रेटजी है या फिर वजह कुछ और है? चलिए इस कहानी को थोड़ा शुरुआत से समझते हैं।

बात है 28 फरवरी 2026 की। अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर एक बहुत बड़ा और नए तरीके का एयर स्ट्राइक किया था। इस बॉम्ब धमाके में अयताला अली खामिनी, उनकी बेटी, उनके दामाद, उनकी बहू और उनके सिर्फ 14 महीने की पोती की मौत हो गई। यह पूरे मिडिल ईस्ट के लिए एक बहुत बड़ा झटका था। इस हमले के बाद एक भयानक जंग शुरू हुई जो लगभग 4 महीने तक चली और इस जंग में 3000 से ज्यादा लोग मारे गए। ईरान के बड़े-बड़े कमांडर्स और पॉलिटिशियंस खत्म हो गए। अरबों डॉलर का नुकसान अमेरिका ने झेला। मिडिल ईस्ट तहस-नहस हो गया। पूरी दुनिया में होरमूस के बंद होने से अजीब तरह का ही इकोनमिक क्राइसिस आ गया। लेकिन पिछले महीने दोनों साइड्स के बीच एक टेंपरेरी सी फायर युद्ध विराम पर एग्रीमेंट हुआ। ईरान इसको अपनी बहुत बड़ी जीत दिखा रहा है क्योंकि उन्होंने अमेरिका के बेसिस पर पलटवार किया। स्टेट ऑफ होमूस पर अपना कंट्रोल दिखाया जिससे दुनिया में क्रूड ऑयल के दाम बढ़ गए और आखिर में यूएस प्रेसिडेंट [संगीत] डोन्ड ट्रंप को पी स्टॉक्स के लिए आगे आना पड़ा। इस डील के मुताबिक ईरान के फ्रीज हुए अरबों डॉलर उन्हें वापस मिल जाएंगे और उन पर से बड़े सेंशंस भी हटाए जा रहे हैं। यहां तक कि डोनल्ड ट्रंप ने खुद कहा कि उन्होंने इस हफ्ते चल रहे जनाजे के इवेंट्स की वजह से पीस टॉक्स को कुछ दिनों के लिए रोक दिया है। तो एक तरफ ईरान की सरकार और वहां की रेवोल्यूशनरी गार्ड इसको अपनी विक्ट्री की तरह सेलिब्रेट कर रहे हैं और दूसरी तरफ एकजुट करने के लिए एक हफ्ते के मास फ्यूनरल चल रहे हैं।

तेहरान के बाद खामिनी की बॉडी को ले जाया जाएगा। फिर इराक के नजैफ और केरबाला और आखिर में महशाद में उन्हें दफनाया जाएगा। सरकार ने मेट्रो और बाकी ट्रांसपोर्ट फ्री कर दिया है ताकि लाखों की भीड़ जुटाई जा सके। लोग आकर कांच के पीछे रखे कॉफिस को देख रहे हैं और अमेरिका इजराइल से बदला लेने के नारे लगा रहे हैं। वो कह रहे हैं कि किल ट्रंप किल बेंजमिन नेतन्या लेकिन इस पूरे विक्ट्री ड्रामा और मातम के बीच मौज तबाह खामिनी का सामने ना आना सबसे बड़ा सस्पेंस बन गया है। लोग तसनीम न्यूज़ एजेंसी के इंटरव्यूज में रो-रो कर बोल रहे हैं कि उनका एक ही अरमान था कि मोजताबा उनके सामने आए। तो चलिए अब आते हैं उस असली वजह पर जो राउटर्स की रिपोर्ट में निकल कर सामने आई है। खबर यह है कि उस 28 फरवरी के अटैक में जिसमें उनके पिता मारे गए थे। मोजताबा खामिनी बचे तो जरूर लेकिन वो बहुत बुरी तरह जख्मी हुए थे।

उनके इनर सर्कल यानी उनके बेहद करीबी लोगों ने बताया कि उस धमाके में मुजताबा का चेहरा बुरी तरह बदसूरत यानी डिस्फिगर हो गया और उनके एक या दो पैरों में बहुत सीरियस इंजरीज आई हैं। एक ऐसी गवर्नमेंट जो हमेशा अपनी ताकत दिखाना चाहती है जो खुद को सुपर पावर के सामने जीता हुआ दिखा रही है। भाई ऐसा देश जिसने यूएस को हरा दिया। वो अपने नए नेता को एक कमजोर जख्मी या व्हीलचेयर पर इस वक्त दुनिया के सामने शायद नहीं लाना चाहते थे। ईरान की थेरोक्रेटिक गवर्नमेंट अभी अपनी पब्लिक में एक मर्दाना और ताकतवर इमेज मेंटेन करना चाहती है ताकि देश में कोई इंटरनल विद्रोह या वीकनेस ना दिखे। मोजताबा खामिनी नए सुप्रीम लीडर तो बन गए हैं लेकिन जब तक उनका चेहरा या उनकी कोई तस्वीर पब्लिक के सामने नहीं आती। तब तक ईरान की इस नई शुरुआत पर सस्पेंस और सवाल हमेशा बना रहेगा। क्या मोजताबा खामिनी जनता के सामने आएंगे? या फिर ईरान के पर्दे के पीछे से ही इस पूरे देश को चलाएंगे। यह आने वाला वक्त बता देगा। तब तक जो भी आपकी राय है हमें कमेंट सेक्शन में जरूर बताइएगा। आप देख रहे हैं वन इंडिया। मैं हूं आकर्ष कौशिक। [संगीत] सब्सक्राइब टू वन इंडिया एंड नेवर मिस एन अपडेट। डाउनलोड द वन इंडिया ऐप नाउ। [संगीत]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *