क्या मुसलमान बनकर सनी देओल ने कर दी अपनी जिंदगी की सबसे बड़ी गलती? क्या मुसलमान बनने के बाद हो गया सनी देओल का करोड़ों का नुकसान? आखिरकार क्यों अचानक से सनी देओल अब हो गए हैं अपने बेटे करण देओल के लिए इतने ज्यादा परेशान। हेलो दोस्तों, मैं हूं पूनम अधिकारी। तो बारिश हो रही है और इस वक्त भी मैं आपको एक बहुत बड़ी खबर आपके लिए लेके आई हूं। बारिश होने के बावजूद भी। दरअसल बॉलीवुड एक्टर सनी देओल अब पछता रहे हैं क्योंकि अपनी उन्होंने जिंदगी में एक ऐसा फैसला ले लिया जो शायद उन्हें नहीं करना चाहिए था। मुसलमान बनकर उन्होंने सबसे बड़ी गलती कर दी है और अब उन्हें करोड़ों का नुकसान हो रहा है और कहीं ना कहीं सनी देओल की इस गलती की वजह से उनके बड़े बेटे करण देओल का करियर भी दांव पर लग गया है। पूरा मामला मैं आपको बताऊंगी। बताने से पहले मैं क्या कहती हूं चैनल को फॉलो करो और साथ ही आपको करना है इस वीडियो को लाइक। सनी देओल हमेशा जब भी कोई फैसला लेते हैं तो
वो दिल से सोचते हैं, दिमाग नहीं लगाते। वो बहुत ही ज्यादा इमोशनल इंसान है। लेकिन कभी कबभार आप अपनी जिंदगी में कुछ ऐसे फैसले ले लेते हो जिसकी वजह से आपकी इतनी सालों की मेहनत आपके साथ-साथ आपसे जो लोग जुड़े हैं जैसे उनसे बेटा उनका बहुत ज्यादा अटैच है उसको भी काफी नुकसान हुआ है सनी देओल की वजह से। दरअसल सनी देओल की जो फिल्म है जो 14 अगस्त को रिलीज हुई थी जिसका नाम है फिल्म बंटवारा 1947। उसकी वजह से सनी देओल को बहुत ज्यादा नुकसान हुआ और वो नुकसान इसलिए हुआ क्योंकि वो इस फिल्म में मुसलमान बने हैं। लेकिन दुख की बात यह है कि चलिए सनी देओल है तो उनको उनका करियर वापस से संभल जाएगा।
लेकिन इस फिल्म से कहीं ना कहीं जो सनी देओल के बेटे हैं करण देओल उनकी भी बहुत ज्यादा उम्मीदें थी और अब उनकी उम्मीदों पर भी पानी फिरता नजर आ रहा है। पूरा मामला एक बार मैं आपको समझा देती हूं। दरअसल 14 अगस्त को जब सनी देओल की फिल्म 1947 रिलीज हुई थी तो 15 अगस्त से एक दिन पहले रिलीज हुई थी। ये फिल्म भारतपाकि मुद्दे पर बेस्ड थी और जब भी सनी देओल ये रिकॉर्ड रहा है, इतिहास रहा है, जब भी सनी देओल भारत पाकिस्तान को लेकर कोई फिल्में बनाते हैं तो वो फिल्म सुपर डुपर हिट होती है। लेकिन ये जो फिल्म है बंटवारा 1947 इसमें बिल्कुल उल्टा हुआ है। सनी देओल की फिल्म को रिलीज हुए कई दिन बीत चुके हैं। 14 तारीख को ये फिल्म रिलीज हुई थी और आज आप लगा लीजिए 24 तारीख है। इसके बावजूद भी सनी देओल की ये फिल्म सिर्फ और सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर 50 करोड़ की कमाई ही कर पाई है। मतलब यह इस फिल्म का बजट ही लगभग 150 करोड़ [हंसी] था। मतलब ये फिल्म अभी तक आधी कमाई भी नहीं कर पाई है जितना इस फिल्म का बजट था। उस हिसाब से इस फिल्म को बहुत ज्यादा नुकसान हुआ है। अभी जो इस फिल्म के डायरेक्टर है राजकुमार संतोषी जिसके साथ सनी देओल ने पिछले 30 साल में कई सारी फिल्मों में काम किया है। चाहे फिर वो घातक हो, घायल हो, दामिनी हो ये सब फिल्में राजकुमार संतोषी ने डायरेक्ट की थी और सनी देओल ने इसमें काम किया था। तो ये जोड़ी बहुत ज्यादा फेमस है।
