घर से बाहर निकलना बंद कर दो। फ्यूल यूज़ करना ही बंद कर दो क्योंकि फ्यूल कम है। ये तो एक बहुत ही बहुत ही बेसिकली स्टेटमेंट एज माय ओपिनियन आगे जाके ऐसा हो सकता है कि लॉकडाउन कर दें। हम तो भगवान मानेंगे मोदी को। तो जिन्होंने भगवान मान लिया है तो वो भगवान की बात मानेंगे ही। कोई नहीं है। ब्लैक में सिलेंडर मिल रहा है ₹300 का। कहूंगा पापा से बंद करो। मेट्रो से सफर करो।
उन्होंने बहुत ही बेसलेस सा सॉलशन दे दिया कि भाई निकलना बंद कर दो। वर्क फ्रॉम होम कर दो। देश में इन दिनों लोगों के बीच कई सारे सवाल हैं कि क्या देश में कोई बड़ा संकट आने वाला है? क्या एक बार फिर कोरोना काल में जैसे हालात पैदा हुए थे वो होंगे? क्या एक बार फिर लॉकडाउन जैसे हालात हम सभी को देखने को मिल सकते हैं? क्या लॉकडाउन लग सकता है? ऐसी खबरों के बीच हम यहां लोगों से बात करने आए हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने भी दो बार लोगों से अपील की है कि आप जो है सोना ना खरीदें। पेट्रोल डीजल का उपयोग कम करें। यह सारी अपील जो है की हैं। लेकिन इसे लोग किस तरह से देख रहे हैं
? ये हम जहां पर जिस इलाके में अभी जहां पर लोग खाना खाने के लिए अक्सर आते हैं। क्यों भाई साहब? हां जी बिल्कुल आते हैं। बड़ी संख्या में लोग आते हैं। बहुत संख्या में। क्या नाम है आपका? मेरा ज्ञानचंद शर्मा। अच्छा तो मोदी जी ने दो बार अपील कर दी है कि आप पेट्रोल डीजल कम यूज़ करिए।
सोना खरीदिए मत। तो आप इस चीज को लेकर कैसे सोच रहे हैं? क्या यह सही है या साथ देंगे आप? कायदा तो सही है। बिल्कुल सही बोला इस बात के लिए कि वीडियो आदमी कम करेगा तो अच्छा है। फायदा रहेगा उसके लिए। अच्छा। हम तो अब क्या लग रहा है आगे आने वाले दिनों में क्या गैस के दाम और ज्यादा बढ़ जाएंगे? अभी क्या रेट में मिल रहा है? उम्मीद कोई नहीं है। ब्लैक में सिलेंडर मिल रहा है तीन ₹00 का। 3 का? हां जी। मिल रहा है तीन में? हां मिल रहा है।
चला रहे हैं सब काम चला रहे हैं अपना। आप तो इस पे तंदूर भी बना रहे हैं। काम तो इस चला रहे हैं। तंदूर में अपना। चलिए आगे भी बात करते हैं। यहां पर क्या है कि कई सारे स्टूडेंट्स हैं जो कि खाना ववाना खा रहे हैं। मैं डिस्टर्ब कर रहा हूं। सॉरी। लेकिन जैसे प्रधानमंत्री मोदी ने दो बार कहा अब कि आप सोना मत खरीदिए या फिर आप मेट्रो का यूज कीजिए और तेल का उपयोग कम से कम करिए। इसे आप कैसे देख रहे हैं? क्या ये देश हित में है? आप स्टूडेंट हैं एक सर ऐसी बात है कि अगर किसी देश में कोई भी रिसोर्सेज कम होता है तो उस चीज का सॉलशन ये नहीं हो सकता कि उस चीज को यूज़ करना ही बंद कर दें हम। उसका सॉलशन ये हो सकता है कि हम अपने सोर्सेस बढ़ाएं। हम जिस कंट्री से ऑयल एक्सपोर्ट कर रहे हैं उससे और थोड़ा एक्सपोर्ट करें। हमारी इकॉनमी इतनी बड़ी है।
