सलीम खान का। दो शादियां, पांच बच्चों का बड़ा परिवार। एक्टिंग में अधूरा सपना और फिर लेखन में एक ऐतिहासिक सफलता। एक ऐसी कामयाबी कि फिल्में नाम से बिका करती थी। सलीम जावेद। सलीम जावेद की जोड़ी के सलीम खान। सलमान खान के पिता। यह कहानी हिंदी सिनेमा के एक ऐसे दिग्गज की है जिनकी निजी जिंदगी भी किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं रही। कभी हीरो बनने का ख्वाब लेकर माया नगरी पहुंचे लेकिन किस्मत ने उन्हें पर्दे के पीछे चमकने का मौका दिया। करियर के उतार-चढ़ाव के बीच उनकी जिंदगी में दूसरी मोहब्बत आई।
जिसने परिवार में भूचाल ला दिया। हालांकि वक्त के साथ पहली पत्नी ने हालात को स्वीकार कर रिश्तों को नई परिभाषा दी। सौतन का रिश्ता धीरे-धीरे समझ और अपनापन में बदल गया और पूरा परिवार एकजुट खड़ा हो गया। यह कहानी सिर्फ शोहरत की नहीं बल्कि रिश्तों की परिपक्वता और संतुलन की भी है। यह कहानी है मशहूर दिग्गज स्क्रिप्ट राइटर सलीम खान की। दिग्गज पटकथा लेखक सलीम खान इन दिनों सपोर्ट पर हैं और मुंबई के लीलावती हॉस्पिटल में उनका इलाज चल रहा है। 90 साल के लेखक के स्वास्थ्य को लेकर पूरा फिल्मी जगत और उनके करोड़ों चाहने वाले चिंतित हैं।
लेकिन इस मुश्किल घड़ी में भी सलीम खान का परिवार एकजुट होकर उनके साथ खड़ा है। उनकी दोनों पत्नियां सलमा खान और हेलन एक साथ अस्पताल पहुंची और बेटों सलमान खान, अरबाज खान, सोहेल खान उन सबके साथ डटी हुई हैं। जो तस्वीरें सामने आई आज इतनी सामान्य लगती हैं लेकिन उसके पीछे एक लंबा संघर्ष, कई उतार-चढ़ाव और एक ऐसी ईमानदारी की कहानी है जो शायद ही कहीं देखने को मिले।
सलीम खान का सिनेमा सफर अभिनय से शुरू होता है। 1960 में फिल्मात में उन्होंने अभिनय की दुनिया में कदम रखा। प्रिंस सलीम इसी नाम से उन्होंने करीब 25 फिल्मों में काम किया। लेकिन कामयाबी नहीं मिली। साल 1966 में तीसरी मंजिल जैसी फिल्मों में उन्हें अच्छे रोल मिले। लेकिन स्टारडम उनसे दूर रहा। बाद में उन्होंने लेखन की ओर रुख किया और जावेद अख्तर के साथ मिलकर सलीम जावेद की जोड़ी बनाई। शोले, दीवार, जंजीर, डॉन जैसी फिल्में और इन फिल्मों ने उन्हें हिंदी सिनेमा का सबसे सफल पटकथा लेखक बना दिया।
लेकिन उनकी निजी जिंदगी की कहानी भी उनकी फिल्मों की स्क्रिप्ट से कम दिलचस्प नहीं रही। सलीम खान ने 1964 में सलमा खान से शादी की। जिनका असली नाम सुशीला चरक था। सलमा मिश्रित डोगरा राजपूत महाराष्ट्रियन परिवार से थी और शादी के बाद उन्होंने सलीम खान के धर्म को अपनाते हुए अपना नाम सलमा रख लिया। उनके पिता ने शुरू में धर्म के मुद्दे पर इस शादी का विरोध भी किया था। जाहिर है हिंदू फैमिली से थी तो विरोध होना भी था। लेकिन सलीम खान ने उन्हें आश्वस्त किया कि यह समस्या कभी नहीं आएगी। सलमा ने संघर्ष के दिनों में सलीम का साथ दिया और जब सलीम खान संघर्ष कर रहे थे तब उन्होंने ना सिर्फ उनका हौसला बढ़ाया बल्कि परिवार को भी संभाला।
उनके चार बच्चे हुए सलमान खान, अरबाज खान, सोहेल खान और अलवीरा। सलीम खान की मुलाकात हेलेन से पहली बार काबुली खान के सेट पर हुई थी। एक फिल्म आई थी काबुली खान। जहां हेलन लीड रोल में थी और सलीम विलेन बने थे। लेकिन जब उनकी ज्यादा बातचीत नहीं हुई। 1978 में फिल्म डॉन के दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ी जिसे सलीम जावेद ने लिखा था। सलीम खान ने इस रिश्ते को इमोशनल एक्सीडेंट करार दिया। उन्होंने कहा था कि वो युवा थी। मैं भी युवा था। यह मेरा इरादा नहीं था। यह एक इमोशनल एक्सीडेंट था। किसी के भी साथ हो सकता है।