और यह जो सनी देओल की फिल्म है बंटवारा 1947 इस फिल्म को भी राजकुमार संतोषी ने ही डायरेक्ट किया। तो हाल ही में राजकुमार संतोषी का एक इंटरव्यू वायरल हो रहा है जिसमें उनसे पूछा गया है कि आपको क्या लगता है आपकी इतनी पुरानी जोड़ी है आपकी और सनी देओल की आप जब भी कोई फिल्म लेकर साथ आते हैं वो फिल्म कभी फ्लॉप नहीं होती तो आपको क्यों लगा कि ये फिल्म क्यों किस वजह से फ्लॉप हो गई तो इस पर खुद राजकुमार संतोषी का कहना है कि हो सकता है इस फिल्म में क्योंकि जो सनी देओल है वो मुसलमान बने हैं इसी वजह से ये फिल्म फ्लॉप हुई है क्या कुछ कहा राजकुमार संतोषी ने सुनिए आप। सनी देओल का फिल्म बंटवारा में किरदार बिल्कुल सही और जायज है। फिल्म बंटवारा में सनी देओल एक मुसलमान का किरदार निभा रहे हैं और शायद यह बात दर्शकों को ज्यादा अच्छी नहीं लगी क्योंकि सनी देओल की पूरी इमेज फिल्म बॉर्डर और गदर की वजह से बहुत ज्यादा पॉपुलर हो गई थी। फिल्म बंटवारा में सनी देओल मजबूत किरदार निभाते हैं। वह दुश्मन के इलाके में लड़ते हैं पाकिस्तान के खिलाफ, लेकिन यहां सनी देओल एक अच्छे मुस्लिम सिकंदर मिर्जा का किरदार निभा रहे हैं।
वो कट्टरपंथ के खिलाफ लड़ते हैं। वो इसका विरोध करते हैं लेकिन लगता है लोगों को सनी देओल का मुस्लिम बनना ठीक नहीं लगा। तो राजकुमार संतोषी को भी कहीं ना कहीं यह लग रहा है क्योंकि इस फिल्म के अंदर जो है सनी देओल है वो पाकिस्तान जाते हैं क्योंकि वो एक मुसलमान होते हैं। फिर वहां पर जो कट्टरबंदी सोच होती है उसके खिलाफ लड़ते हैं। लेकिन शायद दर्शकों को यह बात समझ नहीं आ रही। ये बात रास नहीं आ रही क्योंकि सनी देओल ने क्या है बॉर्डर हो चाहे आप कह सकते हो गदर हो। तो ऐसी फिल्मों में में अच्छा किरदार निभाया है जिसमें वो एक हिंदू धर्म से जुड़े हुए हैं और दुश्मनों का खात्मा करते हैं और पाकिस्तान में जाकर हंगामा कर देते हैं। लेकिन ये जो बंटवारा फिल्म है इसमें खुद सनी देओल ही मुसलमान बने हैं और ये लोग सनी देओल की शायद फैंस को अच्छी नहीं लग रही है। ये बात पसंद नहीं आ रही क्योंकि वो हमेशा ही एक हिंदू के किरदार में सनी देओल को देखना चाहते हैं। ऐसा राजकुमार संतोषी का कहना है जो कि दर्शकों का भी मानना है कि इस फिल्म के फ्लॉप होने की सबसे बड़ी वजह यही हो सकती। वहीं दूसरी बात कहीं ना कहीं सनी देओल से ज्यादा नुकसान हुआ है उनके बेटे करण देओल का। वो क्यों आए वह भी जान लीजिए।
दरअसल करण देओल को इस फिल्म से बहुत ज्यादा उम्मीदें थी। करण देओल जो कि सनी देओल के बड़े बेटे हैं। उन्होंने इससे पहले भी बॉलीवुड में कई सारी फिल्में की थी। लेकिन दुख की बात यह है कि उनकी कोई भी फिल्में बहुत ज्यादा चली नहीं और एक एक्टर के रूप में करण देओल को इतना ज्यादा पसंद नहीं किया जाता। तो इस फिल्म में पहली बार सनी देओल अपने बेटे करण देओल के साथ आ रहे थे। करण देओल का भी इस फिल्म में एक बहुत ही इंपॉर्टेंट रोल था। देओल को भी उम्मीद थी कि शायद उनके बेटे करण देओल का फिल्मी करियर सुधर जाएगा। उनको भी फिल्मों के ऑप्शन आने लग जाएंगे। लेकिन ऐसा कुछ भी होता हुआ नजर नहीं आ रहा। उल्टा जो करण देओल को जो उम्मीदें थी उनके करियर से कि पहली फिल्म में वो पापा के साथ काम करेंगे तो सब कुछ ठीक हो जाएगा। ऐसा कुछ भी नहीं हो रहा क्योंकि फिल्म ही फ्लॉप हो गई। वहीं जो आवारापन 2 है जो इमरान हाशमी की फिल्म है इस फिल्म ने बहुत अच्छी कमाई की है। ये फिल्म लगभग 4050 करोड़ में बनी थी और ये फिल्म अब तक 160 करोड़ की कमाई कर चुकी है। लेकिन वहीं जहां पर सनी देओल की जो फिल्म है वो फ्लॉप हो गई है तो वहीं इमरान हाशमी की फिल्म बहुत अच्छी कमाई कर रही है। तो कहीं ना कहीं सनी देओल का दुख और भी ज्यादा बढ़ गया है क्योंकि उनकी इस फिल्म की वजह से उनकी फिल्म में मुसलमान बनने की वजह से कहीं ना कहीं दर्शक फिल्म को देखने नहीं आए। फिल्म को नुकसान हुआ और क्योंकि दर्शक देखने नहीं आए। फिल्म को नुकसान हुआ तो कहीं ना कहीं उनके बेटे करण देओल का फिल्मी करियर भी पानी फिरता उस पे नजर आ रहा