फिफ्थ लार्जेस्ट इकॉनमी अभी इस टाइम चल रही है। तो हम और देश से अपना ऑयल इंपोर्ट कर सकते हैं। ये कोई मतलब ये तो बेसलेस चीज है कि तुम बोल दो अब तुम बोल दो कि घर से बाहर निकलना बंद कर दो। फ्यूल यूज़ करना ही बंद कर दो क्योंकि फ्यूल कम है। ये तो एक बहुत ही गवार बहुत ही बेसलेस बहुत ही बेसलेस स्टेटमेंट। आप अभी किस क्या किस चीज की पढ़ाई कर रहे हैं आप अभी? अह मैं अभी मैंने अभी जस्ट इसी साल 12थ की है अपनी और मैं अभी ऐसे ही पार्ट टाइम जॉब कर रहा हूं यहां पे अपना सेल्फ खर्चा निकालने के लिए। खाना पहले से महंगा हो गया है? हां ऑब्वियस्ली खाना महंगा हुआ है यहां पे ₹40 ₹30 का मेरे फादर जो हैं वो जैसे मैं घर पे और मेरे फादर रहते हैं तो मेरे फादर बोलते हैं कि पहले जो ₹30 का खाना मिलता था वो एकदम से ₹50 का हो गया।
₹60 का हो गया है। मतलब 2 इन 2 हो गया है। तो जो मिडिल क्लास है उसके जेब से खर्चा जा ही रहा है। खर्चा जा ही रहा है। तो वो खर्चा जा कहां रहा है? कुछ ना कुछ रिसोर्सेज आने चाहिए ना। ऐसा तो नहीं कह सकते तुम खर्चा भी करो और फिर घर से भी निकलना बंद कर दो। फ्यूल भी यूज़ करना बंद कर दो। ये चीज तो बहुत बेसलेस है। बहुत बेसलेस सॉलशन है। लोग आरोप लगा रहे हैं कि ये चुनाव की वजह से हुआ। चुनाव खत्म हुए। रेट बढ़ गए। ऑब्वियसली यही हुआ है जो चुनाव के वक्त इतना कम कर दिया था। सारी चीजें हुई थी और चुनाव के जस्ट खत्म होने के बाद ये स्टेटमेंट जाहिर करना एकदम बहुत ही सिंपल लॉजिक बताता है कि चुनाव खत्म हुआ और हमारी जो सेंट्रल गवर्नमेंट है उन्होंने ये स्टेटमेंट जाहिर कर दिया कि अब यूज़ करना ही क्योंकि उनके पास और कुछ है नहीं।
वो बता तो सकते नहीं है अपने पीपल्स को कि क्राइसिस हो चुका है या फ्यूल की कमी है। ऐसे साफ-साफ बोल नहीं सकते हैं क्योंकि फिर जो एजुकेटेड लोग हैं एटलीस्ट एजुकेटेड लोग जो है वो विद्रोह करने लगेंगे। वो बोलने लगेंगे कि ऐसा क्यों हो रहा है? ऐसा क्यों हो रहा है? तो ये चीजें अवॉइड करने के लिए उन्होंने बहुत ही बेसलेस सा सॉल्यूशन दे दिया कि भाई निकलना बंद कर दो, वर्क फ्रॉम होम कर दो और आगे जाके एज माय ओपिनियन आगे जाके ऐसा हो सकता है कि लॉकडाउन कर दे क्योंकि उनके हाथ में है। हो सकता है ऐसा सेंट्रल गवर्नमेंट है। उनके हाथ में है। अगर क्योंकि लोग तो सुन नहीं रहे हैं। गाड़ी घोड़े वैसे ही चलेंगे क्योंकि स्टेटमेंट से कुछ नहीं होगा। एज कभी-कभी कुछ-कुछ चीजें जैसे अंधभक्त हो गए। हां। वो उन्होंने बोला मोदी ने बोल दिया कि ये चीजें मत करो। ये चीजें मत करो। अब जो मोदी को भगवान मान चुके हैं। मतलब कई सारे इंटरव्यूज हैं। कई सारे रिपोर्ट्स हैं कि ऐसे जो लेडीज हैं जो जेंट्स हैं वो एकदम से पागल हो रखे हैं। उन्होंने बोल दिया है कि नुकसान हो या कुछ भी हो हम तो भगवान मानेंगे मोदी को। तो जिन्होंने भगवान मान लिया है तो वो भगवान की बात मानेंगे ही। वो निकलना बंद करेंगे। जैसे गोल्ड की तुम्हारा वो गोल्ड खरीदने के लिए मना किया है। हां गोल्ड खरीदने के लिए मना किया है और स्टेक होल्ड बिल्कुल नीचे चला गया है गोल्ड का।