सलीम खान ने अपने इस रिश्ते को छिपाया नहीं। उन्होंने सबसे पहले खुद सलमा को इस बारे में बताया ताकि वह किसी गसिप मैगजीन या किसी और से यह खबर ना सुने। एक पुराने इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि मैं सलमा को बताने वाला पहला व्यक्ति था कि हेलन मेरी जिंदगी में है। इससे पहले कि वह गॉसिप मैगजीीन या किसी और से इस बारे में सुनती। मैंने खुद ही बता दिया। जब मैंने उसे बताया तो जाहिर है कि उसने मेरी पीठ नहीं थपथपाई। मुझसे हाथ नहीं मिलाया और यह नहीं कहा कि तुम कितना शानदार काम कर रहे हो। बेशक हमारे बीच प्रॉब्लम्स हुई लेकिन बहुत थोड़े समय के लिए थी। उसके बाद सब कुछ एक्सेप्ट हो गया।
सलीम खान ने अपने बच्चों को भी इस बारे में खुलकर बताया। उस वक्त सलमान खान करीब 10 साल के थे। सलीम खान एक इंटरव्यू में बताते हैं कि मैंने अपने बच्चों से कहा मैं हेलन आंटी से प्यार करता हूं। मुझे नहीं लगता कि तुम उनसे उतना प्यार कर सकते हो जितना अपनी मां से करते हो। लेकिन मैं चाहता हूं कि तुम उन्हें वही इज्जत दो जो अपनी मां को देते हो। सलमान खान ने 1990 में फिल्मफेयर को दिए अपने एक इंटरव्यू में बताया था कि जब पिता ने दूसरी शादी की तो मां को बहुत ठेस पहुंची थी। मुझे बुरा लगता था जब मां रात भर उनके आने का घर आने का इंतजार करती थी। पिता ने उन्हें समझाया कि वो अब भी मां से प्यार करते हैं और हमेशा हमारे साथ रहेंगे। हेललेन आंटी को हमें स्वीकार करने में काफी वक्त लगा।
लेकिन आज वह हमारे परिवार का हिस्सा हैं और वैसे ही जैसी मेरी मां। आज सलमा और हेलेन के रिश्ते की मिसाल दी जाती है। दोनों एक ही बिल्डिंग गैलेक्सी अपार्टमेंट में रहती हैं और परिवार के सभी कार्यक्रमों में साथ नजर आती हैं। नवंबर 20 25 में सलमा और सलीम की 61वीं शादी की सालगिरह पर हिलन भी मौजूद थी और उन्होंने पैप्राजी के लिए पोज़ भी दिए थे। अरबाज ने इस बारे में खुलासा करते हुए एक बार कहा था कि हम उन्हें अब भी आंटी ही बुलाते हैं क्योंकि उस वक्त वो हेलन आंटी थी। हालांकि हम उन्हें मां की तरह ट्रीट करते हैं लेकिन हेललेन आंटी ही बुलाते हैं। वो हमारी जिंदगी का हिस्सा हैं। हमसे ज्यादा मेरी मां इस बात का ख्याल रखती हैं कि वह हर चीज में शामिल रहें।
अरबाज ने अपनी मां सलमा की तारीफ करते हुए कहा कि मेरी मां ने कभी हमें पिता के खिलाफ कुछ भी सोचने के लिए या कहने के लिए प्रभावित नहीं किया। उन्होंने अपनी परेशानियां झेली लेकिन हमें कभी यह नहीं कहा कि तुम्हारे पिता ऐसे हैं, वह यह कर रहे हैं या फिर और भी कुछ। सलीम खान ने एक इंटरव्यू में कहा था कि मैं भाग्यशाली हूं कि मेरी दो पत्नियां हैं और वह सद्भाव में रहती हैं। भले ही यह कुछ साल बाद हुआ हो। मेरी पत्नियां खूबसूरत हैं और अब ग्रेसफुली एजिंग कर रही हैं।
सलीम और हेलन ने अर्पिता खान शर्मा को गोद लिया जो मुंबई की सड़कों पर मिली एक बच्ची थी और उन्होंने उसे अपने बच्चों की तरह पाला। अर्पिता की शादी आयुष शर्मा एक्टर से हुई। आज उनके दो बच्चे हैं और पूरा परिवार खुश है। सलीम खान इन दिनों बीमार हैं और पूरा परिवार एकजुट होकर उनकी सलामती की दुआ कर रहा है। ना सिर्फ परिवार बल्कि पूरा देश उनके करोड़ों चाहने वाले।