तबू की बहन फराह नाज़ 80 और 90 के दशक की लोकप्रिय अभिनेत्रियों में से एक थीं। उन्होंने ‘नसीब अपना अपना’, ‘यतीम’, ‘खुदा गवाह’ जैसी फिल्मों में काम किया। अपने करियर के दौरान उन्होंने राजेश खन्ना, धर्मेंद्र, ऋषि कपूर , विनोद खन्ना, मिथुन चक्रवर्ती, संजय दत्त, अनिल कपूर, राज बब्बर, गोविंदा, आमिर खान, सनी देओल, राहुल रॉय, कुमार गौरव और कई अन्य बॉलीवुड सितारों के साथ स्क्रीन शेयर की। हालांकि उनका करियर आशाजनक लग रहा था, लेकिन वह लंबे समय तक नहीं चल पाया।
उनकी लोकप्रियता में गिरावट का एक मुख्य कारण उनका उग्र स्वभाव बताया जाता था। फराह अपने बेबाक बयानों और निडर रवैये के लिए जानी जाती थीं, इन्हीं गुणों के कारण वे अक्सर विवादों में घिर जाती थीं। दरअसल, एक बार उन्होंने फिल्म ‘कसम वर्दी की’ (1989) के सेट पर अपने सह-कलाकार चंकी पांडे को थप्पड़ मार दिया था। यह घटना तब घटी जब चंकी ने एक ऐसा मजाक किया जो फराह को पसंद नहीं आया और उनकी प्रतिक्रिया—उन्हें थप्पड़ मारना—से सेट पर मौजूद सभी लोग दंग रह गए। खबरों के अनुसार, यह घटना जल्द ही एक विवाद में बदल गई और सुर्खियों में छा गई। चंकी पांडे को भले ही एक बार उनके गुस्से का सामना करना पड़ा हो, लेकिन वे अकेले नहीं थे।
उसी साल, फराह नाज़ ने अनिल कपूर और माधुरी दीक्षित पर सार्वजनिक रूप से हमला बोलकर एक और बवाल खड़ा कर दिया। यह विवाद तब शुरू हुआ जब उनकी फिल्म ‘रखवाला’ बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप हो गई और अफवाहें फैल गईं कि अनिल कपूर फराह की जगह माधुरी को लेना चाहते थे।
यह सुनकर फराह ने कोई कसर नहीं छोड़ी—उन्होंने खुलेआम अनिल और माधुरी को लताड़ा और यहां तक कि उन्हें पीटने की धमकी भी दी। इस घटना ने फराह की प्रतिष्ठा को बुरी तरह से धूमिल कर दिया, जिससे उनकी छवि बेहद खराब हो गई। खबरों के मुताबिक, अनिल ने टिप्पणी की थी कि “अगर माधुरी दीक्षित उनके साथ होतीं तो फिल्म सफल हो जाती।” इस बयान से फराह बेहद नाराज हो गईं और उन्होंने खुलकर अनिल को धमकी दी। उस समय की खबरों और बॉलीवुड शादियों के अनुसार, फराह ने यह बात कही थी।