दिल तो है दिल दिल का इंतह होश हुआ जाए रे मेरा मन मेरा बन गया जो [संगीत] किसी पे प्यार दोस्तों क्या आप जानते हैं कि 70 और 80 के दशक की वो सबसे हसीन और दमदार अभिनेत्री जिसकी आंखों में समंदर जैसी गहराई थी आज कहां और किस हाल में है [संगीत] वो वो राखी गुलजार जिनके एक इशारे पर बड़े-बड़े डायरेक्टर्स लाइन लगाकर खड़े रहते थे। आखिर आज मुंबई की चकाचौंध को छोड़कर कहां गायब हो गई है? आज जब लोग उन्हें देखते हैं तो अपनी आंखों पर यकीन नहीं कर पाते। वो अभिनेत्री जिसने कभी अपनी खूबसूरती से स्क्रीन पर आग लगा दी थी। आखिर आज क्यों गुमनामी की चादर ओढ़े बैठी है?
दिल सितारों का आंगन होगा। दोस्तों, यह जो आलीशान घर आप अपनी स्क्रीन पर देख रहे हैं, यह मुंबई के पौश इलाके में स्थित है। जहां राखी जी ने अपनी कामयाबी के सुनहरे दिन बिताए थे। लेकिन सवाल यह है कि आखिर क्यों दो-दो बार घर बसाने की कोशिश करने के बाद भी इनके नसीब में सिर्फ और सिर्फ तनहाई और अकेलापन ही आया? क्या आप अंदाजा भी लगा सकते हैं कि जिस अभिनेत्री ने लगभग 80 से ज्यादा फिल्मों में अपनी अदाकारी का लोहा मनवाया जो कभी मासूम प्रेमिका बनी, कभी लाडली बहन तो कभी करण अर्जुन जैसी फिल्मों में ममता की मिसाल बनी।
आज वो पूरी दुनिया से कटकर पनवेल के एक सुनसान फार्म हाउस में अकेले जीवन बिताने पर मजबूर क्यों हैं? आज की यह कहानी है उस सुपरस्टार की जिसने कामयाबी के शिखर पर पहुंचकर खुद को दुनिया की नजरों से कैद कर लिया। लोग कहते हैं कि राखी जी आज इंसानों से ज्यादा जानवरों और पेड़-पौधों के साथ रहना पसंद करती है। पर आखिर ऐसा क्या हुआ था? क्या वो पहली शादी का वो जख्म था जो आज तक नहीं भरा?
या फिर मशहूर शायर गुलजार साहब के साथ हुआ वह बड़ा विवाद जिसने राखी की हंसती खेलती जिंदगी में सन्नाटा भर दिया। लोग यह भी पूछते हैं कि क्या वो कोई शर्त थी जिसने राखी का बसा बसाया घर उजाड़ दिया? आज की यह वीडियो सिर्फ एक अभिनेत्री की कहानी नहीं है। बल्कि यह कहानी है प्यार में मिले धोखे की। बेपनाह सफलता की और उस सफलता के पीछे छिपे भयानक अकेलेपन की।
आज हम आपको दिखाएंगे राखी जी का वह रहस्यमई फार्म हाउस और बताएंगे कि आखिर क्यों उन्होंने ग्लैमर की इस दुनिया को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया। बल्कि जब हम इज्जत नाम के शब्द पर गौर करते हैं तो बातें, इज्जत, सम्मान, ऑनर ये सब सुनने के ही बड़े-बड़े शब्द हैं। इनका मतलब कुछ नहीं। दोस्तों अगर आप बॉलीवुड के सुनहरे दौर की इस सबसे इमोशनल दास्तान को करीब से जानना चाहते हैं तो इस वीडियो के आखिर तक जरूर बने रहिए क्योंकि आज की वीडियो आपके दिल के तारों को छेड़ देगी और हां ऐसी ही अनसुनी कहानियों के लिए अपने चैनल बॉलीवुड बायो को सब्सक्राइब करना और वीडियो को लाइक करना बिल्कुल भी ना भूलें।
