सात फेरे लेकर सात जीने की कसमें खाई थी। लेकिन बारामती की इस इंद्रप्रस्थ सोसाइटी में शादी के रिश्ते का ऐसा दर्दनाक अंत होगा यह किसी ने सपनों में भी नहीं सोचा था। महाराष्ट्र के पुणे जिले का बारामती शहर जहां के जामदार रोड पर स्थित एक शांत फ्लैट में रिश्तों का करने की एक बेहद और साजिश रची गई। 38 साल की शमिला जगताप ने अपने ही पति को हमेशा हमेशा के लिए रास्ते से हटाने का एक ऐसा प्लान तैयार किया जिससे पुलिस प्रशासन से लेकर पूरे इलाके को सन कर दिया है।
41 वर्षीय प्रवीण प्रकाश जगताप एक निजी कंपनी में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। सब कुछ ठीक चल रहा था लेकिन पारिवारिक विवाद के बाद पत्नी शर्मीला के दिमाग में एक खतरनाक इरादा घर करने लगा।
23 जुलाई की रात से 1 अगस्त की सुबह के बीच शर्मिला ने अपनी साजिश को अंजाम देना शुरू किया। आरोप है कि उसने पहले अपने पति प्रवीण को खाने या पीने में मिलाकर दी। जैसे ही प्रवीण अध बेहोशी की हालत में आई शर्मिला ने उन पर क्रिकेट बैट से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।
बुधवारी रात्रि मनी ऑर्थोज जूस म दिल मे गुरुवारी पूर्ण दिवस पूर्ण रात्र शुक्रवारी पूर्ण दिवस पूर्ण रात्र शनिवारी मला थोड़ी सी जाग आली कार ते मला बैट ने होते आजुन माझ मिसे होते त मला थोड़ा कत होता कि मला कोनी तेरी भरपूर मैं मनत हो कि मला नका नका पर ते होते आ है म माझ मिसेस होती आजुन कौन आए हे मलाती नहीं है तंत तने मला उछलून जो गैलरी म डक्ट बांधला होता डक्ट म तने मला टाक लेला होता लेकिन साजिश यही खत्म नहीं हुई को अंजाम देने के बाद सबूत मिटाने का इंतजाम तो पहले से ही शुरू हो चुका था शर्मिला ने अपने घर के हॉल से सटीक गैलरी में ईंट और सीमेंट का इस्तेमाल करके के एक चौकोर चेंबर यानी कि ढांचा बनवा रखा था।
योजना यह थी कि पति को उस चेंबर के ऊपर से भारीभरकम की स्लैब से बंद कर दिया जाए ताकि किसी को भनक तक ना लगे। लेकिन कहते हैं ना कि जुर्म कितना भी शातिर क्यों ना हो कोई ना कोई सुराग छोड़ ही जाता है। घर के अंदर इस तरह का अजीबोगरीब वन चेंबर बनाने वाले मजदूरों को महिला की गतिविधियों पर शक होने लगा।
उन्हें लगा कि मामला सामान्य नहीं है। बिना वक्त गवाए मजदूरों ने पुलिस हेल्पलाइन नंबर पर फोन घुमा दिया और पूरी बात की जानकारी दी। दो तीन दिवस घटना हैदर विक्टिम प्रवीण प्रकाश जगताप यचा पत्नी शला प्रवीण जगताप य दो दिवस औषध मार के है तंत गैलरी एक डक्ट बन डक्ट संबंधित विक्टिम य कप सिकक प्रयत्न कर संबंधित गोपनीय पुलिस पुलिस ने तत्काल घटना जाना प्रयत्न होता तो उघ केला है सिक जीव वाचवलेला है। मजदूरों की इस सतर्कता से एक बड़ा टल गया।
पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और अधने चेंबर में प्रवीण को सही समय पर सुरक्षित बाहर निकाल लिया। बेहोशी और चोट की हालत में उन्हें तुरंत बारामती के गिरिराज अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने प्राथमिक उपचार के बाद प्रवीण को अस्पताल से छुट्टी दे दी। बारामती सिटी पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी पत्नी शर्मिला जगताप को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की अलग-अलग धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है। लेकिन पीड़ित प्रवीण अपने दोनों बच्चों को तलाश रहे हैं जो घटना वाले दिन से गायब हैं।