[संगीत] सेपा नेवी सेपा नेवी दिस इज मोटरंगा सन मार हेडल्ट यू गव मी क्लीयरेंस टू गो माय नेम सेकंड ऑन योर लिस्ट यू गव मी क्लीयरेंस टू गो यू आर फायरिंग नाउ लेट मी टर्न बैक सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसमें दावा किया जा रहा है कि यह भारतीय जहाज का ईरानी हमले के बाद जलने का वीडियो है लेकिन इसकी अभी पुष्टि नहीं हो पाई है। वहीं दूसरी ओर हॉर्मोस जलडमरू मध्य से गुजर रहे दो भारतीय व्यापारी जहाजों पर ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड द्वारा गोलीबारी की घटना ने कूटनीतिक तनाव बढ़ा दिया है। शनिवार दोपहर जब यह जहाज हॉर्मोस के पास थे तब बिना किसी रेडियो चेतावनी के ईरान की गनबोट्स ने उन पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद जहाजों को अपना रास्ता बदलकर यू टर्न लेना पड़ा।
गनीमत रही कि जहाज और उन पर सवार भारतीय क्रू पूरी तरह सुरक्षित हैं। इस पूरी घटना के बीच अब एक आधिकारिक वीडियो भी सामने आया है जिसमें ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड नेवी और भारतीय क्रू के बीच संवाद को देखा जा सकता है। वीडियो में ईरानी नेवी ने कंटेनर जहाज भाग्य लक्ष्मी को सूचित किया कि उसके पास होरमोस जलड़ मरू मध्य को पार करने की आवश्यक अनुमति नहीं है। यह जहाज संयुक्त अरब अमीरात से रवाना हुआ था और इसमें भारतीय क्रू सवार था। ईरानी पक्ष की चेतावनी मिलते ही जहाज के क्रू ने बेहद विनम्रता से उनकी बात मानी और टकराव टालने के लिए जहाज को तुरंत मोड़ लिया। बताया जा रहा है कि इन दो जहाजों में से एक पर लगभग 20 लाख बैरल इराकी तेल लदा हुआ था। जो ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए भारत के विदेश मंत्रालय ने कड़ा रुख अपनाया है। शनिवार [संगीत] को ही नई दिल्ली में तैनात ईरान के राजदूत डॉ. मोहम्मद फथाली को विदेश मंत्रालय द्वारा तलब किया गया। विदेश सचिव ने ईरानी राजदूत के साथ हुई बैठक में हॉरर्मुज स्टेट में भारतीय झंडे वाले जहाजों पर हुई गोलीबारी पर भारत की गहरी चिंता और विरोध दर्ज कराया। भारत ने स्पष्ट किया कि वह मर्चेंट शिपिंग और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर नाविकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। विदेश सचिव ने राजदूत को यह भी याद दिलाया कि पूर्व में ईरान ने हमेशा भारत जाने वाले जहाजों को सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराया है। इसलिए इस तरह की हिंसक कार्यवाही समझ से परे है। भारत ने ईरान से आग्रह किया है कि वह अपने अधिकारियों तक नई दिल्ली के संदेश को पहुंचाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना हो।
विदेश मंत्रालय ने इस बात पर जोर दिया कि हॉर्मूस जैसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से भारत जाने वाले जहाजों को बिना किसी बाधा के रास्ता देने की प्रक्रिया जल्द से जल्द सुचारू रूप से शुरू की जानी चाहिए। वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार में सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा बना हुआ है और भारतीय जहाजों पर इस तरह की गोलीबारी ने व्यापारिक जगत [संगीत] में भी चिंता पैदा कर दी है। हालांकि दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक और व्यापारिक संबंध [संगीत] बेहद पुराने हैं।
लेकिन नाविकों की सुरक्षा के सवाल पर भारत ने अपना रुख पूरी तरह स्पष्ट कर दिया है। अब दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि ईरान इस विरोध के बाद क्या प्रतिक्रिया देता है और क्या वह भारतीय जहाजों के लिए सुरक्षित गलियारे की गारंटी सुनिश्चित करता है। जहाजों के सुरक्षित लौटने से भले ही जान माल का नुकसान टल गया हो लेकिन इस घटना ने सामरिक दृष्टि से कई नए सवाल खडे कर दिए। टॉट के हैं जिनका समाधान कूटनीतिक स्तर पर होना अनिवार्य है। [संगीत] सब्सक्राइब टू वन [संगीत] इंडिया एंड नेवर मिस एन अपडेट। डाउनलोड द वन इंडिया ऐप नाउ। [संगीत]