मेरी आंखों [संगीत] के जो तारे प्यारेप्यारे मेरी रातों के दोस्तों राखी जी का जन्म पश्चिम बंगाल के नादिया जिले के राणा घाट में हुआ था। बचपन कोलकाता की गलियों में बीता जहां उन्होंने एक साधारण लड़की की तरह बड़े सपने देखना शुरू किया। 20 साल की छोटी सी उम्र में यानी कि साल 1967 में उन्होंने बंगाली फिल्म वधूबर से एक्टिंग की दुनिया में कदम रखा। लेकिन किस्मत ने उनके लिए हिंदी सिनेमा के दरवाजे खोल रखे थे। शुरुआती दौर में राखी को वह पहचान नहीं मिली जिसकी वह हकदार थी।
लेकिन साल 1970 में आई फिल्म जीवन मृत्यु ने सब कुछ बदल कर रख दिया। धर्मेंद्र साहब के साथ उनकी जोड़ी और सादगी ने लोगों का दिल जीत लिया और वह रातोंरात सुपरस्टार बन गई। इसके बाद तो शर्मीली, लाल पत्थर और हीरापन्ना जैसी फिल्मों ने उन्हें सफलता के उस मुकाम पर पहुंचा दिया जहां पहुंचना हर किसी का सपना होता है। दोस्तों, अमिताभ बच्चन और राखी जी की जोड़ी ने पर्दे पर आग लगा दी थी।
कभी-कभी फिल्म में उनकी अदाकारी आज भी मिसाल दी जाती है। इसके बाद मुकद्दर का सिकंदर, काला पत्थर और लावारिस जैसी सुपरहिट फिल्मों ने यह साबित कर दिया कि राखी सिर्फ एक अभिनेत्री नहीं बल्कि एक पावर हाउस है। उन्होंने राजेश खन्ना से लेकर शाहरुख और सलमान खान तक हर दौर के सुपरस्टार के साथ काम किया। चाहे वह करण, अर्जुन की मां हो या बाजीगर की ममता। राखी जी ने हर किरदार को अमर कर दिया। अब बात करते हैं उस हिस्से की जिसने राखी जी की जिंदगी में तूफान ला दिया था।
इनकी पहली शादी बंगाली निर्देशक अजय विश्वास से हुई थी। लेकिन यह रिश्ता एक बुरे सपने की तरह बहुत जल्दी टूट गया। इसके बाद साल 1973 में उनकी जिंदगी में आए मशहूर शायर और गीतकार गुलजार साहब। गुलजार और राखी की शादी उस वक्त की सबसे बड़ी खबर थी। लेकिन दोस्तों कहा जाता है कि इस रिश्ते में एक शर्त आड़े आ गई थी। गुलजार साहब चाहते थे कि शादी के बाद राखी फिल्मों में काम करना छोड़ दें। लेकिन फिल्मों की दीवानी और स्वतंत्र विचारों वाली राखी को यह मंजूर नहीं था।
फिल्म आंधी के दौरान हुए एक विवाद ने आग में घी का काम किया और दोनों ने अलग होने का फैसला कर लिया। के जब जब कभी दो दिलाते हैं। हैरानी की बात तो यह है दोस्तों कि शादी के इतने दशकों बाद भी यह दोनों आज तक अलग-अलग ही रहते हैं। ना कभी तलाक हुआ, ना कभी कानूनी रिश्ता टूटा। पर आज तक दोनों ने सुलह भी नहीं की। एक ही शहर में रहने के बावजूद भी इन दोनों के बीच मीलों की दूरियां हैं। सोचिए दोस्तों, एक ही छत के नीचे रहने का वादा करने वाले यह दो सितारे ताऊ उम्र एक दूसरे की परछाई से दूर रहे।
लोग कहते हैं कि इनकी जुदाई के पीछे वो जिद्द और वह शर्तें थी जिन्हें दोनों में से किसी ने नहीं झुकाया। प्यार आज भी कहीं ना कहीं बाकी है। तभी तो दोनों ने कभी किसी और को अपनी जिंदगी में जगह नहीं दी। लेकिन इस खामोश रिश्ते के बीच एक ऐसी कड़ी है जिसने इन दोनों को आज भी एक धागे में पिरो रखा है और वह है उनकी बेटी मेघना गुलजार। मेघना आज किसी पहचान की मोहताज नहीं है। वह खुद बॉलीवुड की एक नाम और दिग्गज डायरेक्टर बन चुकी है। उन्होंने राजी और सैम बहादुर जैसी फिल्में देकर यह साबित कर दिया कि उनके खून में अपने पिता की गहराई और अपनी मां की कलाकारी दोनों का संगम है। मेघना ही वह इकलौता जरिया है।
