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आलिया को हिन्दी पढ़ना नहीं आता? जयदीप अहलावत का बड़ा खुलासा

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मतलब मैंने किसी को देखा कि एक्टर हिंदी नहीं पढ़ सकता। लिखी हुई हिंदी नहीं पढ़ सकता। नहीं पढ़ सकता। अगर वो देवनागरी में लिखा गया है नहीं पढ़ सकता वो स्क्रिप्ट। एंड मुझे लगा कि इससे बुरा नहीं हो सकता। नर्थ इंडिया से आ रहे हो तो कम से कम इतना तो कर सकते हो ना। अगर कोई साउथ इंडिया से है तो हमको कोई दिक्कत नहीं है। हिंदी भाषी हिंदी भाषी आदमी अगर हिंदी भाषी प्रदेशों से निकले हुए लोग और वो हिंदी की स्क्रिप्ट नहीं पढ़ सकते हैं प्रॉपर।

हर दूसरे वर्ड पे फंबल है। हर दूसरे वर्ड क्योंकि उनको सिर्फ सुनने की आदत है। रोमन में दे दोगे तो पढ़ लो। अगर आप हिंदी फिल्मों में काम कर रहे हैं और आपको हिंदी के स्क्रिप्ट पढ़नी नहीं आती। भाई तब तो सवाल उठेंगे ही। आप साउथ इंडियन हैं। आप अंग्रेजी फिल्मों में काम करते हैं। आप बंगाली फिल्मों में काम करते हैं। आप साउथ इंडियन भाषा के स्क्रिप्ट अच्छे से पढ़ लेते हैं। जो बंगाली भाषी हैं, वह बांग्ला में लिखी गई स्क्रिप्ट को अच्छे से पढ़ लेते हैं। इंग्लिश वाले इंग्लिश में पढ़ लेते हैं। पर हिंदी फिल्मों के एक्टर्स हिंदी में नहीं पढ़ पा रहे हैं।

यही तो सवाल उठा रहे हैं राजी फिल्म के एक्टर। अगर ऐसा वो कह रहे हैं कि स्क्रिप्ट पढ़ने में लोग फंबल कर रहे थे। हिंदी में स्क्रिप्ट दी गई थी तो सही कह रहे हैं। आप हिंदी फिल्मों के सुपरस्टार कहला रहे हैं और आप खुद को हिंदी फिल्मों के बड़े एक्टर के रूप में पेश कर रहे हैं। आपको लगातार नेशनल अवार्ड और फिल्म फेयर अवार्ड दिया जा रहा है। पर आपको हिंदी पढ़नी नहीं आती। [संगीत] तो सवाल तो पूछेंगे

ना लोग। लोगों के मन में तो यह बात आएगा ही कि भाई इतने अच्छे-अच्छे एक्टर हैं। मेहनत करते हैं, जमीन से उठकर आए हैं। [संगीत] उन्हें कोई पूछ नहीं रहा। और यहां बस चेहरा पॉलिश कर लीजिए। नेपोटिज्म की दुकान से निकलने वाले लोगों के लिए सारे अवार्ड सजाकर प्लेट में दिए जा रहे हैं। दिमाग से पैदल बस सुनते-सुनते सुनते-सुनते इंग्लिश में हिंदी को लिख दीजिए। रोमन में तो पढ़ ही लेंगे। [संगीत] हिंदी में लिखेंगे तो नहीं पढ़ पाएंगे। यही है हाल। इसलिए लोग सवाल [संगीत] उठा रहे हैं इन पर। और कोई वजह नहीं है। वो जान रहे हैं। जयदीप एहलावत सवाल उठा रहे हैं। ऐसे नहीं उठा रहे हैं सवाल। इन लोगों को अवार्ड दिया जा रहा है भाई भर-भर के। फिल्म मिल जाती है भर-भर के। क्यों? क्योंकि इनके [संगीत] बाप दादा प्रोड्यूसर हैं। डायरेक्टर हैं। दुकान है उनकी।

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