तो ये चीज़ ऐसी हो सकती है कि अब जो अंधभग मान चुके हैं वो तो नहीं निकलेंगे। वो तो बोल देंगे हां भगवान ने कुछ बोला है उसकी बात माननी पड़ेगी। अब लेकिन अब जो एजुकेटेड है वो जो क्रिटिकल थिंकिंग वाले हैं जो समझ सकते हैं चीजों को वो फिर निकलेंगे ही बाहर। थैंक यू। तो जैसा कि आप बता रहे हैं 12th में भाई हैं अभी और 12th की एग्जाम्स अभी हुए हैं उनके। पार्ट टाइम जॉब करते हैं। लेकिन उन्होंने जो फैक्ट बताए हैं, जो चीजें उन्होंने कही हैं कि भाई चुनाव के पहले ऐसा था, अब ऐसा है या ऐसी चीजें हो रही हैं। खाने को लेकर जो उन्होंने बताया कि पहले 30-40 में आता था। अब दाम बढ़ गए हैं। भाई साहब ने बताया हमें कि जो गैस के दाम है वो लगातार इफेक्ट हो रहे हैं। हम यहां पर हैं।
भाई भाई लोग तुम लोग यहीं रहते हो आसपास? हां जी। हां भाई। हां भाई। तो अभी मोदी जी ने कहा है कि भाई आप 15 दिन जो है एक साल तक जो है सोना मत खरीदिए। इनका उपयोग मत कीजिए। तो किस तरह से देख रहे हो? तो क्या हमें मोदी जी की बात माननी चाहिए? इस बारे में सोचना चाहिए? माननी चाहिए। बात तो माननी चाहिए। इस बारे में सोचना चाहिए। अच्छा अबे तू गरीब है तो खरीद ही नहीं पाएगा। ये झूठ बोल रहा है भाई। झूठ बोल रहा है ये। गरीब है। खरीद ही नहीं पाएगा। कहां से खरीदेगा? और मेट्रो में चलने वाला वाली बात? नहीं सुना नहीं। मेट्रो में ही चलना चाहिए। मेट्रो में ही चलना चाहिए। मोदी ने बोला। हां। वो मोदी जी चाहते हैं कि भाई पेट्रोल डीजल के दाम जो है बहुत ज्यादा बढ़ रहे हैं। तो ईंधन की बचत हमें करनी है। तेल की बचत करनी है। हां बचत करनी है और मेट्रो भी चलना है हमें।
मोदी ने आज आज ही बोला आज समाचार में। हां। बीते दिन भी एक एक बार और पहले भी कहा था। दो बार 24 घंटे के अंदर उन्होंने कह दिया है। है ना? तो एज अ यूथ नौजवान होने के नाते दूसरे लोगों को भी क्या मैसेज देना चाहोगे? मैं भी यही मैसेज देना चाहूंगा। सारे लोग मेट्रो में चले। हां पेट्रोल का जितना जितना बचत करें उतनी बचत करें पेट्रोल की। तुम हंस क्यों रहे हो गुरु इतना इतना क्यों हंस रहे हो? तुम ये बताओ पहले। हंसा आ रही हो ऐसे देख के हंसी आ रही है मेरे। क्यों ऐसे देख के क्यों हंसी आ रही है? अबे सुनता नहीं है क्या? चार कदम चलेगा तो अपनी बाइक से चलेगा। ये कह रहा है मेरा बाइक है नहीं। मेरे पापा चलाते हैं बाइक। वो भी तब काम पड़ता है तब चलाते हैं। अच्छा तो अब मोदी जी के कहने के बाद अब क्या तुम बाइक चलाना बंद करोगे? पापा से कहोगे? हां बंद कहूंगा पापा से बंद करो। मेट्रो से सफर करो। कैसे करोगे मैनेज?