जिसकी वजह से यह दोनों अलग होकर भी कभी एक दूसरे से पूरी तरह जुदा नहीं हो पाए और आज भी एक परिवार की तरह खास मौकों पर साथ नजर आते हैं। तेरी आंखों से संसार में देखूंगी। मुंबई के आलीशान इलाके खार में राखी जी का एक बेहद खूबसूरत और कीमती घर है। इसी घर में उन्होंने अपनी कामयाबी के सबसे सुनहरे दिन बिताए थे। लेकिन क्या फायदा उस आलीशान घर का जहां की दीवारों में सिर्फ खामोशी बसी हो। राखी जी को अक्सर लगता था कि मुंबई की भीड़ में लोग उन्हें आंटी जी कहकर औपचारिकता तो निभाते हैं
लेकिन वह अपनापन और गर्मजशी नहीं देते जो उन्हें कोलकाता में मिलती थी। इस पार उस पार [संगीत] मैं देखूंगी। दोस्तों कहानी में आगे बढ़ने से पहले चलिए एक छोटा सा मुकाबला करते हैं। राखी जी ने पर्दे पर कई बड़े दिग्गजों के साथ काम किया है। पर कुछ जोड़ियां ऐसी थी जिन्होंने सिनेमाघरों में आग लगा दी थी। अब आप हमें नीचे कमेंट बॉक्स में लिखकर जरूर बताएं कि राखी जी की केमिस्ट्री किस एक्टर के साथ सबसे ज्यादा खूबसूरत लगती थी।
अमिताभ बच्चन जी के साथ जिनके साथ उन्होंने कई सुपरहिट फिल्में दी ऋषि कपूर जी के साथ वह रोमांटिक और चुलबुला अंदाज या फिर धर्मेंद्र साहब के साथ जिनके साथ उनकी पहली हिट फिल्म जीवन मृत्यु आई थी। दोस्तों जवाब जरूर दीजिएगा। आपके कमेंट्स से ही हमें पता चलेगा कि आज भी ऐसे कितने लोग हैं जिन्होंने राखी जी की सादगी और उनकी यादों को अपने दिल में बसा कर रखा है। अगर बात करें आज की तो राखी जी की उम्र लगभग 78 साल हो चुकी है। भले ही वह ग्लैमर की दुनिया से दूर पनवेल के फार्म हाउस में रहती है लेकिन आज भी वह एक आलीशान जिंदगी जीती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक राखी जी लगभग 80 से ₹100 करोड़ की संपत्ति की मालकिन है।
जिसमें उनका मुंबई का कीमती घर और पनवेल का विशाल फार्म हाउस शामिल है। अपने बेमिसाल करियर में राखी जी ने कई बड़े सम्मान अपने नाम किए हैं। उन्हें तीन बार फिल्म फेयर अवार्ड और एक बार नेशनल फिल्म अवार्ड से नवाजा गया। इतना ही नहीं कला के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें साल 2003 में पद्म श्री जैसे प्रतिष्ठित सम्मान से भी सम्मानित किया था।
अगर आप सोच रहे हैं कि उन्हें आखिरी बार बड़े पर्दे पर कब देखा गया था तो हम आपको बता दें कि साल 2003 में आई फिल्म शुभ मुहूर्त में उन्होंने अपनी अदाकारी का जादू दिखाया था। जबकि बॉलीवुड की मुख्य फिल्मों में वो साल 1999 की ब्लॉकबस्टर बादशाह और 2003 की दिल का रिश्ता में नजर आई थी। तो दोस्तों, यह थी बॉलीवुड की सबसे शांत और रहस्यमई अभिनेत्री राखी गुलजार की कहानी।
आपको यह वीडियो कैसी लगी हमें जरूर बताइएगा। जाने से पहले वीडियो को लाइक करना और अपने इस चैनल बॉलीवुड बायो को सब्सक्राइब करना बिल्कुल भी ना भूलें। अगर यह कहानी आपको दिल के करीब लगी हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर भी जरूर करें। मिलते हैं हम अपनी अगली वीडियो में एक और नई शख्सियत की अनसुनी दास्तान के साथ। तब तक आई अपना और अपनों का ख्याल रखें।