हमला मामले में आरोपी हृतिक, बिहार के बेगूसराय का रहने वाला है। जब हमारी टीम हृतिक के घर पहुंची, तो उसकी मां ने कहा कि उसका बेटा परिवार के संपर्क में नहीं है।
मेरा बेटा मुंबई में रहता है। नाम मिलता है, लेकिन वो मेरा बेटा नहीं है। ठीक है? हम भी उसे ढूंढ रहे हैं। हम आपसे भी, मीडिया से भी निवेदन करते हैं। कृपया आप भी उसे ढूंढिए। बस यही आप लोगों से हाथ जोड़कर निवेदन है।उसका क्या नाम है? उसके पिता का नाम राम रामू महतो है। रामनाथ मां है, हृतिक बेटा है, बस आप भी उसे ढूंढिए।
हम भी उसे ढूंढ रहे हैं। मैं अपने बेटे से बात नहीं कर पा रही हूं।बस कल से, मैं उससे बात नहीं कर पा रही हूं। मोबाइल स्विच ऑफ बता रहा है।मुंबई में वो क्या करता था?वो खाना बनाने के काम में था।क्या आपको लगता है कि वो इस घटना में शामिल हो सकता है?नहीं। ऐसा नहीं हो सकता। किसकी किस्मत उसे कहां ले जाती है, हम नहीं कह सकते। लेकिन मेरा बेटा ऐसा काम नहीं कर सकता। ठीक है। भगवान की मर्जी है। ठीक है?