मैनेज तो कर रहे हैं जैसे। कितने रेट बढ़ा दिए तुमने यह बताओ। अरे ₹1 बड़ा है सब तो। ₹1 ही बड़ा है। हां। खाना कैसे पक रहा है? अबे कपड़ा तो तंदूर से हो रहा है। वो सिलेंडर भी दिख रहा है मुझे। सिलेंडर से तो कभी कबार जाता है। कितने का मिल रहा है सिलेंडर? ये मेरे को पता नहीं है अभी। कितने का मिल रहा है सिलेंडर? 4000 4000 का? मिल रहा है। वो भाई बता रहे हैं 4000 का सिलेंडर मिल रहा है। और हम जिस जगह पर हैं ये जगह खाने के लिए बड़ी पॉपुलर है। हां, बहुत। क्या नाम है इस जगह का? इस जगह का नाम है अल्का। अल्का हॉल। सिलॉल। अल्का सिलॉन हॉल। नोट सेक्टर 15 तो यहीं आते हो खाना खाने? हां। तो कितना दाम बढ़ गया इन्होंने? कितना बढ़ा दिया? ₹1 बढ़ा दिया अभी। ₹1 बढ़ा। क्या लग रहा है अगर ऐसे ही हालात रहे तो आगे भी बढ़ेगा दाम? जरूर हां बढ़ेगा। जरूर बढ़ेगा। बढ़ सकता है। हां। ये बात है। तो हम आगे भी बात करने की कोशिश करते हैं। जैसा कि आप सुन ही रहे थे अभी लोगों को कि भाई कुछ लोगों का मानना है कि हमें देश के प्रधानमंत्री ने जो कहा है ईंधन और अमेरिका ईरान युद्ध की वजह से जैसे हालात पैदा हुए हैं पूरी दुनिया में। ऐसे में देश के प्रधानमंत्री के संबोधन में हमें उन्हें सपोर्ट करना चाहिए। यह चीज हमने सुनी पहले से हम जो कि सुनते आ रहे हैं। तो हम आगे बात करते हैं।
देखिए अब जैसा कि क्या कहते हैं लोग आगे जैसा लोग बताते हैं। क्या नाम भाई साहब आपका? आप नहीं बोलते हैं। क्या नाम? प्रिंस। प्रिंस। प्रिंस। तो प्रिंस। पीएम मोदी ने जब कहा है कि भाई गैस और चीजें जो है हमें बचानी चाहिए। ईंधन की बचत करनी चाहिए। कैसे देख रहे हो इसे आने वाले दिनों में? अगर ईधन की बचत कैसे करें? सर आपको अपना काम तो करना ही है। बाल बच्चे पालना ही है। यह तो नहीं कि घर में बैठ जाएंगे। यह हो चलो भाई पढ़े अपना काम हो अपना काम कर रहे हैं। मोदी जी तो कहे अपना काम करो और अब कह रहे हैं इधर बचाओ। इधर कैसे बचाएंगे? आया जैसे कि उन्होंने कहा कि भाई सोना मत खरीदिए आप। कोरोना काल में कोरोना काल में जैसे कि स्थितियां पैदा हुई हमें तैयार रहना चाहिए। कैसा देख रहे हैं इसे आप लोग?
सही कहे उन्होंने कहा जो मेरे मोदी जी का कहना बिल्कुल सही है जो चीज महंगा हो वो चीज खरीदो मत इससे क्या है जैसे आप वो चीज नहीं खरीदो अपने आप उस चीज का रेट कम हो जाएगा सोना लगातार बढ़ता जा रहा है जो कि सबकी टेंशन है ।