दोस्तों बॉलीवुड से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। जिस कलाकार ने अपनी दमदार अदाकारी से कभी दर्शकों को हंसाया, कभी गंभीर किरदारों से चौंकाया और सैकड़ों फिल्मों में अपनी अलग पहचान बनाई। वो कलाकार अब हमारे बीच नहीं है। वेलकम आशिकी हम है राही प्यार के गदर और मुझसे शादी करोगी जैसी फिल्मों में नजर आ चुके एक्टर मुश्ताक खान का निधन हो गया है। रिपोर्ट के मुताबिक मुश्ताक खान पिछले करीब 15 दिनों से मुंबई के नानावटी हॉस्पिटल में एडमिट थे।
उनकी हालत लगातार गंभीर बताई जा रही थी। कैंसर की बीमारी से वह लंबे वक्त से जूझ रहे थे। बताया जा रहा है कि करीब 5 साल पहले उन्हें कैंसर का पता चला था। इलाज के बाद उन्होंने बीमारी को मात भी दी लेकिन कुछ समय बाद कैंसर ने दोबारा दस्तक दी और इसके बाद उनकी तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। कहा जा रहा है कि बीमारी के आखिरी दौर में उनकी हालत काफी गंभीर हो गई थी।
आखिरकार कैंसर से लड़ते हुए उन्होंने दम तोड़ दिया। लेकिन मुश्ताक खान का सफर सिर्फ उनकी आखिरी बीमारी की कहानी नहीं है। इसके पीछे संघर्ष की एक ऐसी कहानी है जिसे जानकर शायद आप भी भावुक हो जाएंगे। मुश्ताक खान का जन्म 31 दिसंबर 1959 को मध्य प्रदेश के बालाघाट में हुआ था। बचपन से ही उन्हें एक्टिंग का शौक था। रामलीला में जब भी काम करने का मौका मिलता था, वह पूरी मेहनत और जुनून के साथ किरदार निभाते थे। कॉलेज पहुंचे तो नाटकों में एक्टिंग करने का मौका मिला। यहां उनकी प्रतिभा को पहचान मिली और उन्हें अवार्ड एंड कल्चर प्रोग्राम का सेक्रेटरी तक बना दिया गया। लेकिन असली संघर्ष तब शुरू हुआ जब उन्होंने बॉलीवुड का रुख किया।
मुंबई पहुंचे तो रहने के लिए कोई ठिकाना तक नहीं था। रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने कई रातें रेलवे स्टेशन और फुटपाथ पर गुजारी। दिन भर काम की तलाश में लोगों से मिलते और रात होने पर किसी तरह सोने की जगह तलाशते। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी। धीरे-धीरे उन्हें थिएटर से जुड़ने का मौका मिला और यहीं से उनकी फिल्मी सफर की राह शुरू हुई। एक नाटक के दौरान फिल्म निर्माता इस्माइल श्रॉफ की नजर उन पर पड़ी और उन्हें मुस्ताक की एक्टिंग पसंद आई और उन्हें फिल्म थोड़ी सी बेवफाई में काम करने का मौका मिला। इसके बाद उनकी जिंदगी में एक और अहम मोड़ आया। बताया जाता है कि मुश्ताक खान की मुलाकात सलीम खान से हुई और सलीम खान ने उन्हें महेश भट्ट से मिलाने का मौका दिया। इसके बाद महेश भट्ट ने मुस्ताक की एक्टिंग देखी और उनके काम से वो प्रभावित हुए। फिर क्या था?
सड़क से लेकर दिल है कि मानता नहीं। साथ ही आशिकी, जुनून और गुमराह तक मुश्ताक खान लगातार फिल्मों में नजर आने लगे। उन्होंने गोपी किशन और राजा वेलकम गदर क्रांतिवीर और हम है राही प्यार के नाराज और सर जैसी फिल्मों में भी काम किया। उनका स्क्रीन टाइम भले ही कई बार छोटा रहा लेकिन उनकी मौजूदगी ऐसी होती थी कि दर्शक उन्हें पहचान लेते थे। फिल्मों के अलावा उन्होंने टीवी की दुनिया में भी काम किया। अदालत, भारत एक खोज और वागले की दुनिया जैसे शो का वह हिस्सा रहे। यानी एक ऐसा कलाकार जिसने रेलवे स्टेशन और फुटपाथ से अपने सफर की शुरुआत की और फिर बॉलीवुड की सड़कों पर फिल्मों तक पहुंच गया। आज मुस्ताक खान हमारे बीच नहीं है। कैंसर के खिलाफ उनकी लंबी जंग खत्म हो गई है। एक शानदार एक्टर का निधन बॉलीवुड के लिए एक बहुत बड़ी क्षति है। मुश्ताक खान के निभाए किरदार और उनका लंबा फिल्मी सफर हमेशा दर्शकों की यादों में जिंदा रहेगा। हाय