Cli

PM मोदी को इटली में मिला ऐतिहासिक सम्मान।

Uncategorized

दोस्तों, जब दो बढ़ती हुई ग्लोबल पावर्स के लीडर्स आमने-सामने आते हैं, तो डिप्लोमेटिक कॉरिडोर में सिर्फ बातें नहीं होती। वहां का हर एक जेस्चर एक बड़ी कहानी बयान करता है। और हाल ही में एक तस्वीर आपने जरूर देखी होगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इटालियन प्राइम मिनिस्टर जियोजिया मेलिनी एक साथ खड़े हैं और उनके सामने इटली की एलट मिलिट्री फोर्स एक शानदार परेड पेश कर रही है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इस गार्ड ऑफ ऑनर का असली मतलब क्या होता है?

क्यों हर बार बड़ी बटरल विजिट की शुरुआत इसी रिजिड डिसिप्लिन और बेहद ही ग्रैंड सेरेमनी से होती है। क्या यह सिर्फ एक पुरानी रस्म है या फिर इसके पीछे छुपी है गहराई से भरी इंटरनेशनल डिप्लोमेसी। आज इस वीडियो में हम इसी सवाल का जवाब ढूंढेंगे और समझेंगे कि इंडिया और इटली के बढ़ते रिश्तों की इस नई कहानी का क्या राज है। सबसे पहले तो आप यह देखिए कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मिलिट्री गार्ड ऑफ ऑनर दिया जाता है इटली के अंदर। रो रहे अब कहानी को थोड़ा ध्यान से समझिए।

जब पीएम मोदी रोम पहुंचे तो उन्हें एक सेरेमोनियल मिलिट्री गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। यह कोई आम मिलिट्री परेड नहीं थी। इस बार पीएम मोदी को वेलकम करने के लिए खड़ा था इटली का मशहूर लैंसियारिया द मनतेबेलो रेजीमेंट।

यह एक ऐसी रेजिमेंट है जिसका अपना एक शानदार इतिहास रहा है और जब ऐसी इलीट फोर्स किसी फॉरेन लीडर का सम्मान करती है तो वो उस देश के लिए सबसे बड़ी डिप्लोमेटिक रिस्पेक्ट मानी जाती है। इस पूरी सेरेमनी का एक सेट प्रोटोकॉल होता है। दोनों देशों के नेशनल एंथम्स बजाए जाते हैं जो दो सोवरन नेशंस के बीच की बराबरी और म्यूचुअल रिस्पेक्ट को दिखाती है। इसके बाद विजिटिंग लीडर पूरी परेड को इंस्पेक्ट करता है। जर्नलिस्टिक पर्सपेक्टिव से देखें तो यह सिर्फ एक फॉर्मल इंस्पेक्शन नहीं है बल्कि एक ऐसा जेस्चर है जो दिखाती है कि दो देश एक दूसरे पर कितना भरोसा करते हैं। एक फॉरेन हेड ऑफ स्टेट को अपने आम ट्रूप्स के इतने पास आने देना डिप्लोमेसी में सबसे बड़ा और ऊंचा हॉस्पिटिटी और सिक्योरिटी स्टैंडर्ड माना जाता है।

लेकिन इस पूरे सीन के पीछे की बड़ी हेडलाइन क्या है? हेडलाइन है कि इंडिया और इटली के बीच की स्ट्रेटेजिक टाइ पिछले कुछ सालों में चाहे वो ट्रेड हो, टेक्नोलॉजी हो या फिर डिफेंस कोऑपरेशन इंडिया और इटली के रिश्ते बहुत तेजी से बढ़ रहे हैं। रोम में हुई इस मीटिंग का मकसद सिर्फ पुरानी दोस्ती को याद करना नहीं था बल्कि डायनामिक ग्लोबल चेंजेस के बीच दोनों देशों के रिश्तों को एक नई ऊंचाई पर ले जाना था। पीएम जॉर्जिया मिलेनी का पीएम मोदी को इस तरह वार्मली होस्ट करना यह साफ दिखाता है कि यूरोप के लिए इंडिया अब कितना क्रूशियल पार्टनर बन चुका है।

तो अगली बार जब आप सोशल मीडिया या टीवी पर किसी लीडर को गार्ड ऑफ ऑनर लेते हुए देखें तो समझ जाइएगा कि यह सिर्फ एक फोटो ऑफ नहीं है। यह आने वाले वक्त में बदलने वाली जिओपॉलिटिक्स है।

जो देश किसी दूसरे देश के प्रधानमंत्री को मिलिट्री गार्ड ऑफ ऑनर दे दे वो देश सच्चा दोस्त माना जाता है। ऐसा ही दुनिया का नियम है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *